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एक रात की महबूबा

सिद्धांत कुमार

16 May 2024 को प्रकाशित

एक रात की महबूबा
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पोर्न चुत Xxx कहानी एक ऐसी औरत की है जो मुझे जानती नहीं थी पर फिर भी मेरे दरवाजे पर मदद मांगने आ गयी. मैंने उसकी मदद की तो बदले में वह मेरे सामने बिछ गयी.

कोई साल भर पहले की बात है.एक शाम सारे घरवाले कहीं बाहर गए हुए थे और मैं अकेला ही घर पर था।

रात करीब आठ बजे दरवाज़े पर किसी ने दस्तक दी तो मैंने बाहर जाकर देखा।

बाहर एक औरत खड़ी थी जिसकी उम्र कोई पैंतीस साल होगी। उसने बुर्का पहन रखा था.

मैंने पूछा- जी बताइए?

तो उस औरत ने अपने रुख से नक़ाब हटा कर पूछा- आपके सामने के घर वाले कहां गए हैं? मैं काफी देर से दरवाजा बजा रही हूं मगर कोई खोल ही नहीं रहा है।वह औरत … जैसे गुदड़ी का लाल … बला की हसीन … पर उसके चेहरे से वह बहुत दुखी लग रही थी, काफी परेशान लग रही थी।मैं उसे देखता ही रह गया.

तभी उसने दोबारा पूछा तो मैंने कहा- इस बारे में मुझे तो नहीं पता। हो सकता है वो घर में मौजूद ना हों।तब मैंने उससे कहा- अगर कोई काम है तो आप मुझे बता दें।

वह औरत कुछ सोचकर बोली- मुझे मेरे घरवाले ने मारा है और घर छोड़कर चला गया. मेरे दो बच्चे भूखे हैं।इस पर मैंने कहा- मैं आपके लिए खाना ला देता हूं। आप कहां रहती हैं?

तो वह बोली- मेरे साथ आइए।और मैं उस औरत के साथ चल पड़ा।

रास्ते में मैंने उसका नाम पूछा तो उसने अपना नाम हिना बताया.मैंने भी उसे अपना नाम बताया।

लगभग दस मिनट के बाद हम दोनों गलियों से होते हुए हिना के घर पहुंच गए।मुझे लगा कि यह महिला सच बोल रही है.

तब मैंने हिना से उसका मोबाइल नंबर लिया और कहा- मैं बाजार से खाना लेकर आता हूं और दरवाजे पर आकर काल करूंगा।

करीब आधे घंटे के बाद में खाना लेकर पहुंचा तो हिना ने दरवाजा खोलकर मुझे अंदर आने का कहा.मैं अंदर चला गया।

फिर हिना ने दरवाजा बंद किया और हम सीढ़ियाँ चढ़कर ऊपर की मंजिल में पहुंच गए।एक कमरे में उसके दो छोटे बच्चे इंतजार कर रहे थे।

मैंने हिना को खाना दिया और कहा- बच्चों को खाना खिलाओ, ये भूखे हैं.हिना ने मुझे अपने बेडरूम में बैठा दिया और बोली- आप बैठिए, मैं बच्चों को खाना खिलाकर आती हूं।

मैं बैड पर बैठा.कुछ देर बाद हिना आई और शुक्रिया अदा करने लगी.

तो मैंने पूछा- तुम्हारा घरवाला तुम्हें मारता क्यों है?इस पर वह बोली- बस मेरी किस्मत में ही ऐसा खसम लिखा था।

और साथ ही अपनी कमीज उठाकर मुझे अपने बाजू पर नील का निशान दिखाने लगी।हिना का बाजू पूरा नीला पड़ा हुआ था।

मैंने उसके बाजू के निशान पर हाथ फेर कर पूछा- क्या हुआ था?तो वह बोली- मेरे हरामी खसम ने कुर्सी मारी है. उससे बाजू पर नील पड़ गया।

मैंने एक हाथ से हिना के नील को सहलाया तो उसकी एक दर्द भरी आह निकली।

“बहुत दर्द होता होगा ना?” पूछा मैंने!तो उसकी आंखें भर आईं और बोली- हां, बहुत ज्यादा!

