होम पर वापस जाएं
Behan Ki Chudai पठन समय: 12 मिनट पढ़ा गया: 291 बार

छोटी बहन सपना की चुदाई अपने जन्मदिन पर उसके दोस्त ने की-1(Chhoti behan Sapna ki chudai apne janamdin par uske dost ne ki-1)

rajukavya

22 Jun 2014 को प्रकाशित

छोटी बहन सपना की चुदाई अपने जन्मदिन पर उसके दोस्त ने की-1(Chhoti behan Sapna ki chudai apne janamdin par uske dost ne ki-1)
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

मेरा आप सभी प्रिय चूतधारी और लंडधारी पाठकों को नमस्कार। आशा है कि आप मेरी पिछली कहानी को पढ़ कर आनन्द ले चुके है। और ये मेरी सगी बहन की जिंदगी में घटी सच्ची घटना है। जब उसने मुझसे ये बात शेयर की, तो मुझे उस लड़के पर बहुत गुस्सा आया। गुस्सा तो आया पर वो हाथ ना आया।

मैंने सोचा कि ये कहानी मुझे सांझा करनी चाहिए। दरअसल बात तब की है, जब सपना बारहवीं पास करके इंजीनियरिंग करने को बोली। तो उसका दाखिला मेरठ के एक जाने-माने कालेज में हो गया। मैं और सपना दोनो खुले विचारों के हैं, क्योंकि दोनों ने पहली चुदाई जयपुर में की थी। तब से सपना मेरी और मेरे लंड की दीवानी थी। फिर हमने दूसरी बार चुदाई गांव मे खेत में की थी। जल्द ही वो कहानी भी आपके सामने प्रस्तुत करूंगा।

सपना दिखने में गोरी-चिट्टी, 5 फीट 7 इंच की भारी भरकम शरीर वाली लड़की है। उसके फिगर की बात करूं तो 32-30-32 का होगा। पपीते के आकार की एक-दम टाईट चूचियां, पतली कमर, कद्दू जैसी गांड और गठीला छरहरा बदन, और गदराई जवानी जिसे देख अच्छे अच्छे मुट्ठ मार देते थे।

गांव में तो बड़े बुजुर्ग भी सपना की चुदाई को लेकर बात करते थे, कि किस्मत वाला होगा वो जिससे ये साली चुदेगी। कोई-कोई अंकल बोलते थे कि अगर ये मुझे मिल जाए तो मैं आफिस की छुट्टी लेलूं, और इसे जी भर कर चोदूं और अपनी रानी बना कर रखूंगा। बहुत लोग बहुत कुछ कहते थे। पर मैं सीधे कहानी पर आता हूं।

कालेज में सपना का पहला दिन था। सपना ने ब्लैक कुर्ती और ब्लू जींस पहन रखा था। जिसमें सपना को देख कर उसके फिगर का अंदाजा कोई भी लगा सकता था। तो क्लास में पहुंचते ही सब आपस में बात कर रहे थे, और एक-दूसरे के बारे में पूंछ रहे थे।

लड़के सभी लड़कियों से बात कर रहे थे, पर किसी की इतनी हिम्मत नहीं थी कि कोई सपना से बोल सके। क्योंकि वो इतनी सुन्दर दिखती है कि कोई भी यही सोचता कि इसका तो ब्वायफ्रेंड होगा ही। वो दिन वैसे ही बीत गया।

फिर धीरे-धीरे 10-12 दिन बीत गए, और सपना भी थोड़ा बहुत सबसे बात करने लगी थी। तभी एक दिन नोटिस आया कि फ्रेशर पार्टी होने वाली थी। फिर एक दिन क्लास में सीनियर आए तो सबसे सब कुछ पूछे कि तुम कुछ परफार्म करना चाहते हो सब अपना बताए कि करना है नहीं करना है, पर सपना शांत थी।

