किस्से पर वापस जाएं
कोई मिल गया पठन समय: 6 मिनट पढ़ा गया: 1,045 बार

दोस्त की चालू गर्लफ्रेंड की चुदाई

विक्रम चौहान

17 Dec 2010 को प्रकाशित

दोस्त की चालू गर्लफ्रेंड की चुदाई
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

वैसे तो मैं बिहार का रहने वाला हूँ पर चार साल से मैं अपने एक दोस्त के साथ दिल्ली में रह रहा हूँ। मैं यहाँ की एक आईटी कंपनी में काम करता हूँ।

करीब चार महीने पहले की बात है जब मैंने जॉब छोड़ रखी थी और अपने रूम पर ही रहता था। मेरे दोस्त ने एक गर्लफ्रेंड बनाई थी जो हमारे मोहल्ले में ही रहती थी। वो अक्सर उससे मिलने के लिए रूम पर आती थी। हम साथ में बैठकर ड्रिंक भी करते थे और हंसी मजाक होती रहती थी। उसकी गर्लफ्रेंड का नाम पूजा था और वो देखने में बहुत सेक्सी थी। उसका कद 5 फ़ुट 5 इंच था और चुच्चे तो कमाल के थे।

मुझे कई बार उस पर शक होता था कि वो एक नंबर की चुदक्कड़ है। और वो थी भी एक नंबर की रण्डी! उसका पहले से ही एक आशिक था जो उसके होम टाऊन का था पर वो नौकरी करने लिए दिल्ली में रहती थी। करीब एक हफ्ते तक वो रोज आती रही, मेरा दोस्त उसे चोदता रहा। अब मेरा भी लंड उसको देखकर खड़ा होने लगता था। मैंने सोच लिया कि अब इसकी बूर तो चोदनी ही है किसी भी हाल में।

इसलिए वो जब भी आती मैं उसे मजाक मजाक में छूता रहता था। कभी कभी तो मैं उसके चुच्चों पर भी हाथ लगा देता था पर वो सिर्फ मुस्कराकर चली जाती थी। मैं समझने लगा था कि अब इसकी बूर के दर्शन जल्दी ही होने वाले हैं।

इधर मेरा दोस्त अपनी काम की वजह से व्यस्त रहने लगा था और उससे मिल नहीं पा रहा था और ज्यादा बात भी नहीं कर पाता था। वो मुझे कॉल करने लगी और हमारी काफी देर देर तक बाते होने लगी। मैं उससे हमेशा फ्लर्ट करता रहता था कॉल पर।

एक दिन मेरा दोस्त ऑफिस गया था तो मैंने उससे मिलने के लिए बुलाया। पहले तो उसने बहुत नखरे दिखाए पर फिर उसने बोला कि तुम कुछ करोगे तो नहीं?

तो मैंने कहा- मैं जबरदस्ती कभी नहीं करता किसी के साथ!

तो मान गई और मेरे कमरे पर आ गई। मैंने दरवाज़ा बंद कर लिया और उसे अन्दर के कमरे में ले गया। मैं अपने बिस्तर पर बैठ गया और वो कुर्सी पर। फिर मैं उसे छेड़ने लगा तो मुझे थप्पड़ दिखाती हुई मेरी तरफ बढ़ी तो मैंने उसका हाथ पकड़ कर अपनी तरफ खींचा और अपनी गोद में बिठा लिया। वो बैठते ही मेरे सीने से लग गई और मैं अपना हाथ उसकी पीठ पर फ़िराने लगा तो वो जोश में आने लगी।

मैंने मौका न गवांते हुए तुरंत उसे बिस्तर पर लिटा दिया और उसके चुच्चे टॉप के ऊपर से ही दबाने लगा। उसकी मुँह से सिसकारियाँ निकलने लगी थी और मजे लेने लगी थी। पहली बार था जब कोई लड़की इतनी आसानी से मान गई थी।

मैंने उसकी टॉप उतार कर अलग रख दी और उसकी पैंट भी तुरंत उतार दी। अब वो मेरे सामने नीले रंग की पेंटी और ब्रा में थी। मैं भी तुरंत अपने अंडरवीअर के अलावा सारे कपड़े उतार कर उसके ऊपर चढ़ गया और उसके चचों को जोर जोर से दबाने लगा।

