जी ऍफ़ बी ऍफ़ सेक्स स्टोरी में पढ़ें कि कैसे मेरे बॉयफ्रेंड ने मुझे अपने रूम पर बुलाया. फिर मुझे किस करके, मेरे जिस्म से खेल कर मुझे उत्तेजित करके चोद प्रिया.
कहानी के पहले भागमेरे यार ने मुझे अपने रूम पर बुलायामें आपने पढ़ा कि अपने बॉयफ्रेंड के बहुत ज्यादा बुलाने पर मैं उसके घर चली गयी थी. वहां उसकी ममेरी बहन भी थी.
वहां पहुंचकर उसके मामा की लड़की को फोन कर प्रिया क्योंकि मैंने अमित का कमरा नहीं देखा था. मैं पहली बार जा रही थी.वह मुझे लेने चौराहे पर आ गयी जहाँ आटो वाले ने मुझे उतारा था।
फिर हम दोनों अमित के कमरे पर आ गयी.अमित तो मुझे देख कर बहुत खुश हो गया.
हम तीनों लोग कमरे में बैठकर बातें करने लगे.
अब आगे:
फिर अमित की मामा की लड़की ने मुझे पानी पीने के लिए प्रिया, मैंने पानी पिया।
हम लोग खूब बातें कर रहे थे.फिर अमित ने कहा- नीलम के लिए चाय बना लाओ.मैंने मना भी किया लेकिन उसके मामा की लड़की चाय बनाने के लिए रसोई में चली गयी.
इस कहानी को सुनकर मजा लें.
अमित और मैं बातें करने लगे.
फिर अमित गया और सामने वाली दुकान से समोसे ले आया। फिर हम तीनों ने बैठकर चाय समोसे खाये और मज़े से बातें भी कर रहे थे।
अमित मेरी फोटो खींचने लगा. हम तीनों लोग सेल्फी ले रहे थे खूब मज़े कर रहे थे.
मुझे आये हुए आधा घंटा हो चुका था।
फिर अमित कहने लगा- बताओ नीलम क्या खाओगी पिज़्ज़ा, बर्गर, मोमोज, डोसा जो भी खाना हो बता दो.मैं मना करने लगी- मुझे कुछ नहीं खाना है।
अमित को मालूम था कि मुझे मोमोज बहुत पसंद है, उसने अपनी मामा की लड़की से कहा- नीलम के लिए मोमोज ले आओ.मैंने बहुत मना किया फिर भी उसने अपनी मामा की लड़की को मोमोज लेने के लिए दुकान पर भेज प्रिया।
अब पूरे घर में सिर्फ मैं और अमित थे.
तभी अमित बोला- इतने दिनों बाद मिली हो जान … एक किस तो दे दो!और वो मुझे पकड़ कर किस करने लगा।
मैंने सोचा कि एक दो बार किस करेगा, चलो कर देती हूँ।
उसने दो, चार बार किस करी फिर वो करता ही गया.
अब मैं मना करने लगी- बस करो अमित. प्लीज अब मत करो. इतना बहुत है.लेकिन वह तो करता ही जा रहा था।
जैसे ही वो किस करता मैं अपना सिर पीछे हटा लेती तो अमित ने मुझे दीवार के सहारे सटा कर खड़ा कर प्रिया और फ्रेंच किस करने लगा.
मुझे उत्तेजना होने लगी थी. मैं उसे पीछे धकेलने की कोशिश कर रही थी.
फिर वह मुझसे अलग हो गया.मैं हाँफ रही थी, मेरी धड़कन बढ़ गई और स्तन ऊपर नीचे हो रहे थे.
तभी अमित ने कमरे का दरवाजा बन्द कर प्रिया और ऊपर की चटकनी (कुंडी) लगा दी.
हमें किस करते हुए लगभग दस मिनट हो चुके थे पर उसके मामा की लड़की अभी तक वापस नहीं आयी थी।
मैं बोली- मुझे इससे ज्यादा कुछ नहीं करना है प्लीज मुझे जाने दो.फिर अमित ने मुझे पकड़ा और नीचे बिछे गद्दे पर गिरा लिया.
