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Hindi Sex Story पठन समय: 4 मिनट पढ़ा गया: 1,013 बार

प्रेमिका की कुंवारी बुर

samualsam

28 Feb 2014 को प्रकाशित

प्रेमिका की कुंवारी बुर
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प्रेषक : सैम्यूल जेम्स

यह मेरी सच्ची कहानी है। मैं एक स्मार्ट, सेक्सी और सुन्दर लड़का हूं। वैसे तो मैंने बीस बाईस लड़कियों के साथ सेक्स किया है पर यह मेरी प्रेमिका के साथ पहली चुदाई थी।

१९९९ की बात है। मैं अपनी मौसीजी को देखने पी.जी.आई. लखनऊ गया था। वहां पर मुझे मेरी प्रेमिका से मुलाकात हुई। उसकी शादी लखनऊ में मेरी मौसी के खानदान में हुई थी। मैं और मेरे मामा सुबह ही पी.जी.आई. पहुंच गए थे। मैंने जब नीतू को देखा तो मैं बहुत खुश हुआ। वो रात भर मौसी की देखभाल करने के लिए जागी थी।

थोड़ी देर बाद मौसी ने मुझसे कहा कि सैम तुम नीतू को कमरे में ले जाओ, वो रात भर की जागी हुई है, उसे फ़्रेश होना है, नहाना धोना है। मौसी का घर पी.जी.आई. से बीस किलोमीटर दूर है, इसलिए मौसाजी ने हस्पताल के कैम्पस में कमरा ले रखा था। मैं नीतू को लेकर कमरे में चला गया। रास्ते भर वो मुझसे मेरा हालचाल पूछती रही और कहती रही कि उसे मेरी बहुत याद आती है। मैंने कहा- तुमने तो शादी कर ली, मैंने भी शादी कर ली लेकिन मैं अकसर तुम्हारी याद में खोया रहता हूं। थोड़ी देर बाद हम कमरे में आ गए।

मैं तो बिस्तर पे जाकर सो गया, उसने कहा कि मैं नहा लेती हूं। वो रात भर की जागी हुई थी।बाथरूम में गई लेकिन भीतर से बंद करने के लिए चिटकनी नहीं थी। उसने सोचा कि और कोई तो आएगा नहीं ,वो अपने सारे कपड़े उतार के नहाने लगी क्योंकि उसे उन्हीं कपडों में घर भी जाना था, अचानक दरवाजा खुल गया। वो मेरे सामने नंगी खड़ी थी। मै बेड पे लेटा दरवाजे की तरफ़ ही देख रहा था। हम दोनों ने एक दूसरे को देखा। वो उसी हालत में दरवाजे को बंद करने लगी।

नहा के वो जब बाहर आई तो नजरे नहीं मिला पा रही थी। अचानक वो मेरे बगल में आ के बैठ गई, मुझसे कहने लगी …आइ लव यू सैम …आज मेरे साथ जो हुआ पहले कभी नहीं हुआ ..मैंने मौके की नजाकत को समझते हुए उसे अपनी बाँहों में भर लिया किस करने लगा। जीभ से जीभ टकराते ही मानो ऐसी हलचल होने लगी जैसे दो बिछडे प्रेमी आज मुद्दत के बाद मिले हों। हम दोनों ने एक दूसरे के सारे कपड़े वहीँ पे उतार फेंके। बदन की गर्मी शोलों जैसी लग रही थी। उसकी चूची जैसे कह रही थी आज सिर्फ़ मुझे चूसो, मैं कभी उसके होंठ चूसता तो कभी उसकी चूची।

मैंने जब उसके बुर में ऊँगली रखी तो उसमे से पानी निकल रहा था। उसने मेरे लंड पे हाथ जब रखा तो मेरा लंड फनफना उठा। मैंने लन्ड को उसके मुंह पे रखा तो उसे वो चूसने लगी और बोलती जा रही थी ..आई विल किल यू ,फक मी ..फक मी ..!!!!!!!!!!!

मैंने उससे पूछा क्या तुम्हारे साथ तुम्हारे पति ये सब नहीं करते हैं क्या …?

वो बोली- उनके पास टाइम नहीं है ! १०-०५ मिनट में ही सब कुछ करके सो जाते हैं …!!!

मैंने सोचा कि आज इसे जम के चोदूंगा ..मेरा लंड जब तन्नाने लगा तो मैंने उसकी बुर में ७ इंच का लंड डाला तो वो तड़प उठी। मैंने चार धक्के ही लगाये थे उसकी बुर से खून आने लगा।

मैंने पूछा कि इतना अंदर कभी नहीं गया क्या?

उसने कहा नहीं मेरे पति मुझसे सेक्स नहीं कर पाते हैं, उनका लंड छोटा है .तुमने तो कमाल कर प्रिया …!

उसके बाद १० मिनट तक चोदते चोदते मै भी झड़ गया। १५-२० मिनट बाद वो मेरा लंड अपने मुंह से फिर चूसने लगी। मेरा लंड इतना लंबा और मोटा हो गया कि मैंने २०-२२ मिनट तक उसे चोदा तब जाके झड़ा…उसे बहुत आनद मिला ..

नीतू की बुर में जो मजा मिला शायद ही कभी मिला हो …

मैं आज भी उसके सम्पर्क में हूँ … वो आज मेरे बच्चे की माँ भी है .वो आज लखनऊ में है और मैं उससे २०० किलोमीटर दूर।

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