वो सिसकारियाँ भरती रही और मजे लेती रही।

अब मेरा लंड उसकी चूत में जाने के लिए उतावला हो रहा था। मैंने जल्दी जल्दी अपने और उसके सारे कपड़े उतार कर उसको नंगी कर दिया। क्या सेक्सी माल लग रही थी, मैं आपको बता नहीं सकता। मैं उसकी दोनों चूचियों को चूसता रहा और अपनी ऊँगली उसकी चूत में पेल दी तो वो कराह उठी तो मैंने तुरंत अपना मुँह उसकी चूचियों से हटा कर उसके होठों पर रख दिया और चूसने लगा। अब हम दोनों पूरी तरह गर्म हो चुके थे। मैं ऊपर की तरफ बढ़ा और अपना लंड उसकी मुँह में पेल दिया। वो लॉलीपोप की तरह मेरे लंड को चूसने लगी और मुझे बहुत मजा आ रहा था।

मैं फिर नीचे की तरफ बढ़ा और उसकी दोनों टांगों को फैलाकर अपना लंड उसकी चूत पर रगड़ने लगा और वो सिसकारती रही, उह आह उह आह की आवाज़ें निकालती रही।

फिर मैंने आव देखा न ताव अपना लंड उसकी चूत पर रखकर जोर से धक्का मारा तो मेरा आधा लंड उसकी चूत को फाड़ता हुआ उसकी बूर में घुस गया। वो जोर से चीख पड़ी तो मैं रुक गया और उसके होठों को चूमने लगा।

धीरे धीरे वो सामान्य होने लगी और उसकी चूत गीली होने लगी तो मैंने फिर एक धक्का मारा तो मेरा पूरा लंड उसकी चूत में घुस गया और उसके मुँह से आवाज़ निकली- आह उई आह अह अहए।

मैं फिर धीरे धीरे उसकी चूत में अपना लंड अन्दर बाहर करने लगा। उसे अब बहुत मजे आ रहे थे और अब बोलने लगी- और चोदो मुझे और चोदो विक्रम! आज मेरी चूत फ़ाड़ दो।

मैं और जोश में आकर उसे आधा घण्टे तक चोदता रहा फिर हम दोनों झड़ गए और एक दूसरे से लिपट कर लेटे रहे। उस दिन मैंने उसकी चूत तीन बार मारी। फिर वो मुझे अक्सर रात को अपने कमरे पर बुलाती रही और मैं एक महीने तक उसे लगभग हर रात को चोदता था।

फिर मेरी भी जॉब लग गई और हम दोनों अपने काम में व्यस्त हो गए।

अभी भी हम कभी कभी समय निकाल कर मिलते हैं और जबरदस्त करते हैं।

यह थी मेरी सच्ची चुदाई की कहानी, आपको कैसी लगी, बताना जरूर!support@mohakkisse.com

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

मेरी जवान बुआ की चुदाई का मजा लिया
कोई मिल गया

मेरी जवान बुआ की चुदाई का मजा लिया

हॉट बुआ सेक्स स्टोरी में एक शादी में मुझे दूर के रिश्ते की बुआ के साथ सोने का मौका मिला. बुआ की छाती मेरे चेहरे के पास थी. मेरा लंड खड़ा हो गया.

6 मिनट 980
भिखारी को बेटा बनाकर उसके लंड से चुदी
कोई मिल गया

भिखारी को बेटा बनाकर उसके लंड से चुदी

हिंदी Xxx सेक्स कहानी में मैं पति की गैरमौजूदगी में लंड के लिए तरस रही थी कि मुझे एक भिखारी लड़के का लंड दिखा तो मैं उसे घर ले आयी क्योंकि उसका लंड 8″ का था.

19 मिनट 686
ट्रेन में मिली भाभी ने दिया सेक्स का मजा
कोई मिल गया

ट्रेन में मिली भाभी ने दिया सेक्स का मजा

गरम भाभी सेक्स स्टोरी में ट्रेन में मेरी रिज़र्व सीट पर एक भाभी बैठी थी. उसकी टिकेट कन्फर्म नहीं थी. उसने मेरी सीट शेयर कर ली और मेरे साथ लेट गयी.

6 मिनट 1,135

पाठकों की राय

2 टिप्पणियां

युवराज 007

3 weeks ago

अगला भाग जल्दी से अपलोड कर दो भाई, अब और इंतज़ार नहीं होता।

टीना बैसा

3 weeks ago

बहुत ही गजब का लिखा है लेखक भाई। आपका लिखने का स्टाइल बहुत बढ़िया है।

🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।