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भाई बहन पठन समय: 7 मिनट पढ़ा गया: 541 बार

माँ और बहन के साथ खुल्लम खुल्ला चुदाई

नेहा सिंह ब्राजील

21 Mar 2010 को प्रकाशित

माँ और बहन के साथ खुल्लम खुल्ला चुदाई
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नमस्कार दोस्तो, मेरा नाम पूजा सिंह, मैं खूबसूरत हूँ… स्मार्ट हूँ, सेक्सी हूँ. मेरे दो भाई हैं, हम सब माता पिता जी के साथ ब्राज़ील में रहते हैं. पापा बैंक मैनेजर हैं.

जब मैं स्कूल में थी, पापा सबको साथ लेकर यहाँ चले आए थे. भारत कभी-कभी जाना होता है. अब तो यहाँ पर रहते हुए 12 साल हो गए हैं, अब सब यहीं के माहौल में रंग गए हैं.

हम सब हाउस सेक्स करते हैं. मेरी माँ आज भी 3 बंदों से एक साथ चुद जाती हैं. हम सभी के बीच सब कुछ ओपन है और सब एक साथ एक ही बिस्तर में चुदाई कर लेते हैं. मगर आज मैं अपने ब्राजील की नहीं, अपनी मामी के घर में हुई की चुदाई बताने जा रही हूँ.

एक बार हम भारत आये तो हम एयरपोर्ट पर उतरे तो मामा जी गाड़ी लेकर बाहर खड़े थे. हम गाँव के लिए चल दिए. हमारा गाँव कुछ 15 किलोमीटर दूर था. रास्ते में मेरा भाई मेरी स्कर्ट के नीचे से मेरी चुत में उंगली कर रहा था.ये देख कर मॉम कहने लगीं- घर पहुँच जाएं, उसके बाद कर लेना.

मगर मेरा भाई है ही पैदायशी कमीना.. वो मॉम उनकी सलवार के ऊपर से ही उनकी चुत में भी उंगली करने लगा. मामा गाड़ी चला रहे थे और पापा आगे बैठे बातें कर रहे थे.‘और साले साहब कैसी चल रही है जिंदगी..?’‘सब ठीक ही चल रहा है.. आप बताओ जीजा जी!’‘भाई हमारा क्या है.. तुमने बहन ही ऐसी दी कि कभी दिल ही नहीं भरता है. हर रोज़ सुहागरात होती है.. तुम्हारी सेक्स लाइफ कैसी चल रही है?’

मामा चुप रहे.. उन्होंने कुछ नहीं बोला.

हम सब घर पहुँच गए. मैं और मेरा भाई बहुत खुश थे क्योंकि मामा का घर बहुत बड़ा है. उनके पूर्वज जमींदार थे.

अभी बस मामा जी और मामी रहते हैं. गाँव की दो औरतें उनके घर में काम करने के लिए आती हैं. बस मेरा भाई तो पहले दिन से ही उनके पीछे उन्हें चोदने के लिए पड़ गया.

दूसरे दिन हम सबने खाना खाया और मामा जी शहर के लिए निकल गए. उनकी राजनैतिक पार्टी की कोई सभा थी तो उन्हें उसमें जाना था.मैं और मेरा भाई घर में घूमने के लिए ऊपर के फ्लोर पर चले गए. ऊपर के फ्लोर पर कई कमरे हैं. मेरा भाई और मैं पूरी मस्ती में थे, हम ऊपर जाते ही किस करने लगे. मैं उससे छूट कर भागने लगती तो मेरा भाई मुझे पकड़ कर रोमांस करने लगता.

मैं आपको बता दूँ कि ये एक तरह का सेक्स करने का तरीका है.. इससे कामोतेज्जना बढ़ जाती है.उसने पीछे से पकड़ कर मुझे उठा लिया और बगल में रखी टेबल पर बिठा कर मेरी नाईट ड्रेस का पजामा निकाल प्रिया. पजामा खींचा तो मेरी पैंटी भी निकल गई. अब वो अपनी जीभ से मेरी चुत को चाटने लगा. चुत पर उसकी जीभ लगते ही मैं सातवें आसमान पर उड़ने लगी और मैंने पैर फैला कर चुत खोल दी.

मैं ‘अह… ऊह..’ कर रही थी. मैं उसके बाल पकड़ कर उसे अपनी चूत में धकेले जा रही थी. वो हाथों को ऊपर करके मेरी चूचियां दबाने लगा. मैं पूरे जोश में थी इसलिए दस मिनट में ही झड़ गई.

