हाफ सेक्स विथ GF का मजा मुझे मेरे गांव की लड़की ने प्रिया जिससे मेरी दोस्ती थी. उसने कभी खड़ा लंड नहीं देखा था तो उसने मेरा खड़ा लंड देखने की जिद की.
मेरा काल्पनिक नाम विशेष है, मैं अभी 25 साल का हूँ.यह बात कुछ साल की है, तब मेरा पॉलीटैक्निक का आखिरी साल था.
एक लड़की मेरी दोस्त हुआ करती थी, जिसका नाम दिया था.
वह 19 साल की गेहुंए रंग की लड़की थी.
उसके होंठ गुलाबी थे और ठोड़ी के ऊपर तिल था.उसका कद पांच फुट था.
दिया की कसी हुई चूचियां और गांड में उभार था.वह टाईट सलवार सूट में आया करती थी.सलवार उसकी जांघों पर ढीली रहती थी, तो धूप में उसकी गोल कसी हुई जांघें सलवार के अन्दर से ही नजर आती थीं.
हम दोनों स्कूटी से एक साथ गांव से शहर जाया करते थे.वह चलाती थी, मैं उसके पीछे बैठता था.
मेरा कद उससे ज्यादा था.जब मैं स्कूटी पर उसके पीछे बैठता था तो उसकी चूचियों की दरार मुझे आसानी से दिख जाती थी.
वह अपना बैग अपनी कमर पर लटका देती थी, जिससे उसकी गदराई गांड को अपनी जांघों में भींचने की मेरी कोशिशें नाकाम रहती थीं.
तब वह इस बात से अंजान थी.वह हुस्न से लबालब थी.
मेरे पास सात इंच लंबा और गोलाई में इंची टेप लपेटने पर साढ़े चार इंच मोटा, काला लौड़ा है, जिसका सुपारा एकदम गुलाबी है.दोस्तो, मुझे पोर्न मूवी देखना पसंद है … तो मैं मोबाइल में अक्सर एक न एक पोर्न मूवी रखता ही हूँ.
एक बार क्लास में उसने मुझसे मेरा फोन केलकुलेटर इस्तेमाल करने के लिए लिया था.
मैं पोर्न मूवी को डिलीट करना भूल गया था.यह मुझे बाद में याद आया.
मैं जैसे ही अपना फोन वापस लेने गया, मैंने देखा कि दिया का चेहरा शर्म से लाल था और वह लगातार नजरें चुराकर फोन में देखे जा रही थी.इससे मैं समझ गया कि वह लंड के ऊपर उछलती हुई लड़कियों को पहली दफा चुदवाते हुए देख रही है.
दोस्तो, जो चुदाई की फिल्म दिया ने देखी थी, दरअसल उसमें एक देसी लड़की नंगी लेटी हुई थी; उसे एक मर्द ताबड़तोड़ पेल रहा था.
हालांकि चोदने वाला लड़का और उसका हथियार उस फिल्म में नहीं दिखाया गया था.
मैं वापस अपनी बैंच पर आ गया और उसे देखने प्रिया.
वह अब जान चुकी थी कि मैं चूत का प्यासा हूँ और क्यों मैं उसकी चूचियों को, गांड और जांघों को घूरता रहता हूँ; उन्हें छूने की कोशिश में लगा रहता हूँ.
उस दिन शनिवार होने की वजह से कॉलेज की छुट्टी दोपहर में हो गई.हम दोनों घर के लिए निकले.
मैंने उससे कहा- तुम अपना बैग मुझे दे दो, तुम्हें ड्रइव करने में आसानी होगी.आज वह मान भी गई.
मैं जिस गांड और जांघों को पोर्न में देखता था, आज उन्हें मैं अपनी जांघों के बीच में महसूस कर रहा था.उसकी गांड के स्पर्श से मेरे लंड में सिरहन सी दौड़ गई थी.
मेरे लंड में तनाव आ गया.