कहते हुए वह मेरे पास बैठी और मेरे कंधे पर अपना चेहरा रखते हुए पूछा- क्या आप मुझे अपनी बाहों में जगह देंगे?

सुनते ही मेरे कान हुए लाल और उसे खुद से अलग करते हुए बोला- नहीं हिना, यह बिल्कुल भी जायज नहीं!“लेकिन मेरे नजरिए से तो जायज है।” कहते हुए वह गिड़गिड़ा उठी.

तो मैं एकदम नरमी से बोला- तुम सिर्फ एक अहसान का बदला चुकाना चाहती हो. जबकि मैं नहीं मानता कि मैंने कोई अहसान किया है।सुनते ही वह बोली- ऐसा नहीं है। क्या आप नहीं चाहते कि मेरी वीरान जिंदगी में कम से कम एक दिन तो मोहब्बत का हो?कहते हुए वह फिर से गिड़गिड़ा पड़ी.

तो मुझसे उसकी बात का कोई जवाब नहीं बना और मैं बेबस हो गया।

कुछ देर चुप्पी रही और हिना ने मेरे हाथ पकड़कर अपनी चूचियों पर रख लिए और अपने होठों से मेरे होंठों को चूमने लगी।

तब भी मैंने कोई रिस्पोंस नहीं किया तो उसने मेरी शर्ट में हाथ डालकर मेरे निप्पल को सहला दिया।

अब मैं आपे में नहीं रहा और उसकी चूचियों पर हाथ फिराते हुए उसके होंठों को को अपने होंठो में भरके चूमने लगा।

हिना एक भारी जिस्म वाली औरत थी।गोरी-चिट्टी और लगभग पांच फुट लंबी।बड़ी-बड़ी चूचियां और भारी सी गांड

हिना मुझे चुदाई की दावत दे चुकी थी तो अब मैंने उसकी कमीज और ब्रा उतारी और चूचियों को चूसने लगा।

वह एकदम बहुत गर्म हो गई थी.उसने मुझे पूरा नंगा कर दिया और खुद भी नंगी होते हुए मुझे अपने बैड पर लिटाकर बोली- आप यहां लेट जाएं। यहां मेरा शौहर मेरी चूत चोदता है और मैं आपसे भी यहीं चुदना चाहती हूं। ताकि उसको भी पता चले कि उसकी बीवी की चूत चोदने वाले बहुत हैं। उसने मेरी कदर नहीं की तो मैंने बाहर चूत चुदवाना शुरू कर दिया। आपके सामने के घर का लड़का मुझे चोदता है। मैं उसे ही बुलाने गई थी मगर उसकी बजाय आप मिल गए।

कहते हुए हिना मेरे लंड को पकड़कर अपनी चूचियों के निप्पल पर रगड़ने लगी और फिर चूसने लगी।

मैं मजे में तो था लेकिन साथ ही ये समझने की कोशिश भी कर रहा था कि ये सब क्या हो रहा है?

हिना मेरा लंड चूसते हुए मेरे ऊपर आई और अपनी चूत मेरे मुंह पर रखते हुए 69 की पोजीशन में आ गई।अब वह दूसरी तरफ से मेरा लंड चूस रही थी और मैं उसकी चूत पर जीभ फेरने लगा।

हिना की Xxx चूत पर हल्के-हल्के बाल थे और उसका पानी बहुत निकल रहा था जिसे मैं जीभ से चाट रहा था।

तभी हिना ने पूछा- जान, मेरी पोर्नचूत मजे कीतो है ना?मैंने कहा- बहुत मजेदार है।

तो वह बोली- मेरा शौहर को मेरी चूत में मजा नहीं आता. वह कमीना मुझे चोदता कम है, मारता ज्यादा है।मैंने कहा- हिना, अब मैं हूं ना … सब ठीक कर दूंगा।