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उसने मेरी चुत का सारा माल चाट कर साफ़ कर प्रिया. अब मैं टेबल से उतर कर उसके नीचे बैठ गई और उसकी पेंट उतार दी. साला कभी भी चड्डी नहीं पहनता है. मैं उसका लंड चाटने लगी. लंड को लॉलीपॉप की तरह चूसने लगी.

कुछ मिनट बाद उसने मुझे रोका और मेरी टी-शर्ट उतार कर मुझे खम्बे से सटा प्रिया. इसके बाद उसने मेरी एक टांग उठाई और अपना लंड मेरी बुर के छेद से लगा कर एक ही झटके में अन्दर कर प्रिया. मेरी चीख निकल गई.मैंने कहा- बहन चोद, इतना हब्शी क्यों हो रहा है.. थूक तो लगा लेता.उसने कहा- मेरी प्यारी बहन, तू अब कुंवारी तो रही नहीं.. तो पहले ही शॉट में ही तेरी चीख का मजा ले लेता हूँ.ये कहते हुई उसने फिर एक करारा शॉट लगा प्रिया. अब वो मेरी चुत में जोर-जोर से धक्के मारने लगा.

फिर मैं घोड़ी बन गई और दस मिनट बाद मैं फिर से झड़ गई.मेरी चुत के झड़ने की वजह से फच-फच की आवाज आने लगी थी. मेरे भाई ने लंड को मेरी चूत से निकाल लिया और मेरी गांड में डालने लगा. मेरी गांड अभी टाईट है, क्योंकि अभी तक इसमें एक ही लंड गया है.. वो भी मेरे बाप का लंड गया था. वो एक अलग मस्त कहानी है.. उसे बाद में बताऊंगी.

भाई के लंड पर मेरा वीर्य लगा होने की वजह से लंड को अन्दर जाने पर उसे तो कोई प्रॉब्लम नहीं हुई मगर मेरी गांड फट गई. उसने अपने लंड को सैट किया और अपने फेवरिट शॉट मारते हुए एक ही शॉट में मेरी गांड में घुसेड़ डाला.मेरी फिर से चीख निकल गई- अह.. बहन के लंड धीरे कर..

मेरी आवाज इतनी तेज थी कि पूरे घर में आवाज गूँजने लगी थी. मैंने उसे दर्द की वजह से लंड को बाहर निकालने को बोला, वो दो मिनट के लिए रुक गया. तभी उसका फ़ोन बजने लगा, उसने हाथ बढ़ा कर जमीन पर पड़े ट्रैक पेंट से फ़ोन निकाला और लंड लगाए हुए बात करने लगा. इसके बाद फोन रख कर फिर से आराम आराम से मेरी गांड में लंड को अन्दर-बाहर करने लगा.मैंने पूछा- कौन था?वो झटके मारते हुए बोला- मॉम थी.. गाली दे रही थी.. ‘मादरचोद, आराम से चोद उस साली से बोल पूरे गाँव से नहीं चुद रही है, जो इतना आवाज कर रही है.’

मेरी हंसी निकल गई कि मॉम को मेरी आवाज सुनाई पड़ गई है.

अब भाई ने स्पीड तेज कर दी.. मगर दर्द की वजह से मेरी आवाज रुक नहीं रही थी. वो भी पूरे जोश में था, उसके झटके मुझे नानी याद दिला रहे थे. ऐसे तो मॉम बताती थी कि मेरे बाप ने नानी को बहुत चोदा है.

भाई के लम्बे-लम्बे झटके देने के बाद फ़ाइनल उसका लंड मेरी गांड में ही झड़ गया. वो जमीन पर बैठ गया, मैं उसके लंड पर बैठ गई और हम दोनों एक-दूसरे को चूमने लगे.उसने कहा- चल जल्दी से कपड़े पहन ले.. नीचे रंडीबाजी चल रही है. जब माँ ने फ़ोन किया था तो उनकी किसी से चुदने की बहुत आवाज आ रही थी.

मेरे पास अपने जीवन की बहुत कहानियां हैं. अगर आप चाहते हैं कि मैं और भी कहानियां में आपके साथ शेयर करूँ, तो आप बताएं कि ये चुदाई की कहानी कैसी लगीsupport@mohakkisse.com

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