यह घटना उस टाइम की है जब मैं 12वीं में पढ़ता था और मेरी दोस्ती एक लड़की आरती से हो गई. वो क्लास में मेरे आगे बैठती थी.मैं अपने बारे में बता दूँ, मैं 5’6″ का एक ठीक ठाक लड़का हूँ पर लड़कियों को पटाने के मामले में एक्सपर्ट हूँ. वो लड़की जो मेरी दोस्त है. उसके बारे में भी बता दूँ, वो बहुत खूबसूरत है, क्लास के सभी लड़के उस पर मरते थे पर आरती किसी को भाव नहीं देती थी.
उस लड़की आरती का घर और मेरा घर पास पास ही है तो हमारे परिवारों में आपस में आना जाना है. किसी तरह मैंने उसे पटा लिया और उसके साथ किस-विस तो कर लिया पर सेक्स का मजा अभी नहीं लिया था.मैं उसको काफी दिनों से चोदना चाहता था पर वो मना कर प्रिया करती थी पर मैं तो उसकी चूत के पीछे पड़ा हुआ था.
आखिर वो दिन आ ही गया जिसका मुझे इंतजार था.हमारे एग्जाम चल रहे थे और आरती के परिवार की रिश्तेदारी में शादी थी, अब वो तो शादी में नहीं जा सकती थी इसलिए उसके पापा ने मेरे पापा से बोला कि उसको कुछ दिनों के लिए आपके पास रखें.मेरे पापा ने हामी भर ली.
मेरे मन में भी लड्डू फूटने लगे, मैं अब उसको चोदने का प्लान बनाने लगा. मैं मार्केट गया और कंडोम लेकर आया और रात होने का इंतजार करने लगा. आरती जो मेरी दोस्त है, वो मेरे घर पर आ चुकी थी और मेरी सिस्टर से बातें कर रही थी.
फिर हम सब खाना खा कर अपना अपना काम करने में लग गये.मैंने मम्मी को बोला- मैं पढ़ाई करने जा रहा हूँ.तो मम्मी ने बोला- आरती को भी साथ में ले जा, दोनों साथ में पढ़ाई कर लेना!मैंने कहा- ठीक है मम्मी!
हम ऊपर वाले रुम में चले गये और दरवाजा बंद कर लिया.फिर मैं उस पर टूट पड़ा उसके साथ लिप किस करने लगा. करीब 10 मिनट तक हम किस करते रहे, फिर मैंने उसको कपड़े उतारने के लिए बोला तो मना करने लगी.
मैंने सोचा अब यह मानने वाली नहीं है, मुझे ही कुछ करना पड़ेगा तो मैंने उसको फिर से किस करना चालू कर प्रिया. मैं एक हाथ से उसके मम्मे दबाने लगा तो वो झिलमिला उठी. मैंने अपनी पकड़ को मजबूत बना लिया अब मैंने उसके दोनों हाथो को पकड़ कर एक हाथ उसकी चूत पे ले गया.उसकी हर कोशिश नाकाम थी, अब मैं उसकी चूत को सहलाने लगा, काफी देर के बाद वो भी अपना सहयोग देने लगी तो मैंने सोचा कि मामला जम गया.
अब मैंने उसका पजामा उतार प्रिया और उसकी टीशर्ट भी उतार दी. अब मैं उसके मम्मे दबा रहा था.
उसने भी मेरे सारे कपड़े उतार दिए, मैं बिल्कुल नंगा था.
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अब मैंने भी उसकी पेंटी और ब्रा उतार दी, उसके बड़े बड़े मम्मे मेरी आँखों के सामने थे, मुझे यकीन नहीं हो रहा था पर यह सच था!फिर मैंने उसके मम्मों को बारी बारी से दबाया और साथ में किस भी कर रहा था. अब मैं किस करते करते उसकी चूत तक आ गया और उसको चाटने लगा.
उसके मुँह से ‘स्ससीई आआह्ह ऊउह्ही स्सस्स स्सीईईईई की आवाज आ रही थी, उसका शरीर अकड़ने लगा और वो जोर की सिसकारी के साथ झड़ गई, मैंने उसका सारा पानी पी लिया.
इसके बाद मैंने उसको अपना लंड चूसने के लिए बोला तो उसने मना कर प्रिया. इस बात पर मेरा दिमाग खराब हो गया, मैंने उसके मुँह को पकड़ा और अपना 7″ का लंड उसके मुँह में दे प्रिया.शुरू शुरू में तो उसने नहीं चूसा पर मैंने भी अपना लंड बाहर नहीं निकाला तो फिर उसने धीरे धीरे उसने चूसना चालू कर प्रिया.
करीब 20 मिनट के बाद मैं झड़ने वाला था तो मैंने उसके मुँह में ही निकाल प्रिया, वो उसको थूकने लेगी पर मैंने उसको जबरदस्ती पिला प्रिया. वो अपने मुँह को बिगाड़ रही थी पर वो मेरा सारा वीर्य पी गई.
अब मेरा लंड वापस चुदाई करने को तैयार था, मैंने अपना कंडोम का पैकेट निकाला और एक कंडोम लंड पर लगाया और अपना सुपारा उसकी चूत पर रखा तो उसके मुँह से एक सिसकारी निकली ‘उम्म्ह… अहह… हय… याह…’मैंने एक धक्का लगाया, तब मेरा आधा लंड ही अंदर गया और वो जोर से चिल्लाने वाली थी पर मैंने उसका मुँह अपने होंठों से बंद कर प्रिया.
उसको काफी दर्द हो रहा था.मैं थोड़ी देर के लिए रुका, जब उसका दर्द कम हुआ तो एक और धक्का मारा तो पूरा लंड अंदर चला गया.अब वो भी अपनी गांड उठा उठा के मेरा साथ दे रही थी, उसके मुँह से आआअह्ह ह्हह आआअह्ह ह्हह्ह ह्ह्ह ह्ह्ह्ह स्स्स स्स्स्स स्स्स जैसी आवाजें आ रही थी.
काफी देर बाद मैं वापस तैयार था लेकिन उसकी तकलीफ देखा कर मैंने उसे दोबारा नहीं चोदा.
वो मेरे घर पर 3 दिन रुकी और 3 दिन तक मैंने उसको खूब चोदा, मैंने उसकी गांड भी मारी और अब जब भी मौका मिलता है, मैं उसको चोदता हूँ.मेरी यह सेक्सी कहानी कैसी लगी, अपनी राय मुझे भेजें! आप के मेल का मुझे इंतजार है, धन्यवादsupport@mohakkisse.com