होम पर वापस जाएं
Group Sex Story पठन समय: 16 मिनट पढ़ा गया: 1,019 बार

निम्फोमेनिया : सेक्स की लत- 7

सनी वर्मा

17 May 2023 को प्रकाशित

निम्फोमेनिया : सेक्स की लत- 7
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

3सम सेक्स विद वन गर्ल स्टोरी में एक विदेशी लड़की अपने प्रेमी और उसके दोस्त से एक साथ चुदी. दोनों दोस्तों ने मिल कर उसे पेला और थ्रीसम सेक्स का मजा लिया.

कहानी के छठे भागचुद गयी पति के विदेशी दोस्त सेमें आपने पढ़ा कि सेक्स की प्यासी सिम्मी अपने पति के विदेशी दोस्त डेविड से चुद गयी. उसे बहुत मजा आया. उसकी तमन्ना पूरी हो गयी किसी गैर लंड से चुदने की.उधर सिम्मी का पति और डेविड की गर्लफ्रेंड आपस में चुदाई करने के लिए तैयार हो चुके थे.

अब आगे 3सम सेक्स विद वन गर्ल:

डिनर करके तीनों लोग डेविड के होटल में रात 11 बजे तक आये.संजीव नीचे से वापिस जा रहा था पर डेविड उसे जबरदस्ती ऊपर रूम में ले आया.

डेविड ने सिम्मी को फोन कर दिया कि संजीव अभी एक घंटे देर से आयेगा.

संजीव ने कहा- तुम लोग ऐश करो, मैं चलता हूँ.डेविड बोला- थोड़ी देर रुक, एक एक पेग लगाते हैं तीनों, फिर चले जाना.

लीज़ा ने भी एक कातिल मुस्कान फेंकी उसकी ओर … तो संजीव मना नहीं कर पाया.वो तो चाह ही रहा था लीज़ा के पास और रुकना.

डेविड ने टेबल सजाई.लीज़ा डेविड से बोली- अगर बुरा न लगे तो क्या मैं चेंज कर लूं?डेविड ने हंस कर कहा- तुमने पहना ही क्या है जो इसे उतारोगी. अगर ये भी उतार दिया तो संजीव सिम्मी के पास नहीं जा पायेगा.लीज़ा ने हँसते हुए उसे एक चपत लगायी.

संजीव भी बोल उठा- तुम चेंज कर लो और कम्फर्टेबल हो जाओ.लीज़ा गांड मटकाती चली गयी.

डेविड और संजीव दोनों सूट पहने थे.

डेविड भी संजीव से माफ़ी मांगते हुए उठा कि एक मिनट में चेंज करके आया.

डेविड तो फटाफट सारे कपड़े उतार कर बस शॉर्ट्स पहने आ गया.इस बीच संजीव ने भी अपना कोट और टाई उतार ली और तीनों के लिए पेग बनाने लगा.

डेविड ने फ्रिज के ऊपर रखी स्नैक्स ट्रे से नमकीन भुने हुए काजू का पैक उठाया और खोल लिया.

तभी लीज़ा भी आ गयी.उसने आते आते लाईट बंद करके बहुत धीमी लाइट खोल ली.

लीज़ा एक बहुत हल्की सी फ्रॉक पहनी थी.उसकी चिकनी टांगें, बांहें और चेहरा दमक रहा था.संभवतः उसने नाईट क्रीम लगाई होगी.

पूरा कमरा उसके जिस्म से आती मदमस्त खुशबू से भर उठा.

रूम में तो दो ही कुर्सियां थीं और उन पर डेविड और संजीव बैठे थे.लीज़ा ने अपना गिलास उठाया और बेड पर बैठने को चल दी.

डेविड ने मुस्कुराते हुए उसे अपनी गोद में बैठने का न्योता दिया. लीज़ा बड़ी स्टाइल से पैर पर पैर रख कर डेविड की गोदी में बैठ गयी और अपने पेग से एक सिप डेविड को दिया और उसे चूम लिया.

संजीव ने उठकर उसके जाम से अपना जाम टकराया और फिर मुस्कुराते हुए लीज़ा को किस करने का इशारा किया.

