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लेस्बीयन सेक्स स्टोरीज पठन समय: 10 मिनट पढ़ा गया: 835 बार

पड़ोसन के साथ लेस्बियन सेक्स रिलेशन

निशा शर्मा 972114

17 Jun 2012 को प्रकाशित

पड़ोसन के साथ लेस्बियन सेक्स रिलेशन
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मेरे प्यारे दोस्तो, मेरा नाम निशा है। आप लोगों ने मेरी पिछली कहानियोंमैं, मेरी सास, हिजड़े के साथ सेक्सअपनी चूत की कामुकता मौसेरे भाई के लंड से शांत कीसास के साथ लेस्बियन सेक्स की रियल स्टोरीको पढ़ा और काफी सराहा, काफी कमेन्ट भी दिये, इसलिये मैं एक और सच्ची कहानी लेकर आई हूँ आपके लिये!मैंने अपने घर के पड़ोस में रहने आई वंदना के साथ लेस्बीयन सेक्स किया।

मुझे तो आप जानते ही हैं, मेरा नाम निशा है मैं 40 साल की हूँ, मेरा फिगर 38सी 36 40 है और मैं दिखने में बहुत ही हॉट और सेक्सी हूँ. मेरे घर के पड़ोस में कुछ दिन पहले ही वंदना जी रहने आई हैं, वंदना की उम्र 36 साल है, वो बहुत ही सेक्सी हैं, फिगर 36सी 34 40 है. उनके पति टीचर हैं, उनकी एक बेटी है 8 साल की… वो मुझे बहुत अच्छी लगती हैं.

वंदना के पति स्कूल चले जाते हैं तो वो हमारे यहाँ ही आ जाती हैं.

गर्मियों के दिन हैं, आपको तो पता है कि मेरे पति फौजी हैं, अभी 20 दिन पहले ही आकर गये हैं.

वंदना और मैं हम लोग आपस में सब कुछ शेयर करने लगी थी यहाँ तक कि प्राईवेट बातें भी!

एक दिन वंदना मेरे घर आई तो मैं अपने कमरे में टी वी देख रही थी, दोपहर का समय था, मेरा बेटा, बेटी स्कूल गये थे और कोई घर पर था नहीं… मैं मर्डर मूवी देख रही थी. वंदना के आते ही मैंने उसे हटा प्रिया तो वंदना बोली- क्या देख रही थी मैडम?मैंने कहा- कुछ नहीं… चैनल ही अदल बदल कर रही हूँ!

बहुत देर हो गई थी. हम लोग इधर उधर की बातें करते रहे.

तभी मैंने वंदना से अनायास ही पूछ लिया- वंदना, तुमने अपने चूतड़ इतने बड़े कैसे किये?तो वो बोली- मेरे पति को गांड मारना बहुत पसन्द है यार… वो मेरी चूत तो हफ्ते में 1-2 बार ही मारते हैं, लेकिन मेरी गांड तो रोज मारते हैं.“अच्छा… तभी तुम्हारी गांड इतनी मोटी है!”

वंदना बोली- हाँ यार… और तुम बताओ कि तुम क्या मरवाना पसन्द करती हो?“तुम्हें तो पता है कि मैं 1-2 महीने के बाद ही चुद पाती हूँ यार… तो सभी में मजा आता है. और फिर प्लास्टिक का लण्ड इस्तेमाल कर लेती हूँ बाथरूम में!वंदना बोली- ये तो और अच्छा है, हमें भी कभी जरूरत पड़ी तो दे देना.मैं बोली- क्यों भाई साहब का लण्ड सही नहीं है क्या? दम नहीं रह गया क्या उनके लण्ड में?वो बोली- गांड ही मार पाते हैं… चूत के लिये चाहिये यार!मैंने कहा- ठीक है, ले लेना यार!