तभी विनय त्यागी नाम का एक सीनियर सामने आया जो बहुत अमीर और खतरनाक लड़का था कालेज का। उसने सपना का नाम पूंछा तो सपना ने बताया। फिर कुछ बातें करके सब चले गए।

दूसरे दिन शाम को विनय सपना से मिला और बोला: तुम Ms.Fresher बनने के लायक हो। तुम इतनी सुन्दर हो कि ऐसे ही जीत जाओगी। पर सपना तैयार नहीं हुई और फिर सपना विनय से दूर भागने लगी।

फिर फ्रेशर पार्टी के दिन सब लड़कियां कोई लहंगा, कोई साड़ी, कोई कुछ कोई कुछ पहन कर निकली, और सब लड़के लड़कियों पर लाईन मार रहे थे। क्योंकि अभी नहीं बनी गर्लफ्रेंड तो चांस कम रहता था बनने का, क्योंकि सभी पट जाती है। फिर सपना भी ब्लैक साड़ी में निकली। भाई साहब क्या कहर ढा रही थी। अधिकतर की नजर सपना पर चली गई।

फिर जब विनय ने देखा तो उसके मुंह से अपने आप तारीफ निकलने लगा: हाय क्या कमर है, यार और फिगर तो देखो।क्या गदराई जवानी है यार एक-दम रपचिक माल है। भाभी मिल गयी तुम सबको रे (विनय तेज से बोला)।

तभी उसका दोस्त शुभम बोला: क्या माल पसन्द किए हो बे, एक-दम मजा बांध देगी।

विनय ने तुरन्त बोला: ये मेरी वाली है तुम सब अपनी ढूंढ लो। और अब इसे कोई नहीं देखेगा।

तभी शुभम बोला: क्या यार विनय, देखने भी नहीं दोगे यार, चोदने थोड़ी ना रहा हूं उसे। चोदना तुम ही भाई।

तभी सभी बोले: हां विनय भाई, तुम चोदो, खाओ, पर हम सब को देखने से मना ना करो यार।

तभी विनय बोला: अगर दोस्त ना होते तुम सब तो अब तक मार देता। पर आगे से ध्यान रहे ये शब्द मत बोलना उसे।

तभी शुभम बोला: भाई अभी तो तेरी हुई भी नहीं और अभी से हक जमा रहा है। देख कहीं कोई और ना ले जाए।

तभी विनय बोला: इतनी किसी की हिम्मत नहीं कि कोई उसके पीछे पड़े। और सब को बता दो कि उसे कोई भी पटाने की कोशिश ना करे। वो विनय की अमानत है।

फिर धीरे-धीरे वक्त के साथ सपना और विनय की दूरियां कम होने लगी। क्योंकि विनय सपना की इन्डायरेक्टली हमेशा मदद करता था। और ये बात सपना को पता थी। और खुदा की रहमत तो देखो सेशनल टेस्ट में सपना और विनय एक ही सीट पर बैठे थे। तो विनय ने सपना को मैथ्स का एक प्रश्न बताया, जो सपना को नहीं आ रहा था‌। तो सपना ने उस दिन थैंक्यू बोला।

और फिर हर टेस्ट में दोनो हंस-हंस कर बातें करते और नजदीकियां बढ़ती गयी। फिर एक दिन सपना को विनय ने चाय पर बुलाया और वो चली गयी। तो उस मोबाईल नम्बर शेयर हुआ और दोनों अब बातें करने लगे। विनय बीच-बीच में फ्लर्ट भी करता था, तो सपना मुस्कुरा देती थी।

अब विनय को एहसास होने लगा कि सपना पट गयी थी, और कुछ दिन में सपना का जन्मदिन आ गया। विनय ने एक बड़ी पार्टी दी और सपना को एक खूबसूरत सा ड्रेस गिफ्ट किया और फिर केक खिलाया और डिनर साथ में किया।

