होम पर वापस जाएं
Group Sex Story पठन समय: 14 मिनट पढ़ा गया: 811 बार

मेरी गर्लफ्रेंड की चुत में दो लंड

कृष हराले

15 Mar 2020 को प्रकाशित

मेरी गर्लफ्रेंड की चुत में दो लंड
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

हाय दोस्तो, मेरा नाम राज है, मैं महाराष्ट्र का हूँ. पुणे बेलगाम हाइवे पर मेरा गांव है. आशा करता हूँ कि यह मेरी पहली सच्ची कहानी ‘मेरी गर्लफ्रेंड के चुत में दो लंड …’ आपको पसंद आएगी.

मेरी हाईट 5’6″ है, मेरा रंग सांवला है और मेरी बॉडी औसत है. मैं 34 साल का हूँ और मेरा लंड साढ़े सात इंच का है. मेरी शादी हो चुकी है, मेरी बीवी बहुत सुंदर है और मेरी 8 साल की एक लड़की भी है.

यह घटना आज से 4 साल पुरानी है. शादीशुदा होने के बावजूद मेरी एक गर्लफ्रेंड है, उसका नाम नेहा है. नेहा उसका बदला हुआ नाम है. वो दिखने में बहुत ही सुंदर है. वो एकदम पतली है और उसकी हाईट 5 फुट 4 इंच है. उसे देखते ही किसी बुड्डे का भी लंड खड़ा हो जाएगा, वो इतनी अधिक कामुक दिखती है. नेहा भी शादीशुदा है, मेरा उसके साथ मेरे शादी से पहले से ही चक्कर है और मैं उसे तभी से चोदता आया हूँ.

हुआ यूं नेहा का मेरे पास फोन आया कि मैं शहर से बाहर जा रही हूँ और मुझे लौटने में बहुत देर हो जाएगी, आपको मुझे रिसीव करने आना है.मैंने कहा- ठीक है.

फिर शाम को 4 बजे फोन आया और उसने कहा कि मैं ट्रेन से आ रही हूँ … और मैं मिरज जंक्शन तक की ट्रेन से आऊंगी, आपको वहीं आना है … मैं वहां दस बजे तक पहुंच जाऊंगी.मैंने कहा- ठीक है.

जिस वक्त उसका फोन आया, उस वक्त मैं काम पर था और मैं और मेरा दोस्त, जिसका नाम आनन्द है. मैंने उसे बताया कि नेहा को मिरज से लाने जाना है … और हम दोनों ही उसे लेने जाएंगे.उसने कहा- ठीक है.

हम दोनों काम से जल्दी घर आ गए और फ्रेश होकर हम 7-30 को घर से निकले. दस 10 बजे की ट्रेन थी और हमें 2 घंटे का रास्ता काटना था.

मैंने बाईक निकाली और हम दोनों नेहा को लेने के लिए निकल पड़े. यही कोई 10 किलोमीटर का रास्ता काटा होगा कि नेहा का फोन आया और वो बोली कि आप मिरज को मत आओ, मैं सीधा सीटी में ही पहुंच जाऊंगी … उधर 10-30 तक आ पाऊंगी.मैंने कहा- ठीक है.

अब हमारे पास बहुत समय था, तो मैंने और आनन्द ने बार में जाकर पीने का मन बनाया. हमने शराब की एक बोतल ली और दस बजे तक पीते ही रहे. दस बजे नेहा का फोन आया और उसने बताया कि मैं ट्रेन सही समय से है और मैं आधा घंटे में पहुंच जाऊंगी.

मैंने उसे बताया कि आनन्द भी मेरे साथ है.उसने कहा- ठीक है … जल्दी आना.

शायद वो समझ गई थी कि हम दोनों मस्ती में हैं.

हमने बची हुई दारू जल्दी से पी और नेहा को लेने निकल पड़े. हम दोनों 10-30 सिटी स्टैंड पहुंचे और उसे फोन किया तो उसने बताया कि बस 15 मिनट लगेंगे.

हम इंतजार करने लगे. वो 10-15 मिनट में पहुंची. मैंने देखा कि वो रेड कलर की साड़ी में क्या कयामत लग रही थी और रेड कलर का ब्लाउज भी क्या बताऊं … उसको कितना मादक बना रहा था. दोस्तो मेरा तो मन अभी उसे चोदने को हो रहा था. उसकी चाल और हमारे तरफ आकर हंसने का स्टाईल … हाय मेरा लंड तो पेंट में तंबू बनाके खड़ा हो गया था.