फिर मैंने वंदना से पूछा- क्या तुमने लेस्बीयन सेक्स किया है कभी?वंदना बोली- नहीं यार लेकिन मैंने मोबाईल पर पोर्न विडियो में खूब देखा है.मैं बोली- करोगी मेरे साथ? यार, बहुत मन हो रहा है सेक्स करने का… 20 दिन से चुदने का मन हो रहा है.

तो वंदना बोली- मुझे तो आता भी नहीं है, तो कैसे करूँगी?मैंने कहा- तुम बस साथ देती रहना… कर मैं लूँगी और तुम्हें सिखा भी दूँगी.वंदना बोली- ठीक है!

फिर क्या… मैंने कमरे को लॉक कर लिया और फिर मैंने वंदना को पकड़ लिया और उसके होठों को किस करने लगी. वंदना भी मुझे किस करने लगी. बहुत मस्त होठों को चूसती है यार!कुछ देर हम किस करते रहे और फिर हम लोग बेड पर लेट गये, मैंने मैक्सी पहनी हुई थी और अन्दर ब्रा पैन्टी रेड कलर की और वंदना ने साड़ी पहनी हुई थी.

करीब 15-20 मिनट तक हम दोनों एक दूसरे के चिपक कर लेटे रहे और किस करते रहे मैं उठी और मैंने वंदना की साड़ी को खोल प्रिया और अब वो पेटीकोट ब्लाउज में थी.और फिर मैंने भी अपनी मैक्सी उतार दी जिससे मैं ब्रा और पैन्टी में आ गई.इतने में वंदना ने मेरी ब्रा का हुक खोल प्रिया और उसने ब्रा निकाल दी. फिर मैंने भी उसकी ब्लाउज और पेटीकोट उतार प्रिया और अब बो पिंक ब्रा पैन्टी में थी.

फिर मैंने उसकी ब्रा पैन्टी भी उतार दी, अब वो पूरी नंगी थी उसकी गांड और बूब्स बहुत गोरे थे और मस्त लग रहे थे. मैं उसके बूब्स को चूसने लगी और वो मेरे बूब्स दबाने लगी. उसका हाथ अपनी चूत पर था और वो अपनी चूत का दाना रगड़ रही थी.तो मैंने कहा- इतनी जल्दी क्या है मेरी जान? मैं रगड़ दूँ!

और फिर मैंने वंदना की गांड के नीचे तकिया लागया जिससे उसकी चूत खुल गई और मेरे सामने आ गई. मस्त भरी हुई चूत थी… मोटी मोटी जांघों के बीच दबी हुई थी, मैं बोली- लग रहा है भाई साहब चोद नहीं पाते हैं इसे!वो बोली- नहीं यार, ये तो तरसती रहती है यार लण्ड लेने को! तुम अपना प्लास्टिक वाला लण्ड ले आओ, उसे ही डाल दो आज इसमें… और मिटा दो इसकी प्यास!

फिर मैं उठी और अलमारी से अपना डिल्डो यानी रबड़ का नकली लंड निकाल लाई और फिर मैंने अपनी चूत वंदना के मुँह पे रख दी और वंदना की चूत को मैं चाटने लगी. वंदना तो एकदम से सिहर उठी और बोली- दीदी, बहुत अच्छा लग रहा है!और वो मेरी चूत को चाटने लगी.कि तभी बोली- दीदी, आपकी चूत का टेस्ट बहुत अच्छा है, मन कर रहा है कि बस चाटे जाऊँ!

मेरे भी मुँह से अहहह हहहह… की आवाजें निकलने लगीं और वंदना भी आहहहह अअ अअअआहह हहहह उउहह हहहह कर रही थी.

और फिर मैंने वंदना की चूत में प्लास्टिक का लण्ड डाला तो वंदना और तेज आहहहह उम्म्ह… अहह… हय… याह… करने लगी और बोली- दीदी, आज तो बहुत मजा आ रहा है… इतना मजा तो मेरे पति नहीं दे पाये मुझे कभी यार! तुमने तो मेरी चुदाई की इच्छायें पूरी कर दी!और वो अपने चूतड़ उठा उठा कर अपनी चूत मेरे मुँह में पेलने लगी.