विनय को अब लगने लगा कि सपना अब खुल गयी थी, अब मौका था उसे प्रपोज करने का। तभी एक लड़का जिसे खुद विनय ने बोला था ऐसा करने को, तांकि वो सपना की नजर में हीरो बने, उस लड़के ने सपना को प्रपोज कर दिया। सपना गुस्से में उसे एक थप्पड़ मार दी और फिर अपसेट हो गयी। तो विनय सपना को सांत्वना देने लगा, और फिर सपना को कंधे से पकड़ कर उसे बोला-

विनय: चलो रूम पर चलते हैं।

फिर सपना को कंधे पर पकड़ कर अपनी कार तक लाया और कार का गेट बन्द कर दिया और बोला-

विनय: चलो कहीं घूमने चलते हैं।

और कार से सपना को मसूरी लेकर निकल गया। सपना भी बिना कुछ सोचे समझे उसके साथ चली गयी, उसे नहीं पता था कि आगे उसके साथ क्या होने वाला था।

फिर मसूरी जाकर विनय ने एक होटल में रूम बुक किया और बोला: अभी यहीं सो जाते हैं सुबह घूमने चलते हैं।

यह भी पढ़ें (Recommended)

Happy raksha bandhan Shikha-3

तो सपना बोली: तुम कितना ख्याल रखते हो। मैं चाहती हूं मेरा पति तुम्हारे जैसा ही रहे।

विनय ने मौका देख बोला: मुझे ही बना लो।

तो सपना बोली: तुम पागल हो।

और गुड नाईट बोल कर सोने जाने लगी। तभी विनय उसके पास आया और गले मिलने के लिए आगे बढ़ा, तो सपना भी थैंक्स फार एव्रीथिंग बोल कर गले मिलने लगी। तब तक विनय ने अपना होंठ सपना के होंठ पर रख दिया, और सपना ने तुरन्त मुंह हटा लिया।

फिर वो रूम से बाहर आई और टैक्सी बुक करके कालेज आ गयी। अब विनय और सपना की बातें बंद थी, और दूरियां बढ़ने लगी थी।

1 महीने बाद विनय का बर्थडे था, तो विनय के दोस्तों ने और लड़कियों ने भी बहुत समझाया तो वो मान गयी, और विनय से बात की। फिर बर्थडे वाले दिन सपना को विनय ने इन्वाईट किया, और इधर विनय शुभम से बोला-

विनय: कुछ भी हो सपना को उस दिन चोदना है किसी भी कीमत पर। उसका वीडियो भी बनाएंगे।

तो शुभम बोला: मेरा क्या फायदा?

तो विनय समझ गया और बोला: एक बार मैं उसे जी भर कर चोद लूं। फिर तुम भी चोद लेना।

तो शुभम मान गया और दोनों ने फ्लैट में हिडेन कैमरा फिट करवा दिया। जन्मदिन वाले दिन सपना कुर्तो और जींस पहनी थी। एक-दम जवानी झलक रही थी, पर उसे क्या पता कि आज उसकी जवानी लूटी जाएगी, और उसके जिस्म को नोचा जाएगा, और आज वो कली फूल बनेगी। इसका अंदाजा केवल विनय और शुभम को था।

अब केक काटा गया और फिर विनय ने केक काटने के बाद सबसे पहले सपना को खिलाया। फिर सपना के चेहरे पर केक लगाने के लिए हाथ बढ़ाया तो सपना अपना चेहरा छुपाने लगी, और विनय ने जबरदस्ती लगाने को सोचा, तो विनय के हाथ सपना के मखमली पपीते के आकार के बूब्स पर चले गए और केक कपड़े के ऊपर ही लग गया। तो सपना गुस्सा हो गयी।