दिया ने जैसे ही सलवार के अन्दर कैद अपने मखमली नितम्बों पर मेरा घोड़े जैसा तना हुआ लिंग महसूस किया, वह झट से आगे को खिसक गई और उसने स्कूटी की रफ्तार तेज कर दी.हम दोनों जल्द ही गांव पहुंच गए.
रात में ग्यारह बजे लगभग उसने मुझे मैसेज किया- हाय!मैं- हाय दिया, क्या बात है?
दिया- आज मैंने तुम्हारे फ़ोन में कुछ देखा था. तुम इतने गंदे हो, मुझे पता नहीं था!मैं- सॉरी यार दिया.
दिया- यार, तुझे तो ये सब बताते हुए मुझे शर्म भी आ रही है.मैंने हिम्मत करके पूछा- वैसे क्या देखा तुमने दिया?
दिया- तुम्हें तो पता ही होगा कि मैं किस बारे में बोल रही हूँ.मैं- मैं तेरी तरह होशियार नहीं हूँ. मेरा तो घोड़े जैसा है.
दिया- क्या कहा … क्या है तुम्हारा घोड़े जैसा?मैं- अरे! दिमाग ओर क्या?
दिया- ओके.मैं- यार दिया, ये सब मेरा पर्सनल मामला है. मुझे अच्छा लगता है तो मैं देखता हूँ. इसमें किसी का कोई नुकसान नहीं है और तुम मेरे साथ इतने समय से हो … क्या मैंने कभी तुम्हें कुछ कहा या कभी किसी से मेरे बारे में कुछ सुना?
दोस्तो, दिया को मेरा ये बोलना अच्छा लगा और उसका गुस्सा शांत हो गया.
दिया- ओके, मैं तेरी दोस्त हूँ इसलिए गुस्सा आ गया … सॉरी, बाय.मैं- यार, तू मुझसे दोस्ती तो नहीं तोड़ेगी न!
दिया- अरे नहीं बाबा, सो जा तू!
दोस्तो, एक लड़की जब दूसरी लड़की की चूचियों को जोर जोर से हिलता देखती है, तो उसकी चूत में कसाव, गांड में थिरकन और चूचियों के निप्पल कड़क न हो जाएं … ये हो नहीं सकता.वह सेक्स वीडियो देखकर दिया की चूचियों के निप्पल तो जरूर खड़े हो गए होंगे.
अगले दिन रविवार को दिया ने ये जाहिर भी कर प्रिया.
दिया का मैसेज आया- हाय.मैं- हैलो दिया, सॉरी कल के लिए.
दिया- इट्स ओके. मुझे तुमसे कुछ पूछना था.मैं- हां बोलो न दिया!
दिया- पहले प्रॉमिस करो कि तुम गुस्सा नहीं करोगे … और सच बोलोगे.मैं- पहले कभी बोला है तुमसे? तुम पूछो.
मेरे कहने के बाद दिया ने जो मैसेज किया, उसे पढ़ कर मैं हैरान हो गया.
दिया का मैसेज ये था कि यार तेरे फोन में एक लड़की खेत में जमीन पर नंगी पड़ी थी. वह जोर जोर से हिल रही थी. कहीं से थप थपचप चप चप की आवाज आ रही थी और वह लड़की ‘आह आह उह उह बहुत मोटा है भाई पूरा भीतर मत कर …’ ऐसा बोल रही थी.
इतना कह कर दिया चुप हो गई.मैंने बस हम्म लिखा.
दिया- वह अपने भाई को ये क्यों बोल रही थी कि बहुत मोटा है … और वह क्यी चीज भीतर नहीं करने को बोल रही थी?
मैं- मतलब तुमने बड़े ध्यान से वह वीडियो देखा था!दिया- बताओ भी यार प्लीज.
मैं- अगर मैंने साफ साफ बताया, तो तुम गुस्सा तो नहीं करोगी?दिया- पूछा भी तो मैंने ही है. तुम बस बताओ.
मैं- यार दिया, वह लड़की और उसका भाई खेत में कुछ कर रहे थे.दिया- कुछ मतलब … क्या कर रहे थे? क्या उसका भाई उसे मार रहा था और वह नंगी क्यों थी?
