जवान लड़की

मामा ने मेरी जवान बहन चोद दी

लेखक: सलीम अनवर दिनांक: 11-01-2023 पठन समय: 16 मिनट

मेरी रण्डी बहन चुदी मेरे मुंहबोले मामा से! मेरी अम्मी का मुंहबोला भाई मेरी जवान बहन को पिछले 4 साल से चोद रहा था पर मुझे तब पता चला जब मैंने उनकी लाइव चुदाई देखी.

सभी लंड वालों को और चूत वालियों को मेरा सलाम!मेरा नाम सलीम खान है, मेरे परिवार में मेरी अम्मी रेशमा, मेरे बड़ी बहन आसमां, मेरी छोटी बहन महजबीं और मैं सलीम!

पिछली कहानीमेरी बड़ी बहन ठेकेदार से चुद गयीमें आप लोगों ने पढ़ा कि कैसे मेरी बहन आसमां चुद गई बबला ठेकेदार से!

अब आगे की कहानी सुनिए कि कैसे मेरी रण्डी बहन चुदी:

मेरी बहन और मैं ठेकेदार से पैसे लेकर बाजार में गए तो वहाँ मेरी अम्मी और महजबीं मेरी बहन मिल गई.

अम्मी- बहुत देर कर दी तुम लोगों ने?आसमां: अरे अम्मी, वो रेत खत्म हो गयी थी तो बाहर वाली रेत डालने में देरी हो गयी.

फिर मेरी बहन ने 500 रूपये अम्मी को दिए और कहा- ये ठेकेदार ने खुश होकर इनाम प्रिया है.अम्मी खुश होकर- ठेकेदार साहब कितने अच्छे हैं, 500 का इनाम दे प्रिया. चलो इसका मीट खरीद लेते हैं. गोश्त खाये बहुत दिन हो गए हैं.

मेरी बहन मन में कहती है- हां खाओ गोश्त मेरी चूत की कमाई का!

फिर हम हाफिज मामा की दुकान जो हमारे घर के पास है, पर गए.

हाफिज की किराने की दुकान है और अम्मी हाफिज मामा से घर का सामान उधार लेती रहती है.

अम्मी बोली- हाफिज भाई, आपका कितना बकाया है? आज मजदूरी मिली है.हाफिज हिसाब देख के बोला- रेशमा बहन, आपका 3000 का बकाया है.

मेरी अम्मी ने उसको रुपये दिए है और कहा- हाफिज भाई, आज घर पर आ जाना खाना खाने … हम गोश्त लाये हैं.हाफिज हां में सर हिलाता है.

फिर अम्मी और बहनें घर में काम लग गयी.

खाना पकने पर मुझे अम्मी ने हाफिज मामा को बुलाने भेज प्रिया.

मैं उनकी दुकान पर पहुंचा तो वे तैयार ही थे.उन्होंने मुझे एक चॉकलेट दी और मेरे साथ घर चल पड़े.

हाफिज मामा के आने पर मेरी अम्मी रोटी बनाने लगी.

मेरी अम्मी आसमां को बोली- जाओ मामा के हाथ धुलवा दो और उनको चटाई बिछा के बिठाओ.

मेरी बहन जब मामा के हाथ धुलवाने गयी तो मामा कहने लगे- कल काम पे मत जाना, कोई बहाना कर लेना.और वे मेरी बहन की कमर पे हाथ फेरने लगे.

मेरी बहन ने उनके लन्ड को पैन्ट के ऊपर से पकड़ कर खींच लिया.हाफिज मामा दर्द से आह आह करने लगे.

इतने में अम्मी की आवाज़ आई- आ जाओ हाफिज भाई. खाना तैयार है!

फिर सब खाना खा कर सो गए.

सुबह अम्मी आसमां को उठाने गयी तो मेरी बहन बोली- अम्मी, मेरी तबीयत ठीक नहीं है. मैं आज काम पे नहीं जाऊंगी.अम्मी- ठीक है आराम कर. और सलीम को यही अपने पास रख. दिन का खाना इसके साथ भेज देना.