अब वंदना पूरे जोश में थी… इतने जोश में कि वंदना मेरी चूत दांतों से खाये जा रही थी जिससे मैं अपनी चूत उसके मुँह में पेले जा रही थी और वंदना भी मेरी चूत को बहुत मजे से चाटे जा रही थी, ऐसा लग रहा था कि वंदना बहुत पहले से लेस्बीयन सेक्स करती रही हो!और उसे मजा भी बहुत आ रहा था मेरी चूत चाटने में!

फिर मैं उठी और बैठ गई.अब मैं वंदना की जांघों में बैठ गई जिससे चूत मेरे एकदम सामने आ गई और फिर इस तरह से चूत को खोल कर जीभ से चाटने लगी. करीब 15 से 20 मिनट तक मैंने वंदना की चूत को चाटा.वंदना चिल्ला रही थी- आगहहह उउ उउउउहह हहह हहह दीदी… प्लीज चोद दो! और तेज से मेरी चूत को चोदो… फाड़ दो मेरी चूत को! कुछ और डाल दो इसमें मोटा सा प्लीज दीदी!

और इतना कह कर वंदना ने मेरे मुँह पर जोर से फच्च च्च्चचचच से पिचकारी छोड़ दी और मेरा सर पकड़ के अपनी चूत में पेलने लगी और वो झड़ गई.फिर मैं उसकी चूत का सारा रस पी गई… बहुत मस्त था वंदना की चूत का रस!

10 मिनट वो ऐसे ही पड़ी रही और बोली- दीदी, आज से मैं आपसे रोज चुदने आऊँगी! आप मुझे रोज रोज ऐसे ही चोदना मेरी जान!मैंने वंदना से कहा- अब मेरा भी तो पानी निकालवा दो मेरी जान!

फिर वंदना मेरी चूत पर सवार हो गई और चूत को चाटने लगी, वो प्लास्टिक का लण्ड मेरी चूत में घपाघप पेले जा रही थी ‘आहहह ओ हहह हहहा आरीहह हिह हहह’और बोली- दीदी, मैं आपको इस लण्ड से चोदना चाहती हूँ.मैंने कहा- ठीक है!और फिर उसने नकली लण्ड को अपनी चूत के ऊपर बाँध लिया और लड़कों की तरह चोदने लगी और मुझे किस करने लगी. बहुत तेज तेज शॉट मार रही थी यार!

मैंने कहा- वंदना, और तेज चोद साली… और तेज फाड़ दे मेरी चूत को… भोंसडा बना दे… चोदो और तेज चोदो!मेरे मुँह से आहह हहहह हह उउउउहहह निकले जा रही थी.मैंने वंदना से कहा- वंदना, मैं झड़ने वाली हूँ!

कि तभी वंदना ने नकली लण्ड मेरी चूत से निकाला और मेरी चूत को चूसने लगी. कि तभी मैंने वंदना के मुँह पर अपनी चूत का सारा पानी फच्च्च च्च्च्चच करके गिरा प्रिया और मेरे मुँह से आअहह हहहह हऊऊहहह निकल गई और मेरी चूत को वंदना जोर जोर से चाटने लगी और चाट कर साफ किया.

इस तरह से मैंने अपनी चूत को वंदना से चटवा कर साफ कराया और वंदना की चूत को साफ किया.फिर हम दोनों ऐसे ही लेटी रही और करीब 30 मिनट बाद उठी. हम दोनों बाथरूम में गयी और साथ में नहाई. फिर वहाँ भी हम लोगों ने एक दूसरी की चूत का पानी निकाला.तब से लेकर हम दोनों आज भी कामुकता से भरपूर लेस्बियन सेक्स करती हैं। और हम दोनों कई तरह से सेक्स कर चुकी हैं. फिर कुछ दिन बाद हम लोगों ने वंदना के *** से सेक्स किया।

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