कमला भट्टी
सत्यापित कहानीकार (Verified)@kamal-bhatata
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
कमला भट्टी की रचनाएं
मासूम यौवना-5
जिसने कभी किसी पर-पुरुष को देखा नहीं, उसने 2010 जब 30 साल की थी तब जीजाजी जो 46 साल के थे उनको कैसे समर्पित हो गई। सब वक़्त की बात है।
मासूम यौवना-2
मैंने दसवीं की परीक्षा दी और गर्मियों की छुट्टियों में फिर ससुराल जाना पड़ा। इस बार मेरे पति स्वाभाव कुछ बदला हुआ था, वो इतने बेदर्दी से पेश नहीं आये, शायद उन्हें यह पता चल गया कि यह मेरी ही पत्नी रहेगी।
चिरयौवना साली-28
लेखिका : कमला भट्टीरात को जोरदार चुदाई के बाद जीजाजी और मैं बाथरूम में जाकर फ़्रेश हो आए और फ़िर जीजाजी बिस्तर पर आ कर मेरी पीठ से चिपक कर सो गए !चुदाई की थकान से मुझे एकदम नींद आ गई और मैं सपनों की दुनिया में पहुँच गई।मैंने सपने में देखा कि मैं सुन...
चिरयौवना साली-27
लेखिका : कमला भट्टीजीजाजी बाथरूम में लण्ड धोने चले गए थे। वापिस आकर मुझे उठाया बाथरूम में जाने के लिए और मैं भी बाथरूम में घुस गई अपनी मुनिया को धोने और पेशाब करने के लिए जो दर्द के कारण मुश्किल से उतर रहा था !फिर हम साथ में लेट कर बाते करने लगे !...
चिरयौवना साली-26
लेखिका : कमला भट्टीअब वे तूफानी गति से धक्के लगा रहे थे कि अचानक कालबेल बज उठी !मैं और जीजाजी दोनों चौंक पड़े। मैंने धीरे से जीजू से पूछा- कौन हो सकता है?जीजाजी ने मुझे हाथ से सहला कर आश्वस्त करते हुए अपने कमर पर लुंगी लपेटी और दरवाज़े के पास चले गए...
चिरयौवना साली-23
लेखिका : कमला भट्टीधीरे धीरे उन्होंने अपनी अंगुली का एक पोरवा मेरी गाण्ड में घुसा दिया था और चूत चाटते चाटते उसको धीरे धीरे अन्दर-बाहर कर रहे थे। हालाँकि उनकी अंगुली मेरी गाण्ड के छल्ले में नहीं घुसी थी पर वे उसको रवां करके घुसाने की तैयारी में ही...