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कोई मिल गया पठन समय: 6 मिनट पढ़ा गया: 1,059 बार

गोवा की नमकीन चूत

इन्स्पेक्टर त्यागी

08 Oct 2020 को प्रकाशित

गोवा की नमकीन चूत
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इन्स्पेक्टर त्यागी

बात उस समय की है जब मुझे एक जगह, पुणे के वाकड के पास एक रेस्टोरेन्ट में रेड डालनी थी। हमने बहुत सी लड़कियों को पकड़ा लेकिन एक 22 साल की सुन्दर लड़की मेरे पास आकर रोने लगी।

वो बोली- मुझे यह काम पैसों की कमी की वजह से करना पड़ता है, वो  कॉलेज में एक एमसीए की स्टूडेंट है।

उसने अपना नाम दीपिका बताया।

उसके बहुत रोने के बाद मैंने उसे जाने प्रिया और कहा- मेरा नंबर ले लो और कभी कोई काम हो तो फोन करना।

करीब दो महीने बाद उसका कॉल आया कि कुछ लोग उसको छेड़ रहे हैं।

इस बात पर मैंने जाकर देखा और उन लड़कों की धुलाई कर दी।

इसके बाद मेरी उससे दोस्ती हो गई और अब मैं उससे कभी-कभी मिलने लगा।

मैं जब भी मिलता उसके जिस्म से एक मादक खुशबू आती, जैसे अभी उसको पकड़ कर मसल डालूँ लेकिन अपनी पोस्ट को देख कर छोड़ देता।

उसने फिर बातों ही बातों में बताया कि वो गोवा की रहने वाली है और उसका एक बॉय-फ्रेण्ड है। लेकिन जब भी मैं उससे मिलता जैसे वो मुझे कह रही हो कि मुझे चोदो, मेरे तन की प्यास बुझा दो।

एक दिन की बात है, वो पैसों के चक्कर को लेकर रो रही थी। तब मैंने उसको समझाया कि मैं पैसे दे दूँगा और वो मेरे एकदम करीब आ गई और मेरे गले लग गई और मैं बहुत भावुक हो गया।

बाद में हमने एक होटल में खाना खाया और मैं उसको अपने घर पर लेकर गया।

उस दिन मेरे घर पर और कोई नहीं था। हम दोनों लोग एक-दूसरे के बहुत करीब आ गए थे। वो सोफे पर बैठी, मैं उसके पास जाकर बैठ गया और मैंने महसूस किया कि उसके जिस्म से मादक खुशबू आ रही थी। मेरा मन उसको चोदने का कर रहा था।

थोड़ी देर बातें करने के बाद मैं उसके एकदम करीब आ गया और उसके बालों में हाथ फेरने लगा।

थोड़ी देर बाद उसके और करीब आया और उसके दोनों गालों को हाथ लगाते हुए उसके होंठों पर अपने होंठ रख दिए और धीरे-धीरे चुम्बन करने लगा, वो भी मेरे साथ चुम्बन कर रही थी।

मैं पूरा उसके जिस्म के जादू में फंस गया था और उसके साथ चुम्बन कर रहा था। फिर मैं उसको अपनी गोद में उठा कर अपने बेडरूम में लेकर गया और उसको वहाँ बेड पर लिटा प्रिया और खुद उसके ऊपर आ गया।

मैंने उसके दोनों हाथों को पकड़ा और उसे चुम्बन करने लगा, वो भी मेरा खूब साथ दे रही थी।

फिर मैंने धीरे-धीरे उसके जिस्म से कपड़े उतारने स्टार्ट किए। मैंने उसका टी-शर्ट और ब्रा खोल दी और उसके बोबे जो 32 साइज़ के थे, ज़ोर-ज़ोर से दबाने लगा और चूसने लगा।

वो अपने मुँह से ‘आहहहाआह…अइई …हा…हहाआ’ की आवाजें निकाल रही थी, जो मुझे और उत्तेजित किए जा रही थी।

फिर मैंने उसकी जीन्स और पैन्टी को भी उसके शरीर से अलग कर प्रिया, अब वो मेरे सामने पूरी नंगी थी।

उसकी चूत जैसे गुलाब की पंखुड़ी की तरह उभार लिए हुई थी।

उसकी चूत पर एक बाल भी नहीं था, पूरी क्लीन चूत बड़ी सुंदर लग रही थी। मैंने अपना एक हाथ जैसे ही उसकी चूत पर रखा, वो उछल गई और अपने मुँह से आवाज़ निकालने लगी- आआहाहा आ डाल दो अब पूरा लंड डाल दो… आ आ आआह हहाहहा आह..!

मैंने धीरे से अपनी एक उंगली उसकी चूत में डाल दी, वो ज़ोर से चिल्लाई, मैंने फिर अपने कपड़े भी उतार दिए और अपना लण्ड उसके मुँह में डाल प्रिया।

वो मेरे लण्ड के सुपारे को मुँह में लेकर ज़ोर-ज़ोर से चूस रही थी। वो इन सब मामलों में बड़ी खिलाड़ी लग रही थी। फिर मैंने उसकी चूत पर मुँह रखा और उसकी चूत चाटने लगा।

वो ज़ोर-ज़ोर से सिसकारियाँ ले रही थी- आआह हहा हाआहा चोदो मुझे ज़ोर से चोदो मुझे..

उसकी चूत नमकीन पानी छोड़ रही थी और मैं पी रहा था। मैंने पहली बार ऐसी नमकीन चूत देखी थी।

फिर मैंने अपना लण्ड उसकी चूत पर रखा और ज़ोर से धक्का मारा, एक ही शॉट में पूरा का पूरा लण्ड उसकी चूत में उतार प्रिया। शायद पहले भी कई बार चुदी हुई थी।

फिर भी मैंने तो ज़ोर-ज़ोर से चोदना जारी रखा। वो अपने मुँह से बोल रही थी- चोदो मुझे और ज़ोर से चोदो… आज मेरी चूत का भोसड़ा बना दो.. पूरी मस्ती से चोदो मुझे …ज़िंदगी के मज़े दे दो, जो कॉलेज का कोई भी लण्ड नहीं दे सका.. वो आज तुम मुझे दो..!

मैं उस नमकीन चूत को 15 मिनट तक ऐसे ही चोदता रहा।

फिर वो झड़ गई, 5 मिनट बाद मैं भी झड़ गया। हम ऐसे ही 15 मिनट तक लेटे रहे।

दोस्तो, कहानी आगे और भी है.. अगली कहानी में बताऊँगा कि कैसे मैंने उसकी गाण्ड मारी।

मैं उसका आशिक बन गया था और तभी मैंने अपनी ये ईमेल आईडी बनाई।

अब आप मुझे अपने ईमेल लिख कर बताएं कि आपो मेरी यह कहानी जो कि बिलकुल सच्ची घटना है कैसी लगी।

support@mohakkisse.com

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10 मिनट 772

पाठकों की राय

2 टिप्पणियां

बिपिन

1 month ago

सच में बहुत ही हॉट और उत्तेजक कहानी है भाई। मजा आ गया पढ़कर।

स्वतन्त्र

2 months ago

बहुत ही गजब का लिखा है लेखक भाई। आपका लिखने का स्टाइल बहुत बढ़िया है।

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