पीटर
सत्यापित कहानीकार (Verified)@patara
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
पीटर की रचनाएं
अपना सपना सच हुआ
मुझमें हमेशा से एक दिली इच्छा थी कि गाँव की खूब लंबी चौड़ी और मजबूत बदन की औरत को गचगचा कर चोदा जाए लेकिन दिल की इच्छा कभी बाहर नहीं आ सकी क्योंकि मैं बचपन में दुबला पतला और कद में कम था।एक दो से इच्छा भी जाहिर की तो बोली कि तुम हमारी भूख नहीं मिटा...
बैलगाड़ी की हसीन यात्रा
आज बहुत दिनों के बाद इस कहानी के माध्यम से आपसे मिलते हुए बहुत अच्छा लग रहा है।यह कहानी मेरी एक दोस्त प्रेरणा की व्यक्तिगत ज़िंदगी से से भी बहुत कुछ मिलती जुलती हुई है, इसलिए ख्याल आया कि अपने सभी दोस्तों की ज़िंदगी में भी उनकी यादों के सहारे, दस्तक...
रिश्ता चूत के प्यार का
प्यार एक छोटा सा शब्द है जिसके जितने भी मायने निकाले जाएँ कम होंगे।हम जब से जन्म लेते हैं और मर नहीं जाते तब तक कहीं न कहीं रिश्तों की डोर से बंधे ही रहते हैं।पर मेरा अनुभव यह कहता है कि सबसे अटूट रिश्ता या तो शराबियों का होता है या फिर चुदाई का –...
गर्भवती पड़ोसन के फ़्लैट में
मुंबई में, सुना था कि सबसे बड़ी समस्या मकान की होती है इसलिए मैंने अपने कई आफिस के लोगों से कह रखा था कि कोई ढंग का सस्ता सुंदर 1 से 3 कमरों का सेट मेरे लिए खोजें।मैंने अभी हाल में ही गुजरात से ट्रान्सफर होने पर मुंबई ज्वाइन किया था। यहाँ गेस्ट हाउ...
घर की इज्जत और मामी की कुर्बानियाँ-2
मुझे ज्यादा पीने नहीं दिया गया क्योंकि मेरा पहला मौका था और पीने के बाद पता चला कि यह शराब है।
घर की इज्जत और मामी की कुर्बानियाँ-1
मेरी ज़िंदगी के खट्टे-मीठे अनुभवों के क़द्रदान, मेरे प्यारे मित्रों और सहेलियो,यानि पाठक-पाठिकाओं, आप को मेरे लंड का प्यार भरा सलाम!
एक अनोखा संयोग
मैं एक बार एक गोरखपुर से दिल्ली ट्रेन का रिजेरवेशन न मिलने के कारण स्लीपर बस से यात्रा कर रहा था। मुझे सीट भी आखिरी, अपर स्लीपर, मिली जो दो लोगों के सोने की थी लेकिन शायद कोई सवारी न होने के कारण ही देर होने के बाद भी रुकी हुई थी। मेरे बैठने के सा...