अब हिना ने उठकर अलमारी से कंडोम निकाला और मेरे लंड पर चढ़ाकर मेरे लंड पर बैठी और अपने बड़े-बड़े चूतड़ उठाकर अपनी चूत मेरे लंड पर मारने लगी।

हिना बहुत गर्म थी और मैं भी हिना को ऐसे खुलकर चुदवाती देख गर्म हो गया।मैं उसकी चूत की गर्मी अपने लंड पर महसूस कर रहा था।

हिना ऊंची-ऊंची आह … आह … आह … की आवाजें निकाल रही थी।

कुछ देर बाद मैंने उसको कहा घोड़ी बनने को कहा तो हिना घोड़ी बन गई और मैं अपना लंड उसके चूतड़ों के अंदर रगड़ते हुए चूत में डाल हिना की कमर को पकड़कर चोदने लगा।मैं उसकी चूत में जोरदार धक्के मार रहा था।

कुछ देर के बाद उसकी चूत से लंड निकाल कर पोर्न चूत को चूसा और फिर से लंड घुसाकर उसकी चूत चोदने लगा।

हिना की चुदाई की आवाजें पूरे कमरे में गूंज रहीं थीं और मैं जोर-जोर से उसकी Xxx चूत चोद रहा था.

मैं झड़ने लगा और साथ ही वह भी लंबी-लंबी आहें भरती हुई झड़ गई।

दो मिनट रुक कर मैंने हिना की चूत से लंड बाहर निकाला तो हिना ने मेरे लंड से कंडोम उतारा और मेरे लंड को चूसकर साफ कर दिया।कंडोम मेरे जूस से भरा हुआ था।

हिना बहुत खुश थी, वह बोली- जान, आपने मेरी चूत को बहुत अच्छे से चोदा। मैं आज आपसे चुदकर बहुत खुश हूं।

मैंने उस रात हिना को दो बार चोदा और रात एक बजे घर आ गया।

अगले तीन दिन तक मैं हिना के पास खाना भिजवाता रहा और फिर खबर मिली कि उसका शौहर आ गया है तो मैं उसके शौहर से मिला।

मैंने उसे सारी ऊंच-नीच समझाई, उसके बच्चों का हवाला दिया तो उसने हिना से माफी मांगी और दोबारा कभी उस पर हाथ नहीं उठाने का वादा किया।

इसके बाद मैं हिना से अकेले में मिला और उसे भी बाहर मुंह नहीं मारने की नसीहत दी।

जब मैं जाने लगा तो वह मुझसे लिपटकर बहुत रोई; दोबारा मिलने के लिए बहुत गिड़गिड़ाई।लेकिन जो हो ही नहीं सकता … वो मैं कैसे कर दूं?

मेरी एक छोटी सी चूक और उसकी शादीशुदा जिंदगी दांव पर लग जाती।

लेकिन उसने फिर भी मुझसे वादा ले ही लिया।अब वादा किया है तो निभाना भी पड़ेगा।

लेकिन मुझे उस वक्त से बहुत डर लगता है जब वो वादा निभाया जाएगा।मैं हिना को कभी नहीं भूल सकता।वह मेरी एक रात की महबूबा थी।

आपको यह पोर्न चुत Xxx कहानी कैसी लगी?मुझे जरूर बतायें!मेरी मेल आई-डी है- support@mohakkisse.com

लेखक की पिछली कहानी थी:देहरादून में होटल के कमरे में सेक्स

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पाठकों की राय

2 टिप्पणियां

राजेश कुमार राजू

2 weeks ago

कहानियों का ये संग्रह बहुत ही अच्छा है। आपका फैन हो गया हूँ।

राज मालिक

3 weeks ago

बहुत ही गजब का लिखा है लेखक भाई। आपका लिखने का स्टाइल बहुत बढ़िया है।

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