तब अम्मी और महजबीं काम पर चली गयी।

मेरी बहन ने जो 500 छुपाये थे, वे निकाल कर मुझे कहने लगी- जा 2 मीठे पान और एक सिगरेट की डब्बी लेकर आ. और हां, छुपा के लाना.मैं- जीजी, ये सिगरेट और पान किसके लिए मंगा रही हो?मेरी बहन बोली- ये हाफिज मामा के लिए हैं. तुम जाओ और आते वक्त हाफिज मामा को बुला लाना!

मैं- क्यों जीजी, क्या काम है मामा से?आसमां- वो कल का गोश्त थोड़ा बच गया है. तो नाश्ता कर लेंगे और तू भी खा लेना!

मैं- जीजी, मेरे लिए बोटियां रखना, सब मामा को मत खिला देना!आसमां- ठीक है बाबा. अब तुम जाओ.

मैं सामान लेकर हाफिज मामा की दुकान पर जाकर उनको बुला लाया.

तब तक मेरी बहन ने गोश्त को गरम कर लिया और गरम गरम रोटियां हम दोनों को खिलाने लगी.

मैं खाना खाकर हाथ धोने लगा और मेरी बहन भी मामा के पास आकर खाना खाने लगी.

मामा उसकी चूचियाँ दबा कर बोला- यार आसमां, इसका क्या करूँ? इसको कहीं भेज दे!

मेरी बहन ने मुझे बुलाया और वो पान और सिगरेट छुपा कर लिया और बाकी के पैसे मुझे देकर बोली- जाओ इन पैसों से मस्ती करो मोहल्ले के पास वाले मेले में घूम आओ.

पर पैसे लेकर घर के पीछे छुप गया.मेरी बहन दरवाजा बंद करने गयी तो मैं घर के पीछे की खिड़की से कूदकर घर में घुस गया और अच्छी जगह देख के छुप गया.

हाफिज मेरी बहन को बोला- मैं कुछ तोहफा लाया हूँ तेरे लिए!मेरी बहन उसके लन्ड को पकड़ के बोली- इससे बढ़कर और क्या तोहफा मेरे लिए?

हाफिज ने मेरी बहन की आंखों पर कपड़ा बांध प्रिया, फिर उसके पुराने नकली झुमके उतार कर चांदी के झुमके पहना दिए. उसकी नकली काजल को भी निकाल कर चांदी की काजल पहना दी.फिरमामा ने उसकी आंखें खोल दी.

मेरी बहन बहुत खुश हुई और उसके होठों को चूमने लगी- बहुत अच्छा तोहफा है मेरी जान … दिल खुश हो गया!

हाफिज- मेरी लवडी, मेरी रांड … रुक अभी एक तोहफा और है.

उसने मेरी बहन को ब्रा पेंटी और मस्त लाल कुर्ता सलवार प्रिया.

उसको देख कर मेरी बहन खुशी से अपनी गांड उठा उठा के नाचने लगी.मेरी बहन बोली- मेरे राजा, आप रुको. मैं कपड़े पहन कर आती हूँ.

हाफिज मामा नाराज होते हुए- साली रंडी, तेरी माँ की चूत … जब झुमके मैंने पहनाये, काजल मैंने पहनाई तो कपड़े भी मुझे पहनाने दे!आसमां- मेरे आका, आपका हुक्म सिर आंखों पर! मैं पहन के आती हूँ, आप उतार देना!हाफिज मामा- चल ठीक है, जल्दी जा, अब रहा नहीं जाता!

जहां मैं छुपा था, मेरी बहन वहीं पर अपने कपड़े उतारने लगती है. उसके नंगे मम्मों के दीदार होते ही मेरा छोटा सा लंड भी खड़ा हो जाता है.फिर उसने सलवार भी उतार दी और अपनी चूत पे हाथ रख कर बोली- हो जा तैयार मजा लेने के लिए!फिर वह कपड़े पहन कर मामा के पास गयी.