मैंने देखा कि आनन्द तो अपना मुँह खुला करके नेहा को देख रहा था. मैंने उसके पिछवाड़े पर हाथ मारा, तब वो होश में आया.

अब नेहा हंसने लगी. उसे भी पता चल गया था कि हम दोनों की क्या हालत है. उसने नोटिस किया कि हमारे लंड खड़े हैं. वो हमारे पास आई और हम दोनों को ‘हाय …’ बोली. मैं बाईक लेकर आया और उन दोनों को बाइक पर बैठने को कहा. मेरे पीछे आनन्द बैठा था और नेहा आनन्द के पीछे बैठी थी. मैं गाड़ी चला रहा था.

उसने कहा कि अच्छा हुआ यार तुम आ गए … नहीं तो मुझे ऑटो करना पड़ता.इस पर आनन्द बोला- राज के होते आपको ऑटो कि क्या जरूरत है.तो उसने कहा- हां वो तो है.

मैं गाड़ी भगा रहा था और बाइक को एक सुनसान रास्ते से ले गया, जहां किसी का आना जाना नहीं होता था.

मैंने महसूस किया कि आनन्द अपना लंड मसल रहा है और पीछे हलचल हो रही है. मैंने गाड़ी रोकी और उन्हें रास्ते से खेतों के अन्दर जाने को कहा. मैंने भी गाड़ी लगा दी और मैं अन्दर को गया. इस सब में मुझे दो मिनट लग गए.

मैंने जाकर देखा कि नेहा आनन्द का लंड मुँह में लेकर चूसने लगी थी. मैं भी उनके साथ शामिल हो गया. आनन्द ने बताया कि उनका तो गाड़ी पर ही खेल चल रहा था. नेहा ने मेरा हाथ पकड़ कर अपने मम्मों पर रखा और मसलने को कहा. मैंने एक हाथ से चूची पकड़ी और दूसरे हाथ से उसकी चूत में भी उंगली डाल दी.

नेहा ने मेरा लंड भी हाथ में लेकर आगे पीछे करना शुरू कर प्रिया. मैंने नेहा को गाली दी- साली रंडी कहीं की.तो उसने कहा- यार गुस्सा मत हो … मैं तुम्हारा लंड भी मुँह में ले लेती हूँ.

मैं उसके मुँह की तरफ बढ़ा और उसने मेरी पेंट की जिप खोल कर मेरा लंड मुँह में ले लिया. वो मेरा लंड चूसने लगी.

हाय क्या बताऊं दोस्तो … इस वक्त मैं तो जन्नत में सैर करने लगा था. साली रांड क्या मस्त लंड चूस रही थी … आह क्या बताऊं … हाय और दूसरी तरफ वो आनन्द का लंड हिला रही थी. आनन्द भी मेरे जैसे उसकी चूत में उंगली डालकर उसका पानी निकाल रहा था. मैं नेहा मम्मे को हाथ में लेके दबा रहा था और गांड में भी उंगली डालकर उसके छेद को ढीला कर रहा था.

यह भी पढ़ें (Recommended)

Cinema hall me chudi meri maa-25

नेहा के मुँह से ‘उम्म्ह… अहह… हय… याह…’ की आवाजें खेत में गूंज रही थीं.

हमने 10 मिनट तक उसके मुँह को चोदा. फिर उसे खड़ा किया. मैंने और आनन्द ने उसे पूरी तरह से नंगा किया.

क्या कहूँ यार … साली क्या कयामत लग रही थी … कुछ पूछो मत. उसकी नंगी जवानी देख कर हमारे लंड लोहे की तरह सख्त हो गए थे. आनन्द को नेहा ने घास में धकेला और उसके लंड पर बैठ गई और अगले ही पल ऊपर नीचे करके चुदने लगी. साली को नया लंड जो मिला था.

मैंने मेरा लंड उसके मुँह में प्रिया और उसे चूसने लगी. नीचे आनन्द की रफ़्तार बढ़ रही थी और नेहा ‘आह … आहआह …’ करके आवाजें निकाल कर हमारे सेक्स में और चार चांद लगा रही थी.

पांच मिनट तक चोदने के बाद आनन्द ने मुझे इशारा किया और मैं नेहा के पीछे आ गया. तभी आनन्द ने नेहा को अपनी छाती पर दबा लिया, जिससे उसकी गांड उठ गई. उसकी गांड के छेद पर मैंने लंड रखकर एक झटका मारा, तो मेरी टोपी अन्दर चली गई. नेहा के मुँह से चीख निकली … तो आनन्द ने उसके मुँह में मुँह लगाकर उसकी आवाज को दबा प्रिया. मैंने फिर से और एक जोर का धक्का लगाया, तो मेरा लंड पूरा अन्दर घुसता चला गया.