मैं- वह उसे नहीं बल्कि उसकी मार रहा था.दिया- क्या कहा तुमने? वह उसकी क्या मार रहा था?
मैं- अरे पगली, वह दोनों सेक्स कर रहे थे.दिया- ओह माई गॉड … भाई बहन में सेक्स छी छी … एक लड़की अपने भाई के साथ कैसे?
मैं- दिया जिस लड़की को वह (लंड) चाहिये होता है न तो वह लड़की उसे किसी से भी ले सकती है.दिया- वह क्या … साफ साफ कहो.
मैं- यार, मैंने साफ साफ बताया तो तुम गुस्सा करोगी.दिया- नहीं करूंगी, मुझे बस जानना है कि वह क्या चीज है?मैं- दिया उस चीज को मेल जेनाइटल ऑर्गन कहते हैं.
दिया- वैसे तो तुम्हारा दिमाग घोड़े जैसा है … और अभी तुम अंग्रेज़ी बोल रहे हो. देखो साफ साफ बताओ.
मैं- यार, उसका भाई उसकी चूत में अपना पेनिस यानि लंड डाल रहा था.दिया- छी: … कितनी गंदी बात बोल रहे हो तुम … पेनिस तो पेशाब करने में यूज होता है.
मैं- अरे पगली, तू बस किताबी कीड़ा है. तुझे दुनिया का परमसत्य नहीं पता. तू रहने दे … मैं खुल कर समझाउंगा, तो फिर गुस्सा करेगी.दिया- नहीं करूँगी, तू बता.
मैं- यार दिया, पेनिस सिर्फ मूतने के लिए बल्कि चुदाई करने में भी काम आता है. तुम्हें सेक्स का कुछ नहीं पता क्या?दिया- तुम चुदाई शब्द न बोलो. ये गंदा है … और मुझे बस इतना पता है कि सेक्स गंदी चीज है. इसमें पेनिस यूज होता है ये मुझे नहीं पता था.
मैं- यार, मुझे तो ऐसे ही शब्द आते हैं. तुम्हें जानना या समझना है तो बताओ?दिया- अच्छा ठीक है, तुम जैसे भी बताओ कि उसका भाई उसे हिला क्यों रहा था और वह आहआह की आवाजें क्यों निकाल रही थी?
मैं- दिया, उस लड़की का भाई अपने घोड़े जैसे लंबे मोटे लंड को उसकी गांड में डालकर धक्के मार रहा था, जिससे उसकी बहन की सुडौल चूचियां जोर जोर से हिल रही थीं.दिया- छी: … कितने गंदे हो तुम!
मैं चुप रहा.
दिया- वैसे तुम्हें कैसे पता कि उसका लंड लंबा और मोटा था?दोस्तो इस मैसेज में दिया ने लंड शब्द का यूज किया, मतलब दिया मचलने लगी थी.
मैंने रिप्लाई किया- यार, उस लड़की की चूचियां जोर से हिल रही थीं क्योंकि उसके भाई का लंड मोटा होगा, जिसकी वजह से उसे बहन की गांड में जोर के धक्के लगाने पड़ रहे थे … और वह आह आह उह उह बहुत मोटा है भाई … पूरा भीतर ना कर … ऐसा बोल रही थी.
दिया- उफ ओह माई गॉड … ये गंदा भी है. पर मेरे दिल में तो सुनने से ही धक धक हो रही है.मैं- अरे पगली, इस धक धक का मतलब है कि तुम्हें भी जोर जोर से घोड़े जैसे लंबे मोटे लंड पर उछलने का मन कर रहा है.
दिया- छी: तुम अपनी दोस्त को क्या बोल रहे हो?मैंने आंख मारने वाली इमोजी भेज दी.
दिया- वैसे तुम्हें कैसे पता कि वह लड़का अपनी बहन की गांड मार रहा था … न कि चूत?दोस्तो नोटिस किया आपने?ये दिया का सबसे बोल्ड और लंड में जान डालने वाला वाक्य था.