मामा उसको देख के मुस्करा के बोले- यार 4 साल से तुझे चोद रहा हूँ. फिर भी तू नई कली जैसी लगती है.आसमां शरमा के अपना चेहरा हाफिज मामा के सीने में छुपा लेती है।

फिर हाफिज उसको चूमने लगा, मेरी बहन भी मामा को चूमने लगी.

मामा उसके मुंह में अपनी जीभ डालकर घुमाने लगे और उसके कुर्ते के ऊपर से मेरी बहन के मम्मों को जोर जोर से रगड़ने लगे.मेरी बहन आहें भरने लगी- मेरे राजा, आराम से रगड़ो … मम्मों में दर्द हो रहा है.

मेरी बहन मामा का कुर्ता उतार देती है और मामा के सीने पे चूमने लगी.

मामा ने उसकी ब्रा को भी उतार प्रिया और उसके दोनों कबूतर आज़ाद हो गए.

अब मामा दोनों मम्मों को बारी बारी से चूमने चाटने लगे और बीच बीच में जब काटते, तब मेरी बहन चिहुंक जाती और तड़पने लगती.

मामा का मुंह अब मम्मों में था और वे हाथ से सलवार के ऊपर से मेरी बहन की चूत पर हाथ फेरते हैं.

उनको मालूम पड़ गया कि अब मेरी बहन बहुत चुदासी हो रही है. उनका हाथ मेरी बहन की चूत के रस से भर गया.वे अपने हाथ को सूंघने लगे.

फिर मामा ने मेरी बहन को उठा के बिस्तर पे गिरा प्रिया और उसकी सलवार को उतार प्रिया।तब मामा पेन्टी के ऊपर से मेरी बहन की चूत को सूंघने तो चूमने लगे.

मेरी बहन भी मामा की पैन्ट उतार कर उनके लन्ड से खेलने लगी।हाफिज मामा ने अब मेरी बहन की पेन्टी उतार कर मेरी बहन को पूरी नंगी कर प्रिया.

मुझे मेरी बहन की चूत और उसका लाल दाना दिखा तो मैं भी अपनी नूनी को हिलाने लगा.

फिर मामा उसकी चूत में अपना मुंह घुसा के चूत चाटने लगे.मेरी बहन तड़फने लगी- हाय मेरे राजा … मार प्रिया ऊईई ईईई … मेरी चूत में आग लगा दी. अब इसकी आग बुझा दो जल्दी से!

मामा जोर जोर से अपनी जीभ आसमां बहन की चूत में चलाने लगे.मेरी बहन की चूत से रस निकलने लगा और मामा मजे से उसका रस पीने लगे.

फिर मामा ने अपना लन्ड मेरी बहन के मुंह में डाल प्रिया.मेरी बहन मजे से लंड चूसने लगी एकदम रंडी की तरह!

फिर वे दोनों 69 की पोजीशन में आ गए.

मामा मेरी बहन की चूत को फिर से चूसने लगे.मेरी बहन फिर गर्म हो गयी और जोर जोर से सिसकारियां लेने लगी- इसस्स स्सस्स आहह हहहह! मेरे राजा अब मत तड़फ़ा अपनी रंडी को! जल्दी मेरी चूत में लन्ड डाल दे!

मामा अब मेरी बहन की टांगों के बीच में आये और लन्ड को चूत पे रगड़ने लगे, अंदर ना डालने पर मेरी बहन भड़क कर उसको गालियां देने लगी- इसस्स स्सस्स साले … हरामी के जने … रंडी की औलाद … जल्दी अपना लन्ड डाल मेरी चूत में! साले भड़वे बहनचोद … यहां आग लगी हुई है और तुझे मस्ती की पड़ी है।

मामा को पता है कि मेरी बहन की आदत है चुदते वक़्त गाली देते की और गाली खाने की।

हाफिज मामा- बहनचोद कैसे बन सकता हूँ? मेरी कोई सगी बहन नहीं है. लेकिन हां तेरी मां को चोद दूँ क्या? वह मुझे अपना भाई मानती है.मेरी बहन ग़ुस्से से- साले भड़वे, तू मेरी माँ चोद, बहन चोद … कुछ भी कर लेना. पर पहले मेरी चूत की आग को ठंडी कर!