फिर से उसके मुँह से चीख निकली. मैं कुछ देर रुका लेकिन आनन्द घमासान चुदाई कर रहा था. अब नेहा सामान्य हुई तो मैंने गांड को चोदना चालू किया. नेहा अब ‘ऊईआह … उहआह …’ की आवाजें निकालकर चुदाई में चार चांद लगा रही थी. दस मिनट की धकापेल चुदाई के बाद मैंने उसकी गांड से लंड निकाला और चूत के छेद में लगा प्रिया.

अब आनन्द रुक गया. मैंने लंड को चूत में पेलने की कोशिश करने लगा, तो नेहा उठने की कोशिश करने लगी. लेकिन वो उठ नहीं पाई. मैंने फिर से कोशिश की तो नेहा बड़बड़ाने लगी- ऐसा मत करो … एक साथ दो नहीं जाएंगे. तुम्हारा बहुत बडा लंड है.मैंने कहा- जाएंगे कैसे नहीं … मैं डालूँगा तो जरूर जाएंगे.

उसकी चूत एकदम गीली थी. मैंने लंड को उसकी चूत में लगाया और एक झटका लगाया तो सिर्फ लंड की टोपी ही घुसी थी कि नेहा के मुँह से चीख निकली … लेकिन मैं नहीं रुका. मैंने फिर से लंड को प्रेस किया तो दो इंच अन्दर चला गया. मैंने आनन्द का लंड पकड़ के थोड़ा बाहर निकाला और उसकी सिर्फ टोपी ही अन्दर रहने दी. फिर मैंने और एक झटका मारा तो मेरा पूरा लंड चला गया. तभी आनन्द ने भी लंड अन्दर कर प्रिया. अब मैं और आनन्द हम दोनों ने नेहा की चूत में एक साथ लंड डाले हुए थे. उसकी चूत का भोसड़ा बन गया था.

तभी हमारी स्पीड बढ़ गई. उसके मुँह से चीखें निकलने लगीं. नेहा चिल्ला रही थी- सालो … मेरी चूत फाड़ दी मादरचोद!उसकी चूत दो लंड के हिसाब से बहुत टाईट थी. अब हमारे लंड उसके गीली चूत में सैर करने लगे. कुछ धक्कों के बाद नेहा भी मूड में आ गई थी.

वो कहने लगी- आह मजा आ गया … फाड़ दो मेरी चूत को … और जोर से चोदो … आहा आह …नेहा कामुक आवाजें निकालने लगी. मैं समझ गया कि उसका होने वाला है. मैंने और आनन्द ने उसे चोदना जारी रखा और कुछ ही पलों में वो झड़ गई. वो शांत हो गई, लेकिन हम अभी तक झड़े नहीं थे. धकापेल चुदाई होती रही और 15 मिनट की चुदाई के बाद हम सभी थक गए थे.

नेहा ने कहा- बस करो यार … थोड़ा आराम करने का मौका भी दो.

मैंने लंड को बाहर निकाला तो ‘प्पट …’ से आवाज निकली. हम खड़े हो गए. दो मिनट तक उसके एक मम्मे को मुँह में लेकर चूसने लगा. आनन्द ने उसका हाथ पकड़ कर अपने तने हुए लंड पर रखा, तो वो लंड को आगे पीछे करने लगी. मैं उसकी चूत में उंगली डालकर अन्दर बाहर करने लगा. उसके सर को पकड़ के नीचे झुकाया तो वो समझ गई. उसने मेरा लंड चूसना चालू किया. फिर मैंने लंड निकाल कर खड़े खड़े ही उसकी चूत में डाल प्रिया. गीली चूत होने के वजह से आराम से अन्दर चला गया.

वो अजीब अजीब सी आवाजें निकालने लगी- ऊई आआआईई … उम्म्ह … हह …मैं उसकी टांग उठा कर घमासान चुदाई करने लगा. आनन्द भी पीछे गया और अपना लंड उसकी चूत में डालने की कोशिश करने लगा. इस अवस्था में उसकी चूत में लंड नहीं जा रहा था.