मैंने रिप्लाई किया- अब तो तुम गंदी बन रही हो, गांड मारने की बात कर रही हो?दिया- तुम बस जवाब दो.मैं- ओके … तो सुनो, वह जोर जोर से धकाधक धकाधक बजा रहा था और उसकी बहन चिल्ला रही थी … लंड को अन्दर पूरा जड़ तक डालने से रोक रही थी. ये तभी होता है, जब किसी लड़की की मखमली गांड की नेहा की जा रही हो.
दिया- यार, तुम्हारी बातों से तो लगता है कि मुझे …मैं- बोलो कि तुम्हें क्या?
दिया- यही कि मुझे भी खड़ा हुआ देखना है!मैं- क्या खड़ा हुआ देखना चाहती हो, सही से बोलो. हम दोस्त हैं यार.
दिया- मुझे खड़ा हुआ लंड देखना है.मैं- सच में … पर क्यों?
मेरी और मेरी सहेली की चुत की कामुकता-1
दिया- क्योंकि मैं जानना चाहती हूँ कि आखिर लंड में ऐसा क्या होता है … जो एक बहन अपने भाई के लंड पर गांड रगड़ने से एक बार भी नहीं कतराई. वह भी खेत में छिपकर!मैं- अच्छा ये बात है. ठीक है तो सेक्सी मूवी डाउनलोड करके देख लो. जिसमें खड़ा लंड दिखाया गया हो. बिग कॉक टाईप करके सर्च करना!
दिया- ये गंदा काम मैं नहीं करूँगी.मैं- तो मैं डाउनलोड करके दूँ क्या?
दिया- मुझे रियल में देखना है, फोन में नहीं!मैं- यार, ये तो आसान काम नहीं है.
दिया- तुम्हारा मतलब क्या है? मैं लंड की एक झलक भी नहीं झेल सकती?मैं- अरे पगली, वो बात नहीं है. मेरा मतलब ये है कि खड़े लंड का इंतजाम कैसे होगा?
दिया- ओह अच्छा … ये बात है!मैं- हां ये बात है.
दिया- क्यों तुम्हारे पास नहीं है?मैं- ओह माई गॉड … क्या सच में तुम मेरा लौड़ा देखना चाहती हो?
दिया- हां, वह लड़की अपने भाई को अपनी गांड के ऊपर चढ़ा सकती है लंड के लिए … तो मैं अपने दोस्त का तो देख ही सकती हूँ!
मैं- ओके तो ठीक है. मैं तैयार हूँ. पर हम ये लंड दिखाई कहां करेंगे?दिया- जैसे वह लड़की अपने भाई से खेत में लंड ले रही थी, ऐसे ही मुझे भी खेत में ही छिपकर तुम्हारा लंड देखना है.मैं- ठीक है कॉलेज जाते समय रास्ते में जो खेत मिलते है, वहीं किसी खेत में दिखाऊंगा.
अगले दिन हम कॉलेज से लगभग ढाई बजे निकले.
दिया ड्राइव कर रही थी.चलते चलते दिया ने खुद ही कहा- बताओ कहां रूकना है?
मैंने कहा- यार दिया, मैंने वेक्स नहीं किया है. नीचे झांटों का जंगल खड़ा है.यह सुनकर उसे हंसी आ गई, उसने कहा- कोई बात नहीं, मुझे बस एक बार देखना है.
दिया ने स्कूटी को एक गन्ने के खेत के किनारे रोक दी.मैंने कहा स्कूटी भी खेत के अन्दर कर देते हैं, नहीं तो किसी को शक हो जाएगा.दिया- ओके.
हम दोनों स्कूटी से उतरे.दिया स्कूटी को अन्दर ले गई और मुझे देखती हुई बोली- अब क्या?मैंने कहा- थोड़ा अन्दर चलते हैं.
दिया ये करते हुए घबरा भी रही थी और लंड पास से देखने में कैसा लगता है, ये जानने के लिए तरस भी रही थी.