हाफिज ने अपना लन्ड मेरी बहन की चूत में एक झटके में पूरा उतार प्रिया.और लन्ड सीधा बहन की बच्चेदानी से टकराया तो मेरी बहन की चीख निकल गयी- आहह हहह हरामी … फाड़ दी मेरी चूत! हाय अम्मी … आज तेरी बेटी की चूत फट गई! हाय्य्य्ये मैं मर गई!

दूसरे झटके पे मेरी बहन फिर से झड़ गई और हाफिज मामा को गंदी गंदी गाली देने लगी- साले, उतर जा मेरे ऊपर से और जा अपनी माँ बहन को चोद! जा अपनी बेटी को चोद! साले कबसे कह रही थी चोद चोद … अब मेरा माल निकल गया है. तू जा और मुठ मार ले।

हाफिज मामा को ग़ुस्सा आ गया, उसने मेरी बहन को जोर से चांटा मारा और गाली देकर बोला- साली रंडी, चुपचाप पड़ी रह … ज्यादा बोली तो तेरी चूत में फ़ैवीकोल डाल दूंगा. जिंदगी भर लन्ड के लिए तरस जाएगी.मामा अपना लंड निकाल के जाने लगे.

मेरी बहन ने उनके पैर पकड़ लिए और रोने लगी सुबकते हुए- मेरे राजा मुझे माफ़ कर दे. मैं ज्यादा बोल गई. मेरी चूत की आग ने मुझे मजबूर किया था. जैसा तुम कहोगे वैसा करुँगी. आप मेरी जान हो, आपके बिना मैं मर जाऊंगी.

मामा का अब ग़ुस्सा शांत हो चुका था.अब वे मजाक करते हुए मेरी बहन को कहने लगे- अपनी माँ को चुदवाएगी क्या मेरे से?आसमां रोते हुए- हां, आप मेरी माँ चोद लेना, मेरी बहन चोद लेना लेकिन मुझे छोड़ के मत जाना, मैं मर जाऊंगी.

फिर मामा ने उसको अपनी गोद में ले लिया.आसमां अब भी रो रही थी.

मामा ने उसको चुप करवाया और दुबारा उसकी चूत चाटने लगे.कुछ देर पहले जो रस निकला था, उसको चाट के साफ कर प्रिया.

मेरी बहन फिर से तैयार हो गयी और आहें भरने लगी.

मामा ने मेरी बहन की चूत में लन्ड डाल प्रिया और जोर जोर से मेरी बहन को चोदने लगे.

मेरी बहन भी चूत उठा उठा के मामा का लन्ड लेने लगी- आईई ईईईई मेरे राजा जोर से … फाड़ दो मेरी चूत को! और ज़ोर से चोदो … आह आहह! हाय्य्य्ये मेरी जान और जोर से!

मामा को भी जोश आ गया और वे ताबड़तोड़ चोदने लगे.पूरा घर घप घपाघप … चप चप … की आवाजों से गूँजने लगा.

मेरी बहन फिर से झड़ने लगी और मामा को चिपक चिपक के लन्ड लेने लगी और उनको कस के पकड़ लिया- आहह हहहह आह हहहहह … मेरा हो गया! तुम अपना लन्ड गांड में डाल के अपना पानी निकाल लो.

अब मेरी बहन कुतिया बन गई और मामा उसको पीछे से कुत्ते की तरह उसके ऊपर आ गए और अपना लन्ड आसमां की गांड में डालने लगे.