लीज़ा उठने को हुई तो संजीव ने ही हँसते हुए कह दिया- इट्स ओके. थैंक्स!

तीनों के बीच हंसी मजाक चालू था.लीज़ा डेविड की गोद में बैठी थी तो डेविड के लंड का उभार उसे नीचे से चुभ रहा था.

दोनों ही गर्म हो रहे थे.

संजीव माफी मांगते हुए वाशरूम गया.जब लौटा तो डेविड और लीज़ा जबरदस्त तरीके से चूमाचाटी में लगे थे.

अब लीज़ा डेविड की गोद में दोनों और पैर करके बैठी थी.हल्के अँधेरे में संजीव को ऐसा एहसास हुआ कि डेविड ने लीज़ा की फ्रॉक नीचे से उठा दी थी और अपना लंड उसकी चूत में कर रखा था.

संजीव के आने से उन्हें कोई फर्क ही नहीं पड़ा.

अब संजीव के लिए भी रुकना भारी हो रहा था.उसने टेबल पर रखी अपनी गाड़ी की चाभी उठाई और बोला- अब मुझे चलना चाहिए.

वो मुड़ा ही था कि लीज़ा ने उसका हाथ पकड़ लिया.

लीज़ा खड़ी हुई और उसने संजीव के चेहरे को दोनों हाथों से पकड़ के उसके होंठ से अपने होंठ भिड़ा दिए.

लीज़ा की गर्म सांसें संजीव की कामाग्नि को भड़का रही थीं.जाहिर है ये सब डेविड की सहमति से ही हो रहा था.

इस चूमाचाटी का तूफ़ान जब थोड़ा सा हल्का हुआ तो संजीव ने मुस्कुराते हुए लीज़ा से कहा- तुम बहुत खूबसूरत और हॉट हो. तुम्हारे किस मेरे जिस्म में गहराई तक उतर गए. इस सबके लिए थैंक्स. अब मैं चलता हूँ, तुम दोनों एन्जॉय करो.

डेविड बोला- आज लीज़ा का मन है कि हम दोनों मिलकर उसे मजे दें. ये हम दोनों का एक पुराना सपना था जो इतने उन्मुक्त माहोल में रहकर भी पूरा नहीं हो पाया था. और अभी डांस फ्लोर पर हमने आपस में बात करके ये मन बना लिया था कि आज रात इस सपने को अंजाम देंगे.

संजीव हकलाया- घर पर सिम्मी मेरा इंतज़ार कर रही होगी.डेविड बोला- उसे लीज़ा ने अंदर वाशरूम से फोन कर दिया था कि हम दोनों पी रहे हैं, अभी तुम्हें देर हो जायेगी.

लीज़ा ने संजीव का कोट और पेंट की बेल्ट खोल दी.अब बाक़ी काम संजीव ने खुद कर लिया.

तीनों के कपड़े वहीं सोफे पर पड़ गये.लीज़ा दोनों के लंड पकड़ कर नीचे बैठ गयी और जैसा पोर्न मूवीज में होता है, बारी बारी से चूसने लगी.

डेविड का तो वो रोज़ चूसती थी, आज बारी संजीव की थी.कद काठी से तीनों ही मजबूत थे.

लीज़ा के मम्मे सिम्मी जितने भारी तो नहीं थे पर संजीव की निगाह में लीज़ा ज्यादा उन्मुक्त थी.

उसे लगा कि किस तरह लीज़ा एक ही मुलाकात में उसके साथ सेक्स को तैयार हो गयी. और उधर सिम्मी है बार बार उकसाने पर डेविड का लंड देखने को भी तैयार नहीं हुई आज सुबह.उसे क्या मालूम था कि सिम्मी तो सुबह पूरी मौज ले चुकी है.

खैर, अब डेविड ने लीज़ा को खड़ा किया और दोनों चिपट कर चूमने लगे एक दूसरे को.

पीछे से संजीव भी लीज़ा से चिपटा तो लीज़ा पलट गयी और संजीव के होंठ से होंठ भिड़ा कर उसे चूमने लगी.संजीव का हाथ नीचे उसकी चूत पर चला गया.