मैं कुछ बोलती उससे पहले ही उसने मेरे होंटों पर होंट रख दिए और चूसने लगा.मैं छटपटाने लगी।
फिर अमित एक हाथ से मेरी कमीज़ (कुर्ती) ऊपर करने लगा और कुछ ही सेकंड में उसने मेरी कुर्ती उतार कर अलग रख दी.
अब मैं ब्रा में थी तो अमित ब्रा के ऊपर से ही स्तन दबाता और किस करता।
फिर अमित ने मेरी सलवार का नाड़ा पकड़कर खींच प्रिया. मेरी सलवार ढीली हो गई.उसने मेरे पैरों से सलवार को निकाल कर अलग कर प्रिया.
दोस्तो, मैं वासना में पागल हो रही थी तो अमित का विरोध तो बहुत कम कर रही थी।
अब मैं उसके सामने पहली बार सिर्फ ब्रा पैंटी में थी.अमित भी अपनी जींस और टीशर्ट उतार चुका था.
वह खुद नीचे अंडरवियर बनियान में लेटा था और उसने मुझे अपने ऊपर लिटा रखा था।फिर अमित ने पीछे से मेरी ब्रा का हुक खोल प्रिया और ब्रा की दोनों पट्टियों को पकड़ कर निकाल प्रिया.
वह उठा और अपना अंडरवियर बनियान भी उतारने लगा.
फिर अमित ने पैंटी की इलास्टिक पकड़ी और मेरी पैंटी को भी उतारकर मुझे बिल्कुल नंगी कर प्रिया और खुद भी नंगा हो गया था।
मैं इतनी उत्तेजित हो गयी थी कि मेरी पैंटी चूत वाली जगह से गीली हो गयी थी जिस कारण वहां धब्बे का निशान बन गया था.अमित मेरी पैंटी उतार कर उस धब्बे के निशान को इशारे से मुझे दिखाने लगा।
आज अमित ने मुझे पहली बार नंगी देखा था और मैंने उसको!
अमित का लिंग तनकर खड़ा हो गया था जैसे मुझे ही देख रहा हो.
फिर अमित मेरी तरफ बढ़ा और अपना लिंग चुसाने के लिए मेरे होंटों के आगे कर प्रिया.मैंने गर्दन हिलाते हुए मना कर प्रिया तो वह बोला- मेरी जान चूसो ना! आज पहली बार तो तुम अकेली मिली हो. कितनी मुश्किलों के बाद तो यहाँ पर आयी हो प्लीज चूसो ना! अच्छा चलो सुपारा ही चूस दो.
वो बहुत कहता रहा लेकिन मैंने नहीं चूसा।
फ़िर अमित ने मेरे पैरों को खोल प्रिया और मेरी चूत करीब से देखने लगा.
मेरी चूत पर रोएं जितने बाल थे क्योंकि कुछ दिन पहले ही मैंने अपनी चूत चिकनी की थी.
वह एक मिनट तक चूत को पास से देखता रहा; फिर वह मेरे ऊपर 69 वाली पोजीशन में लेट गया और अपनी जीभ से मेरी चूत को कुरेदने लगा.अमित मेरी भगनासा पर जीभ फेरने लगा.
मैं छटपटाने लगी. मेरी सिसकारियाँ निकलने लगी. मेरी उत्तेजना बढ़ने लगी.
उधर उसने अपना लिंग चुसाने के लिए मेरे होंटों के पास कर प्रिया.और जैसे ही मेरा मुँह खुला, उसने अपना पूरा तना हुआ खड़ा लिंग मेरे मुँह में डाल प्रिया और बोला- मेरी जान लो अब चूसो.
मैं वासना से मजबूर हो गयी अब तो मुझे लिंग चूसना ही पड़ा।
काफी देर तक वह लिंग चुसाता रहा.
उसका वीर्य निकलने वाला था, फिर भी उसने मेरे मुँह से अपना लिंग बाहर नहीं निकाला.और वीर्य की पिचकारी मेरे मुँह के अन्दर ही छूट गई.मुझे बहुत बुरा लग रहा था, तभी मुझे उल्टी हो गयी।
फिर अमित ने अपना लिंग और मेरी चूत को कपड़े से साफ किया.उसके लिंग में अभी भी तनाव था।
फिर अमित उठा और मेरे दोनों पैरों को खोलते हुए पैरों के बीच में आ गया.उसने मेरे चूतड़ों के नीचे एक तकिया लगा प्रिया जिससे मेरी चूत उभर कर ऊपर आ गयी।
मुझे उस समय बहुत शर्म आ रही थी, मैंने अपनी आँखें बंद कर ली थीं।
फिर अमित ने अपना लिंग मेरी चूत की बीच दरार में फंसा प्रिया.मैं कसमसा रही थी.
