शरद सक्सेना
सत्यापित कहानीकार (Verified)@sharatha-sakasana
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
शरद सक्सेना की रचनाएं
लागी लंड की लगन, मैं चुदी सभी के संग-32
अब बारी मेरी और अश्वनी की थी, अश्वनी मुझसे धीरे से बोला- यार आकांक्षा, मुझे लगता है कि मेरा जल्दी निकल जायेगा।मैंने अश्वनी को इशारे से समझा प्रिया कि जैसे मैं कहूँ बस वही करना।
प्रशंसिका ने दिल खोल कर चूत चुदवाई-8
हम दोनों वहीं सो गये।सुबह लगभग आठ के आस-पास नींद खुली, देखा तो रचना अभी भी सो रही थी।मैंने उसे जगाया तो वो कुनमुनाते सी उठी।
लागी लंड की लगन, मैं चुदी सभी के संग-31
सभी ने जोर दार तालियां उनके लिये बजाई और फिर रोहित ने सुहाना से पूछा कि उसे कैसा लगा।
प्रशंसिका ने दिल खोल कर चूत चुदवाई-7
उसके कहने से मैंने एक दारू की बोतल खरीद ली और तब तक उसने खाना पैक करा लिया और मेरे बांहों में अपनी बांहों को डाले चले आ रहे थे कि घर के पास पहुँचते-पहुँचते बहुत जोर से बारिश होने लगी जिससे हम लोग काफी भीग गये।
लागी लंड की लगन, मैं चुदी सभी के संग-30
दूसरे दिन मैं रूटीन काम निपटा कर ऑफिस गई पर ऑफिस में मेरा मन नहीं लग रहा था, किसी तरह से काम निपटा कर मैंने बॉस से उसके घर की चाभी ली और एवज में बॉस ने अपने दो मिनट का खेल मेरी चूत में खेला।
प्रशंसिका ने दिल खोल कर चूत चुदवाई -6
सुबह आठ बजे करीब रचना ने मुझे उठाया तो वो नहा धोकर कपड़े पहन कर तैयार हो चुकी थी और अपने और मेरे लिये चाय लिये हुए थी।मैंने उसे कपड़ों में देखा तो मैं बोल उठा- यार, हमारे तुम्हारे बीच में यह तय था न कि हम लोग जब तक यहाँ है नंगे ही रहेंगे?‘क्या मैं च...
लागी लंड की लगन, मैं चुदी सभी के संग-29
नमिता की गीली पैंटी का स्वाद रोहित और रितेश चख चुके थे, मैंने भी उस पर अपनी जीभ लगा दी, थोड़ी चाटने के बाद मैं मुस्कुरा कर बोली- आज की दारू पार्टी तो बहुत मज़ेदार थी।
प्रशंसिका ने दिल खोल कर चूत चुदवाई-5
थोड़ी देर बाद रचना ही बोली- डियर, जब तुम्हारा स्पर्म निकलता है…तभी मैंने उसे टोकते हुए बोला- स्पर्म नहीं वीर्य बोलो, चुदम-चुदाई के खेल में हिन्दी शब्द बोलने में ज्यादा मजा आता है।
प्रशंसिका ने दिल खोल कर चूत चुदवाई-4
मूतने के बाद मैंने अपना लोअर पहना और रचना से बोला- अब मुझे ऑफिस भी जाना है, तुम भी अपना काम निपटा लो, फिर शाम को मिलते हैं। और तुम्हारी झांट भी बनाते हैं।कह कर मैं अपने रूम में आ गया और तैयार होकर ऑफिस आ गया।
प्रशंसिका ने दिल खोल कर चूत चुदवाई-3
रचना अपनी नजर नीचे करते हुए बोली- जैसे आप लड़की को टॉयलेट अपने सामने करने के लिये कहते हैं वैसे ही आप मेरे सामने टॉयलेट करो।मैं उसकी इस अदा पर खूब हँसा।‘अरे यार, मर्द तो कहीं पर भी खड़े होकर मूतते हैं… तुम तो अक्सर देखती होगी। फिर मैं क्यों?’‘प्लीज!...
प्रशंसिका ने दिल खोल कर चूत चुदवाई -1
दोस्तो, एक बार फिर आप सबके सामने आपका प्यारा शरद एक नई कहानी के साथ हाजिर है लेकिन कहानी लिखने से पहले आपसे एक बात शेयर करना चाहता हूँ।
लागी लंड की लगन, मैं चुदी सभी के संग-28
रात को तो पक्का रितेश मेरी चुदाई करने वाला था।काम निपटाने के बाद रात को मैं, रितेश, रोहित और नमिता अपने कमरे में आ गये और स्वेपिंग की प्लानिंग करने लगे।इस बात पर चर्चा शुरू हो चुकी थी कि कोई ऐसी जगह चुनी जाये जहाँ दो दिन तक कोई न हो और न कोई बोले।द...