कहानियाँ
सभी श्रेणियों की हिंदी सेक्स कहानियां।
टीचर्स डे
यह बात तब की है जब मैं 12वीं में पढ़़ती थी. मैं एक को-एड स्कूल में पढ़़ती थी जिस में लड़के और लड़कियाँ दोनों साथ में पढ़़ते हैं और हमारे स्कूल में लड़के पैंट शर्ट और लड़कियाँस्कर्ट शर्ट पहनते हैं टाई के साथ. वो मेरे स्कूल के सबसे सुनहरे दिन थे. मैं अपन...
एक मस्ती का सफर
प्रेषिका : नेहा वर्मा
मेरी चैट दोस्त नैना
मेरी उमर 27 साल है एकदम हट्टा कट्टा जवान लड़का हूँ। जब मैं दस साल का था तब से किसी लड़की के साथ सेक्स करने का सपने देखा करता था। मैंने बहुत सारी सेक्स बुक्स पढ़ी और सेक्स मूवी देख कर एक ही सपने देखा करता था कि काश उस लड़की के साथ मैं सेक्स कर रहा ह...
अधूरी प्यास की तृप्ति
प्रेषक : नीरज गुप्ता- उस्ताद जी
काम वाली की चूत
हय फ्रेंड्स! मेरा नाम संदीप है और मैं दिल्ली में रहता हूँ. मेरा लण्ड 6.5 इन्च का है और मेरी हाईट 6.2 फ़ीट शरीर सामान्य.
राजू से मेरी पहली चुदाई
प्रेषिका : नेहा वर्मा
कुंवारी सलहज को प्रेगनैन्ट किया
दोस्तो ! मैं सेक्सी कहानियाँ सात महीनों से पढ़ रहा हूँ। मैं 25 साल का शादीशुदा मिडल परिवार का राजस्थान के एक छोटे से कसबे का सेक्सी लडका हूँ। मैं पहले से औरतोँ को चोदने लगा था। मेरी शादी को दो साल हो गये है। मेरी सलहज की अभी तक चूत कुँवारी है। वो 5...
ग्रुप सेक्स-2
ग्रुप सेक्स-1हेल्लो दोस्तो, मैं राज फ़िर कोलकाता से.
ग्रुप सेक्स-1
हाय दोस्तो! मैं राज फ़िर कोलकाता से. मेरी पिछली दो कहानियाँ‘एक सच्ची कहानी’और‘पति के सामने बीवी की चुदाई‘आप लोंगों ने जरूर पढ़ी होगी. ये दोनों कहानियाँ मेरे सच्चे अनुभव पर आधारित थीं.
गर्ल्स हॉस्टल में रैगिंग
मैं जब हॉस्टल में आई तो मैंने देखा वहाँ पर रूम बड़े अच्छे और सभी सामान के साथ थे. एम ए की पढाई करने वालों के लिए सिंगल रूम था. रूम देख कर मैं बहुत खुश थी. हॉस्टल में आते ही जो अनुभव मुझे हुआ वो मैं आपको बताती हूँ।
मैंने जीजू से चुदवा ही लिया
मैं जब 24 साल की थी उस समय मेरी नौकरी भोपाल में लग गई थी. टेम्परेरी थी. जीजू ने कोशिश करके लगवा दी थी. मैं अपनी बड़ी बहन के यहाँ रहने लगी थी. उन्होंने मुझे घर के पीछे वाला रूम खाली करके दे दिया था. वो कमरा बड़ा और हवादार था. जीजू और दीदी दोनों ही न...
पति के सामने बीवी की चुत चोदन स्टोरी
दोस्तो, मैं राज कोलकाता से… चोदन स्टोरीज का लेखक…आपने मेरा पहला अनुभव ’एक सच्ची कहानी’ के रूप में पढ़ी होगी. इसके जवाब में मुझे कई ई मेल मिले. बहुतों को ये कहानी झूठी लगी.