तभी उसने एक धक्का लगाया. मेरी तो जैसे जान ही निकल गयी.उसका सुपारा मेरी चूत के अन्दर चला गया था.
मैं बोली- सी..ई..ई … उई … प्लीज अमित दर्द हो रहा है. प्लीज छोड़ दो. मैं मर जाऊँगी.
मैंने इतना ही कहा था कि तभी उसने दूसरा धक्का लगा प्रिया.इस धक्के से उसका लिंग लगभग पूरा ही अन्दर मेरी चूत में घुस गया. मेरी चीख़ निकल गयी.
लेकिन मेरी चीख़ को सुनने वाला वहां पर कोई नहीं था.मैं रोने लगी, हाथ पैर पटकने लगी लेकिन उस जालिम ने फिर भी नहीं छोड़ा.
मुझे बहुत दर्द हो रहा था.
दोस्तो, मैं ये सोचती हूँ कि अगर लड़कों की चूत होती और उसमें लंड जाता तब लड़कों को पता चलता कि चूत में लंड जाता है तो कितना दर्द होता है।
वह रुक गया और मुझे चूमने लगा.
कुछ देर बाद वह अपना लिंग धीरे-धीरे अन्दर बाहर करने लगा।
तभी उसने कहा- मेरी जान, सील तो तुमने पहले ही तुड़वा ली है. मैं तो तुम्हारी चूत सील बन्द समझता था।
दोस्तो, पता नहीं लड़कों को सील तोड़ने में क्या मज़ा मिलता है. ना जाने कितना मज़ा आता है लड़कों को सील तोड़ने में!हर लड़के को कुँवारी सीलबन्द चूत वाली लड़की चाहिए चोदने के लिए।
मेरी दीदी भी यही कहती है कि आजकल के लड़कों को तो बस चूत चोदने से मतलब होता है चाहे वह सीलबन्द हो या चुदी हुई।
और फिर लड़कियाँ भी कम नहीं होती हैं. कुछ लड़कियाँ अनजाने में या धोखे से, कुछ मजबूरी में और कुछ तो सिर्फ मज़े के लिए अपनी चूत की सील तुड़वा लेती हैं।
आजकल के समय में तो लड़कियों की सील कम उम्र में ही टूट जाती है और शादी होने से पहले ही चूत भोसड़ा बन जाती है.
इसलिए मैं तो यही कहूँगी कि हो सके तो अपनी कुँवारी चूत को अपने पति के लिए बचा कर रखे।शादी से पहले कुँवारी लड़की का कौमार्य ही उनके लिए बहुत कुछ होता है.
क्योंकि ज्यादातर लड़के तो उस भँवरे की तरह होते है जो फूल पर बैठकर रस चूसा और उड़ गये किसी दूसरे फूल की तलाश में!
हाँ तो दोस्तो … अमित धक्के पर धक्के लगा रहा था. मैं बस अपने सिर को दाएँ बाएँ हिला रही थी.
और वह लगातार चोदे जा रहा था.
चूँकि उसका वीर्य एक बार तो निकल चुका था इसलिए इस बार अधिक समय लग रहा था.मैं इस बीच झड़ चुकी थी.
जब वह झड़ने को हुआ तो उसने लंड बाहर निकल लिया और हाम्फते हुए झड़ गया।
कुछ मिनट बाद अमित का लिंग फिर तनकर खड़ा हो गया.इस बार उसने मुझे घोड़ी बना प्रिया और पीछे से लंड को चूत में डालकर चोदने लगा.मुझे थोड़ा मजा और थोड़ा दर्द हो रहा था.
वह लगातार चोदे जा रहा था मुझे!मेरी सिसकारियाँ पूरे कमरे में गूंज रही थी।
लगभग बीस मिनट की चुदाई के बाद वह झड़ गया.