लीज़ा की चूत खूब फूली हुई थी और चिकनी थी.उसने एक हाथ पीछे किया और डेविड का लंड पकड़ आर मसलने लगी.

लीज़ा अब दोनों के साथ बेड पर आ गयी और सीधे होकर लेट गयी और टांगें चौड़ा कर मुस्कुराने लगी.

संजीव ने अपना मुंह लीज़ा की टांगों के बीच में कर दिया.लीज़ा ने अपनी उँगलियों से अपनी फांक और चौड़ा दी.संजीव ने ढेर सारा थूक लगाते हुए अपनी जीभ घुसा दी उसकी चूत में.

डेविड लीज़ा के सिरहाने आया और उसने अपना लंड लीज़ा के मुंह में दे दिया.

लीज़ा का जिस्म महक रहा था. उसने अपनी चूत के पास बॉडी स्प्रे किया था.उसने नेल पेंट भी शायद शाम को ही लगाया था तो ताजे नेल पेंट की खुशबू भी संजीव के नथुनों में घुस रही थी.

संजीव को चुदाई पूरी करने की जल्दी थी तो उसने सर उठाया और लीज़ा के मम्मे चूसता हुआ उसके ऊपर आ गया.

अब उसका लंड लीज़ा की चूत पर टक्कर दे रहा था.लीज़ा ने भी समय नहीं खराब किया और मचलते हुए लंड को अपनी चूत के अंदर कर लिया.संजीव ने एक झटका मारा तो पूरा लंड अंदर घुस गया.लीज़ा सिहर गयी.

उसने डेविड का लंड मुंह से निकाला और संजीव की पीठ पर अपनी उंगलियाँ लिपटा दीं.संजीव ने और दवाब बनाया तो लीज़ा ने अपने नाख़ून गाड दिए उसकी पीठ पर और बोली- तुम्हें अंदर फील करके मेरी आग और भड़क गयी है. अब रुको नहीं और चोदो मुझे!

तब संजीव ने धक्के देने शुरू किया और पूरी स्पीड पकड़ ली.डेविड लीज़ा को चुदते देख कर मुस्कुरा रहा था.वो लीज़ा के बगल में ही लेट गया.

लीज़ा ने उसे देखा तो संजीव को रुकने को कहा और फिर वो उठ कर घोड़ी बन गयी और डेविड का लंड चूसने लगी.संजीव उसके पीछे आया और थोड़ा थूक अपने लंड पर लगाकर लीज़ा की गांड में घुसना चाहा तो लीज़ा हँसते हुए चीखी- यहाँ नहीं. आना है तो दोनों एक साथ आगे आ जाओ.

संजीव ने पीछे से अपना लंड उसकी चूत में कर दिया और उसके मम्मे भी मसलने लगा.

डेविड लीज़ा के बालों से खेल रहा था. डेविड का लंड पूरा तना हुआ था.उसने लीज़ा से कहा कि वो उसके ऊपर लेट जाए.

लीज़ा समझ गयी.उसने संजीव को हटाया और वो डेविड के ऊपर पीठ के बल लेटी और उसका लंड अपनी चूत में कर लिया.

डेविड ने उसे चूमा और उससे क्या मिन्नत की कि लीज़ा ने वापिस डेविड के लंड पर थूक लगाया और उसे अपनी गांड के छेद पर रख दिया.

डेविड ने धीरे धीरे अपना लंड लीज़ा की गांड में कर दिया और लगा पीछे से चोदने.

संजीव के लिए ये सपने जैसा था.

अब लीज़ा की चूत खाली थी.लीज़ा ने उसे इशारे से बुलाया.संजीव ने अपना लंड नजदीक आकर लीज़ा की चूत में घुसा दिया.

अब लीज़ा के दोनों छेदों में मोटे मोटे लंड थे.डेविड तो ज्यादा नहीं हिल पा रहा था पर संजीव की चुदाई चालू थी.उसके और लीज़ा के होंठ बार बार मिल जाते थे.

माहौल अब पूरा गरमा चुका था.संजीव के लंड पर लीज़ा की कसी हुई चूत का दवाब था.