तब मैंने उसका पैर और ज्यादा उठाया, लेकिन तब भी नहीं जा रहा था, तो मैंने नेहा के दूसरे पैर को भी उठा कर अपने लंड पर टांग लिया. अब आनन्द ने लंड उसकी चूत के छेद पर रखा और प्रेस करने से उसके लंड की सिर्फ टोपी ही चली गई. फिर से कोशिश करने से उसका 2-3 इंच लंड अन्दर चला गया.

वो फिर से चिल्लाने लगी. मैंने लंड को थोड़ा बाहर निकाला, तो आनन्द का लंड अन्दर चला गया. मैंने भी अपना लंड अन्दर डाल प्रिया. अब हवा में उठाए हुए ही नेहा की एक चूत में दो लंड की चुदाई चालू हो गई. उसके मुँह से कामुक आवाजें निकलने लगीं. उसकी चूत से पचपच से आवाजें आने लगीं. हमारी चुदाई से हमें और जोश आने लगा. क्या बताऊं दोस्तो … हम तो जन्नत की सैर करने लगे थे. दो लंड एक चूत में अन्दर बाहर हो रहे थे. नेहा भी मजे से चुदवा रही थी.

कुछ देर की चुदाई के बाद नेहा थक चुकी थी. तो वो ‘बस करो …’ कहने लगी.मैंने लंड निकाला और उसे चूसने को कहा. वो मेरा लंड लेके चूसने लगी. आनन्द ने भी लंड उसके हाथ में दे प्रिया और वो लंड हिलाने लगी. मैंने लंड उसके मुँह से निकाला और उसके पीछे चला गया. मैंने गीला लंड उसकी गांड में लगाया और एक कस के धक्का मारा तो एक ही धक्के में मेरा पूरा लंड उसकी गांड में चला गया. मैं तेजी से नेहा की गांड मारने लगा.

उधर आनन्द चिल्ला रहा था- और जोर से चूसो … आह आह … मैं आ रहा हूँ आ ह आह … ले साली पी ले …आनन्द उसके मुँह में ही झड़ गया.

अब मैं भी झड़ने वाला था, तो तेजी से उसकी गांड चोद रहा था. तभी मैंने भी लंड को बाहर निकाल कर उसके मम्मों पर लंड का सारा पानी निकाल प्रिया.

हम बहुत थके हुए थे, मैंने टाइम देखा तो बारह बज रहे थे. हम करीब पौने घंटे से उसे चोद रहे थे. मैं कपड़े पहनकर गाड़ी लेकर आया तो नेहा लंगड़ा के चल रही थी. उसे गाड़ी पर बिठाकर उसके घर छोड़ा.

उसको हम दोनों से फिर से चुदने का कहते हुए बताया कि एक साथ दो लंड चूत में लेने में बहुत मजा आया … जल्दी ही फिर से दोनों लंड एक साथ लूँगी.

दोस्तो, कैसी लगी मेरी सच्ची कहानी … मुझे मेल करें. इसके बाद मैं आप सभी को बताऊंगा कि मैंने उसे सबसे पहली बार कैसे चोदा थाsupport@mohakkisse.com

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

अपनी गर्लफ्रेंड को बड़े लंड से चुदवाया
Group Sex Story

अपनी गर्लफ्रेंड को बड़े लंड से चुदवाया

कॉलेज गर्ल फक स्टोरी मेरी गर्लफ्रेंड की चूत चुदाई के साथ मेरे एक दोस्त की गर्लफ्रेंड को चोदने की है. हमने अपनी गर्लफ्रेंड बदल कर चोदी, एक साथ भी चोदी.

17 मिनट 1,103
Hostel ki randi-2
Group Sex Story

Hostel ki randi-2

Hey guys, apne sabne pehle part me padha kaise Garvit bhayya ko mere baare me pata lag gaya uske baad maine unko seduce karna start kar diya jisse unhone mujhe chod diya.

12 मिनट 1,323
Cinema hall me chudi meri maa-25
Group Sex Story

Cinema hall me chudi meri maa-25

Hello dosto, pichle part me aapne padha, ki kaise meri Chachi aur Aunty ne meri Maa ko Sachin aur Ravi se chudte hue dekh liya. Fir Ravi ne Aunty ko aur Sachin ne meri Chachi ko pakad liya. Ab jaante hai, ki aage kya hota hai.

7 मिनट 449

पाठकों की राय

1 टिप्पणी

प्ले 8

1 month ago

बहुत ही गजब का लिखा है लेखक भाई। आपका लिखने का स्टाइल बहुत बढ़िया है।

🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।