मामा आसमां को घपाघप चोदने लगे.मेरी बहन भी अपनी गांड पीछे ठोकने लगी.

कुछ देर में वह फिर तैयार हो गई और मामा को कहने लगी- जानू मेरी चूत फिर से आपका लन्ड लेने के लिए मचल रही है।

मामा ने अपना लन्ड मेरी बहन की गांड से निकाला और नीचे लेट कर आसमां को इशारे से लन्ड पे चढ़ने का कहा.

मेरी बहन लन्ड को चूत में धीरे धीरे कर के पूरा ले लिया. फिर झुक के हाफिज मामा को चूमकर उनके लन्ड पर उछलने लगी.मामा भी नीचे से लन्ड को चूत में पेलते रहे.

कुछ देर के बाद मामा ने मेरी बहन को कहा- मेरी रांड, ऐसे मजा नहीं आ रहा है, तू लेट जा … मैं तेरे ऊपर आता हूँ!मेरी बहन- जो हुक्म मेरे आका!

वह नीचे लेट गयी और हाफिज मामा उसके ऊपर आ गए।

मेरी बहन की कमर के नीचे 2 तकिये लगाकर मामा बहन की टांगें अपने कंधों पर रखकर एक जोर का झटका प्रिया.मामा का पूरा लन्ड मेरी बहन की चूत में चला गया.

मेरी बहन चिहुंक उठी, दर्द से उसकी चीख निकल गयी.फिर मामा पूरी स्पीड से मेरे बहन चोदने लगे.

मेरी बहन एक बार झड़ गयी।काफी देर के बाद मामा भी झड़ने को हुए- बोल रंडी, कहाँ गिराना है माल को?मेरी बहन बोली- अंदर ही गिरा दो, मैंने गोली खा ली है।

फिर मामा मेरी बहन को जोर जोर से चोदने लगे.कुछ देर बाद दोनों झड़ गए औऱ मामा थक कर मेरी बहन के ऊपर लेट गए.दोनों की साँसें जोर जोर से चल रही थी.

कुछ देर बाद मामा ने अपना मुरझाया हुआ लन्ड मेरी बहन के मुंह में डाल प्रिया।

मेरी बहन ने बड़े प्यार से उनका लन्ड चाट के साफ किया.फिर मामा ने कपड़े पहन लिए।

मेरी बहन अब भी नंगी थी.इस तरह से मेरी रण्डी बहन चुदी!

मामा जब जाने लगे तो मेरी बहन नंगी ही उनको बाहर तक छोड़ने गयी.

मामा- मादरचोद रंडी … कोई और आ रहा है क्या तेरी चूत बजाने के लिए?आसमां- नहीं तो … आप ऐसा क्यूं बोल रहे हो?मामा- तो कपड़े क्यों नहीं पहन लेती?आसमां मुस्करा के- मेरे राजा, अब जो आपने इतना सारा पानी गिराया है, उसको साफ भी तो करना पड़ेगा ना! मैं नहाने जा रही हूं.हाफिज मामा- दरवाजा अच्छे से बंद कर लेना. वरना किसी ने नंगी देख लिया तो चोद कर चला जायेगा.आसमां- कोई बात नहीं, कोई चोदेगा तो चोदने दूंगी. और क्या!मामा- साली चूत में अंगारे भर दूंगा ज्यादा बोली तो!

मेरी बहन हँसने लगी और मामा को लिप किस देकर भेज प्रिया.

फिर उसने दरवाजा बंद किया और नहाने के लिए चली गयी।इससे आगे क्या हुआ ये अगली कहानी में!बस आप लोग हौसला देते रहिये.

यह कहानी जिसमें मेरी रण्डी बहन चुदी अपने मामा से, आपको कैसी लगी?कमेंट्स में बतायें.लेखक के आग्रह पर इमेल आई डी नहीं दी जा रही है.

इससे आगे की कहानी:ठेकेदार ने मेरी अम्मी की चुदाई की