लीज़ा को लगा कि संजीव का होने वाला है तो उसने संजीव से कहा- प्लीज़, अंदर मत करना.

संजीव ने अपना लंड बाहर निकाल दिया और सारा माल लीज़ा के पेट और मम्मों पर निकाल दिया.

डेविड और लीज़ा रूके नहीं.लीज़ा पलटी और डेविड का लंड अंदर करके उसके ऊपर चढ़ कर चुदाई करने लगी.दोनों जल्दी ही हांफ गए.

डेविड ने कस कर लीज़ा को नीचे किया और फिर लंड बाहर निकाल कर सारा माल उसके पेट और चेहरे पर कर दिया.

लीज़ा ने मुस्कुराते हुए डेविड के लंड को चाट कर साफ़ भी कर दिया.

अब संजीव को वापिस जाना था.

संजीव के घर पहुँचने से पहले डेविड ने सिम्मी को फोन करके सब बता दिया था.रात को संजीव घर पहुंचा तो सिम्मी ने ये दिखाया कि उसे बहुत जोर से नींद आ रही है.

संजीव कपड़े बदल कर सो गया.सिम्मी भी मुस्कुराते हुए आज सुबह के सेक्स के बारे में सोचते सोचते सो गयी.

अगले दिन संजीव तो ऑफिस चला गया.

सिम्मी ने लीज़ा से फोन करके पूछा कि क्या वो बाहर चलेगी?तो लीज़ा ने कहा कि आज थकान है, रात भर डेविड ने सोने नेहीं दिया. आज वो दिन में सोना चाहती है. शाम को वो और डेविड उसके घर आयेंगे ही.

सिम्मी भी ये सोच कर खुश हुई.डेविड ने उससे ये तय कर लिया था कि अगर सिम्मी घर पर ही है तो अपनी मीटिंग से लौटते समय वो सिम्मी से मिलता हुआ या कहिये चोदता हुआ होटल जाएगा.

सिम्मी ने हालाँकि उसे टालना चाहा पर डेविड ने कहा कि वो बदमाशी न करे. उसी ने तो कल वायदा किया था कि डेविड को गिफ्ट मिलेगा.

सिम्मी ने दिन में ही डिनर की तैयारी कर ली.

डेविड ने कहा कि वो 4 बजे करीब आयेगा.उधर संजीव ने सिम्मी को बताया कि वो 6 बजे तक आ जाएगा.

सिम्मी 4 बजे से पहले तैयार हो गयी.उसने एक मिडी पहनी और मैचिंग नेल पेंट किये.हाई हील की सैंडल में वो बहुत कातिलाना लग रही थी.

थोड़ी देर में डेविड का फोन आया कि वो आ ही रहा है.

सिम्मी ने उससे कह दिया कि संजीव भी जल्दी ही आ जाएगा तो डेविड ज्यादा देर रुक नहीं पायेगा.डेविड हंस दिया, बोला- मेरी संजीव से बात हो गयी है, वो 6 बजे तक आयेगा.सिम्मी भी हंस दी और बोली- तुम बहुत शैतान हो.

डेविड के लिए सिम्मी ने डोर खोला तो डेविड तूफ़ान की तरह अंदर घुस आया.और आते ही सिम्मी से लिपट गया.

दोनों एक दूसरे को ताबड़ तोड़ चूमने लगे.ऐसा लगता था कि बरसों के बिछड़े आशिक हों.

डेविड सिम्मी के लिए एक वेस्टर्न ड्रेस लाया था.उसने कहा कि ये ड्रेस वो देगा तो रात को जब वो लीज़ा के साथ आयेगा. पर एक बार साइज़ चेक कर ले सिम्मी ताकि अगर कोई फर्क हो तो वो बदल लाएगा.

सिम्मी उसकी बदमाशी समझ गयी कि डेविड चाहता है की सिम्मी उसके सामने कपड़े उतार कर ये ड्रेस पहने.उसने हँसते हुए कहा- मुझसे ज्यादा बदमाशी नहीं. अगर साइज़ का फर्क होगा तो मैं खुद स्टोर से बदल लाऊंगी.

डेविड ने फिर उसे दबोच लिया और जबरदस्ती उसकी मिडी उतार दी.