मैंने दिया का हाथ पकड़ा और खेत के बीच में ले गया जहां हमारे बोलने का भी पता किसी को न चले.
दिया ठीक मेरे सामने खड़ी हो गई और वह कभी अपने बालों को तो कभी अपने सलवार सूट को नजरें चुराकर संवारती.
उसने हिम्मत करके कहा- अब दिखाओ.मैंने मौके का फायदा उठाया और कहा- तुम्हारे सामने खड़ा तो हूँ, खुद ही मेरी पैंट खोलकर देख लो न!
दोस्तो, उस वक्त मेरा लंड पैंट के अन्दर ही थोड़ा तना हुआ था.
दिया आगे बढ़ी, पर पहले उसने बिना लंड बाहर निकाले पैंट के ऊपर से ही लंड को पकड़ा.मेरा आधा लंड उसकी मुट्ठी से बाहर था.
मैंने कहा- दिया, तुम घुटनों के बल बैठ जाओ और दोनों हाथों से लंड की लंबाई महसूस करो.दिया ने अपनी चुन्नी उतार कर साइड में रख दी और लंड को दोनों हाथों से पकड़ा.
चुन्नी हटा देने से दिया की कसी हुई चूचियों की गोलाई और बीच की दरार साफ नजर आ रही थी.दिया ने मेरी पैंट को खोलकर नीचे घुटनों तक सरका प्रिया.
मेरा कच्छा पसीने की वजह से लंड पर चिपका हुआ था. उसने मेरे लंड की मोटाई को देखा और अपना थूक निगलने लगी.मेरे लंड का सुपारा तनाव की वजह से कच्छे से बाहर निकला हुआ था.
दिया शर्म से दूसरी ओर देखने लगी.मैंने उसका एक हाथ पकड़ा और अपने सुपारे पर टिका प्रिया.
दिया ने मेरी ओर देखा और झट से हाथ हटा लिया.
मैंने दिया से कहा- मेरा कच्छा निकाल दो.
उसने जैसे ही कच्छा नीचे सरकाया, मेरा काला लंड झूलता हुआ उसकी आंखों के सामने आ गया.
दिया लगातार लौड़े को घूर रही थी.मैंने उसकी आंखों के सामने अपने लंड से फुंफकार लगवाई.
हिलते हुए लंड को उसने अपने हाथ में पकड़ लिया.वह लंड को नीचे करती, पर लंड अपने आप ऊपर आ जाता.
उसने पूछा- ये कितना बड़ा होगा?मैंने कहा- खुद ही नाप लो.
दिया ने अपने बैग से छह इंच वाला स्केल निकाला और लंड पर रख प्रिया.उसका स्केल भी एक इंच कम पड़ गई.मतलब मेरा लौड़ा सात इंच का था.
लंड की लम्बाई नापने के बाद दिया ने अपने हाथ की कलाई को मेरे लौड़े के बगल में लगाया और बोली- ओह माई गॉड … ये तो मेरे हाथ जितना मोटा है.
यह सुनकर लौड़ा और फुंफकार मारने लगा.
इतने में दिया का फोन बजने लगा.उसने एक हाथ में लंड और दूसरे हाथ से फोन उठाया.
फोन उसके घर से आया था.उसने कहा- मम्मी मैं अभी कॉलेज में हूँ आधा घंटा बाद कालेज से निकलूंगी.ये सब वह हकलाती हुई बोली.
दिया ने फोन रखा और जाने के लिए बोलने लगी.मैंने कहा- लंड दिखाने के बदले में मुझे भी तो कुछ दो!
दिया होंठ काटती हुई बोली- क्या दूँ मैं तुम्हें?मैंने कहा- दिया, अपने गुलाबी गीले गीले होंठों को मेरे लौड़े पर रगड़ दो प्लीज!
दिया ये सुनकर अपना थूक निगलने लगी.मैं हिम्मत करके अपने तन्नाए हुए लंड को उसके होंठों के पास जैसे ही लाया, वह एकदम से पीछे को हट गयी.