फिर वहां पर आए सभी दोस्त केक वगैरह खाकर जाने लगे। पर सपना अभी भी गुस्से में थी, और फिर सभी अपने-अपने हास्टल और अपार्टमेन्ट में चले गए। चूंकि सपना को विनय ही अपार्टमेन्ट तक छोड़ता, तो वो अभी रूम में थी। फिर विनय ने खाना निकाला और सपना से माफी मांगी और फिर सपना को मना कर खाना खिलाया। तब तक रात के 11 बज गए थे।

फिर सपना ने बोला: मुझे भी छोड़ दो मेरे अपार्टमेंट तक।

तो विनय बोला: हां कुछ देर रूको, छोड़ देता हूं।

फिर सपना शान्त होकर बैठ गयी, और मौका देख कर विनय ने सपना को प्रपोज कर दिया। तुरन्त सपना को फिर गुस्सा आ गया और बोली-

सपना: तुम पागल हो क्या? मुझे प्यार पर भरोसा नहीं।

तभी विनय सपना के कंधे को पकड़ कर कुछ समझाने को सोचा, तो सपना ने बिना कुछ सोचे विनय को एक थप्पड़ जड़ दिया।

तो विनय ने बोला: बहुत अच्छा गिफ्ट दी हो आज मेरे जन्मदिन पर।

और उसके आंख में मगरमच्छ के आंसू आ चुके थे। क्योंकि विनय का प्लान पहले से ही फिक्स था कि अगर पहला प्लान फ्लाप हुआ तो दूसरा, नहीं तो तीसरा। पर विनय का दूसरा प्लान काम करने लगा और सपना कुछ देर सोची और फिर विनय से कान पकड़ कर माफी मांगने लगी।

वो बोली: मैंने जान-बूझ कर ये नहीं किया।

इतना सुनते ही मौका देख कर सामने खड़ी सपना को विनय कस कर पकड़ लिया, और अपने सीने से चिपका लिया, और अपना होंठ उसके होंठ पर रख दिया।

अब जैसे ही सपना विनय की जकड़ से छूटने का प्रयास करने लगी, तो उसके बूब्स विनय के सीने पर गुदगुदी करने लगे, और ये चीज विनय को अच्छी लगी, और वो सपना को फिर से अपनी तरफ खींच लिया और कस कर जकड़ लिया। फिर वो सपना के होंठों का रसपान करने लगा। पर सपना विनय के चंगुल से छूटने की नाकाम कोशिश कर रही थी।

फिर विनय ने अपने दोनों हाथ सपना की गांड पर रख दिया और सपना को हल्का सा नीचे से उठा कर अपनी ओर खींचा, ताकि सपना को उसके मोटे खड़े लंड का एहसास हो। पर जैसे ही विनय ने सपना को हल्का सा उठाया, विनय के लंड को सपना की मांसल जांघों का एहसास हुआ, तो विनय के लंड ने एक झटका देकर जोरदार सलामी दी।

इसके आगे क्या हुआ, वो आपको कहानी के अगले पार्ट में पता चलेगा।

अगला भाग पढ़े:-छोटी बहन सपना की चुदाई अपने जन्मदिन पर उसके दोस्त ने की-2

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

Sexy behen ka seduction-3
Behan Ki Chudai

Sexy behen ka seduction-3

Hello dosto, aapne abhi tak padha rahul ki kahani me kaise uski chhoti behen usko seduce karne ka ek mauka bhi nhi chhod rahi thi. Rahul bhi ab uski masti me uske sath lag gya tha.

10 मिनट 852
Nil, Nidhi and Kritika-6
Behan Ki Chudai

Nil, Nidhi and Kritika-6

Hi friends, aage ki story padhiye maje lijiye.

14 मिनट 605
Happy raksha bandhan Shikha-3
Behan Ki Chudai

Happy raksha bandhan Shikha-3

Pichla bhaag padhe:-Happy raksha bandhan Shikha-2

8 मिनट 808

पाठकों की राय

0 टिप्पणियां
इस कहानी पर अभी तक कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!
🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।