वन्द्या
सत्यापित कहानीकार (Verified)@vanathaya
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
वन्द्या की रचनाएं
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-14
अब तक आपने पढ़ा था कि शादी के बीच में लाइट चली जाने से मेरे कजन निहाल ने मेरी चूत में आग लगा दी थी और उसके बाद किसी एक और ने मेरी गांड भी गरम कर दी थी, तभी लाइट आ जाने से मैं चुदासी कुतिया से लंड ढूँढने में लग गई थी. तभी मानकपुर के स्टोर वाला शादी ...
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-13
अब तक आपने पढ़ा था कि शादी के माहौल में मेरे मौसेरे भाई निहाल ने मेरे साथ हरकत करनी शुरू कर दी थी. उधर अचानक लाइट चले जाने से उसने मेरे लहंगे में घुस कर मेरी पेंटी उतार दी और मेरी चूत चाटने लगा.मैंने उत्तेजना में वहां बीती मेरी बहन की सहेली रंजना द...
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-12
अब तक आपने पढ़ा था कि मानकपुर से वापसी में मुझे गाड़ी में रवि सिंह चोद रहे थे. मैं रवि के ऊपर उनके लंड पर बैठ कर चुदने लगी तो पीछे से मेरी खुली गांड को देख कर राज अंकल मेरी गांड मारने की प्लानिंग करने लगे थे.अब आगे..
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-11
अब तक आपने पढ़ा था कि मेरी चूत को अनवर जोर जोर से चोद रहा था, धक्के मार रहा था. तभी पीछे से मेरे बालों को पकड़ के कसके रमीज चोदने लगा था और गाली मुझे देने लगा था. मैं भी खूब गाली बकने लगी थी.अब आगे..
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-10
अब तक आपने पढ़ा कि मुझे पांच लोगों ने हचक कर चोद दिया था. इसके बाद मैं खाना और दवा खाकर सो गई थी. रात को मुझे ठाकुर अंकल ने उठाया और मेरी मम्मी की चुदाई को दिखाया. इसके बाद मैं अपनी मम्मी के सामने आ गई. मम्मी ने चुदते हुए मुझे देखा तो भी उनको कोई श...
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-9
अब तक आपने पढ़ा था कि मुझे महेश अपने बंगले पर ले आया था और उधर महेश के साथ सुनील, अब्दुल और रमीज … ये चारों एक साथ मुझे चोदने में लगे थे. अब्दुल के लंड का पानी मेरी चूत में छूटने लगा था.अब आगे..
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-8
अब तक आपने पढ़ा कि राज अंकल ने पैसे लेकर मुझे अनजान लड़कों के हवाले कर दिया था चुदने के लिए. इस वक्त मैं महेश सुनील अब्दुल और रमीज के सामने नंगी पड़ी थी. वे चारों भी नंगे खड़े थे और अब्दुल मुझे चोदने के लिए मेरे ऊपर चढ़ गया था.अब आगे..
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-7
अब तक आपने पढ़ा कि सुनील और महेश मुझे अपनी फोरचूनर गाड़ी में डाल कर मेरी जवानी को टच कर रहे थे. उन्होंने मेरी पेंटी उतार कर फेंक दी थी और मुझे चुदाई के लिए अपने बंगले पर ले जाने के लिए मेरी मम्मी से भी परमीशन ले ली थी. जबकि मेरी मम्मी को राज अंकल के...
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-6
अब तक आपने पढ़ा था कि मैं एक मॉल में थी, मेरी चूत और गांड में उस मॉल के दो वर्कर लड़कों के लंड घुसे हुए थे. मैं उनके साथ मॉल के रेस्ट हाउस में चुदवा रही थी. वे लड़के मुझसे मौसी के यहां की शादी में आने की बात कर रहे थे, जिसमें वे अपने साथ एक या दो नीग...
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-5
अब तक आपने पढ़ा कि कार में मुझे उन तीनों अंकल ने लंड से चोदा तो था, पर अधूरा चोद कर छोड़ दिया था. इसके बाद जब मैं मॉल में गई तो बिना पेंटी की मेरी चूत ने फर्श पर रस टपका दिया था. जिसे उस मॉल के दो युवकों ने समझ लिया था और उन दोनों ने मुझे शीशे में उ...
कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-1
मैं पहले अपनी पूरी सच्चाई एक एक शब्द बता चुकी हूं, अब उसके आगे की दास्तान आपके सामने लेकर आई हूं, जिन्होंने मेरे बारे में पूरी बात नहीं पढ़ी हो, वे प्लीज़ पहले मेरी पिछली कहानीकमसिन जवानी की आगको जरूर पढ़ें, तभी उन्हें पूरी मेरी बात समझ में भी आएगी...
मेरी कमसिन जवानी की आग-12
अब तक इस ग्रुप सेक्स स्टोरी में आपने पढ़ा कि मेरे मौसेर भाई ने मेरी चूत में पूरी ताकत से लंड डाल दिया और जम के धक्के मारने लगा. 5 मिनट के अन्दर ही उसने मेरी चूत को और मुझे बेहाल कर दिया. मुझे कुछ होश नहीं था.. मैं हवश और चुदाई की आग में जलने लगी, म...