वह बोली- तुम्हारी झांटें बहुत गंदी लग रही हैं और पसीने की गंध अच्छी नहीं है.मैंने मायूसी भरा मुँह बनाया.
दिया बोली- मैं हाथों से रगड़ दूँ.मैंने कहा- ठीक है, पर तुम्हें अपना थूक लगाकर लंड को रगड़ना पड़ेगा!
दिया मान गई.
पहले उसने लंड पर थूक गिराया, फिर अपनी मुट्ठी से पूरे लंड पर थूक फैलाया. देखते ही देखते लपड़ चिपड़ लपड़ चिपड़ की आवाज दिया और मुझे दोनों को मदहोश करने लगी थी.
थोड़ी देर बाद दिया बोली- अब घर जाना चाहिए, मम्मी का फोन आया था.मैंने कहा- दिया, एक और चीज करनी है प्लीज!
वह बोली- क्या करना है, बोलो?मैंने कहा- यार. मुझे तुम्हारी जांघों के बीच में लंड रगड़ना है.
वह पहले तो शर्माई, पर मैंने उसके दोनों हाथों को अपने हाथों में ले लिया और उसे मनाने लगा.दिया मान गई.
मैंने दिया से कहा- अपनी सलवार उतार दो.दिया बोली- लंड तुम्हें रगड़ना है न … तो सलवार भी तुम्हीं खोल दो.
मैंने झट से उसकीसलवार का नाड़ाढीला कर प्रिया. सलवार अपने आप नीचे सरक गई.
दिया की जांघों की गोलाई और कसाव इस तरह की थी, जैसे किसी फिटनेस गर्ल की होती है.
मेरे लंड का सुपारा तनकर मेरी टुंडी (नाभि) तक चला गया था.
दिया बोली- अब देर मत करो, आओ रगड़ो अपने काले अजगर को मेरी जांघों में!
मैंने दिया की जांघों पर थूक लगाया और अपना लंड ठीक दिया की पैंटी के नीचे से जांघों के बीच में डाल प्रिया और दिया को अपनी बांहों में लेकर जोर से धक्के लगाता और लंड को रगड़ता.दिया की पैंटी गीली हो गई थी. उसकी सांसें गर्म और तेज हो चुकी थीं.
थप थप की आवाज गूंज रही थी.दिया मुझसे कसकर लिपटी हुई थी.
मैंने दिया के दोनों नितम्बों को अपने दोनों हाथों में लेकर निचोड़ा, तो दिया के मुँह से आह आह आह इइइ उउउ की आवाजें निकलने लगी थीं.
दिया की पैंटी गीली हो चुकी थी.इस तरह से पंद्रह मिनट तक लगातार लंड पर जांघों की रगड़ से मेरा वीर्य विसर्जन हो गया.
वीर्य दिया की जांघों पर टपक गया था.
दिया का पहली बार था. उसकी टांगें कांप रही थीं.
मैंने दिया की जांघों को साफ किया.
इतने में उसके घर से दोबारा फोन आ गया.
इस बार दिया सकपका गई और बाहर को खड़ी अपनी स्कूटी की ओर चलने को हुई.
मैंने कहा- अरे रंडी, सलवार तो पहन ले.
वह मुस्कुराई और सलवार ऊपर चढ़ा कर उसका नाड़ा बांधती हुई खेत से बाहर निकल गई.पीछे पीछे मैं भी अपने कपड़े सही करते हुए आ गया.
हाफ सेक्स के बाद हम दोनों ही पसीने में लबालब थे.वह बोली- मुझसे स्कूटी नहीं चलेगी … घबराहट सी हो रही है.
मैंने स्कूटी को ड्राइव किया और घर आ गए.
इस हाफ सेक्स विथ GF के बाद दिया ने मुझे किस तरह से चूत चुदाई का मजा प्रिया, वह सब आपके विचार जानने के बाद लिखूँगा.नमस्कारsupport@mohakkisse.com