अमित ने एक घंटे तक चुदाई का खेल खेला. उस एक घंटे में उसने हर तरीके से मुझे चोदा, मेरी चूत का तो बाजा बजा प्रिया था।
अब हमें एक घंटे से भी ज्यादा हो चुका था.
फिर वह अलग हुआ और कपड़े पहनने लगा.
उसने मेरे कपड़े मुझे दे दिये लेकिन मेरी ब्रा पैंटी नहीं दी.
मैंने उससे अपनी ब्रा पैंटी माँगी लेकिन उसने मना कर प्रिया.
फिर उसने अलमारी में से एक ब्रा पैंटी निकाली जो कि बिल्कुल नयी थी.वो मुझे नयी ब्रा पेंटी पहनाने लगा और मेरी पुरानी वाली ब्रा पैंटी उसने निशानी के तौर पर अपने पास रख ली.
फिर मैंने अपने कपड़े पहन लिए।
तभी दरवाजे पर खटखटाने की आवाज़ हुई अमित ने जाकर दरवाजा खोला.तो सामने उसके मामा की लड़की खड़ी थी.
वह अन्दर आ गयी.
उसके हाथ में मोमोज और कोल्ड ड्रिंक की बोतल थी।
अमित ने कहा- इतनी देर कैसे लगा दी? हम दोनों कब से तेरा इंतजार कर रहे हैं.तो वह बोली- भैया, मोमोज लेने दूसरी दुकान पर जाना पड़ा जो दूर थी. इसलिए देर लग गयी.अमित बोला- चल कोई बात नहीं. ला जल्दी दे … नीलम को देर हो रही है।
दोस्तो, मुझे उसकी मामा की लड़की पर बहुत गुस्सा आ रहा था. साली इतनी देर में आयी.अगर जल्दी आ जाती तो अमित को इतना कुछ करनें का मौका नहीं मिलता.
लेकिन पता नहीं वह सच बोल रही थी कि झूठ?या फिर पहले से ही दोनों की प्लानिंग थी?
दोस्तो, आप लोगों को क्या लगता है? आप लोग मुझे मेल करके बताना।
जब उसकी मामा की लड़की अन्दर कमरे में गयी तो उसकी नजर मेरी पुरानी वाली ब्रा पैंटी पर पड़ी.तो वह अमित से बोली- भैया ये किसकी है?तब वह बोला- तुझे क्या करना? चल ये मोमोज और कोल्ड ड्रिंक सर्व कर दे.और मेरी पुरानी वाली ब्रा पैंटी लेकर अमित ने अलमारी में रख ली।
तभी उसकी मामा की लड़की मोमोज और कोल्ड ड्रिंक ले आयी फिर हम तीनों ने मोमोज खाये।
मैं बोली- कि मुझे देर हो रही है मैं जा रही हूँ.और मैं चल दी.उसके मामा की लड़की मुझे छोड़ने के लिए चौराहे तक आयी जहाँ मुझे आटो वाले ने उतारा था।
मैंने आटो पकड़ा और मैं घर आ गयी.मैंने दीदी को कुछ नहीं बताया.
और बताती भी तो क्या … यही कि अमित ने मुझे चोद प्रिया?
दोस्तो, उसके बाद मैंने अमित से बात करना बंद कर प्रिया. मैंने एक महीने तक तो बिल्कुल बात ही नहीं करी।
अमित मेरी दीदी के फोन पर कालॅ करता और मेरे लिए पूछता या अगर मेरा फोन खुला होता तो मेरे फोन पर काल करता।
उसके बाद अमित ने मुझे चोदने की बहुत कोशिश की बहुत बार मिलने के लिए बुलाता रहा लेकिन मैंने फिर उसे अपनी चूत नहीं दी।मेरी कभी कभी बात हो जाती.
फिर अमित भी बहुत कम बात करने लगा और धीरे-धीरे हम दोनों की बातचीत बन्द हो गई. फिर अमित का फोन नम्बर भी बदल गया।
इसके अलावा और भी बहुत घटनाएं हुई वह फिर कभी बताऊँगी अगर आप लोग कहोगे तो!
दोस्तो, मेरी ये घटना कैसी लगी आप लोग मेल करके जरूर बताना.या अगर मुझसे कोई प्रश्न पूछना हो तो मुझे मेल करना. आपके मेल का मैं इंतजार करूँगी।आपकी नीलमsupport@mohakkisse.com