अब सिम्मी एक पोल्का डॉट्स वाले ब्रा पेंटी सेट में थी.डेविड ने उसे चिपटा कर पीछे से उसकी ब्रा का हुक खोल दिया.

अब सिम्मी ने भी डेविड को उसके कपड़े उतारने में मदद की.डेविड पूरा नंगा हो गया.उसका लंड पूरा तना हुआ था.

सिम्मी सिर्फ पेंटी में हाई हील के सेंडल पहने खड़ी थी.डेविड नीचे बैठ गया और सिम्मी की पेंटी उतार दिया और उसकी चूत में अपनी जीभ कर दी.

सिम्मी सिहर गयी और बोली- बेड पर चलो.वह गांड मटकाती सेंडल पहने पहने बेड पर गयी और डेविड को धीरे से बेड पर धक्का दिया और उसका लंड मुंह में ले लिया और दवाब बना कर लगी चूसने.

सिम्मी आज जल्दी में थी.वो और ऊपर हुई और सेंडल पहने पहने बेड पर चढ़ गयी और डेविड के ऊपर बैठ कर उसका लंड अपनी चूत में कर लिया.आज डेविड का लंड उसकी चूत में फंस कर गया.

कारण सिम्मी की चूत अपने पानी से ही गीली हुई थी.डेविड के लंड पर शायद थूक कम था और डेविड का लंड था भी तो मोटा.

सिम्मी ने अपनी हथेली पर थूक लगाया और डेविड के लंड पर लपेट दिया.अब सिम्मी लगी उछलने.

डेविड ने उसके मम्मे कस कर मसलने शुरू किये और फिर उसका सर नीचे करके होंठ से होंठ भिड़ा दिए.

डेविड उसे चोदना चाहता था.तो उसने सिम्मी को नीचे किया और लंड उसकी चूत में करके बिना रुके धक्के देने शुरू कर दिये .सिम्मी चीखी भी कि मेरी फट जायेगी पर डेविड रुका नहीं.

अब सिम्मी को भी जन्नत का मज़ा आने लगा था, वो डेविड की गर्दन पर हाथों का घेरा बना कर झूल गयी.

उसने सेंडल पहने अपनी टांगें डेविड की कमर पर घेरा बना कर जोड़ लीं.डेविड के धक्के बढ़ते गए.

सिम्मी भी कसमसा कर उसे और जोर से चोदने को उकसा रही थी.

वो बार बार स्पीड बढाने और और अंदर आने को उकसा रही थी डेविड को.

एक झटके में डेविड ने अपना सारा माल सिम्मी की चूत में निकाल दिया और हांफता हुआ वाशरूम में चला गया.

3सम सेक्स विद वन गर्ल स्टोरी पर आप अपने विचार बतायेंsupport@mohakkisse.com

3सम सेक्स विद वन गर्ल स्टोरी का अगला भाग:निम्फोमेनिया : सेक्स की लत- 8

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

श्रृंखला

कहानी श्रृंखला (STORY SERIES)

निम्फोमेनिया : सेक्स की लत

कुल भाग: 7
यह एक बहु-भाग कहानी है। अपनी पसंदीदा कड़ी पर जाने के लिए ऊपर क्लिक करें।

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

मेले के बहाने चुदाई की मस्ती- 5
Group Sex Story

मेले के बहाने चुदाई की मस्ती- 5

देसी भाभी ग्रुप चुदाई कहानी में मैंने और मेरी सहेली ने हमारे साझे यार से चूत चुदाई का एक साथ मजा लिया पूरी रात. मेरी सहेली ने कभी ओरल सेक्स का मजा नहीं लिया था.

22 मिनट 776
Kashmiri Aur Ladakhi Ladkiyaan
Group Sex Story

Kashmiri Aur Ladakhi Ladkiyaan

Hello dosto mai Rohit jammu aur chandigarh se, ye real hindi sex stories experience meri office ki do ladkiyon (ladakhi- dechen) aur (kashmiri ldki- monica) k sath ki h.

17 मिनट 966
Bachelor’s party ki raat
Group Sex Story

Bachelor’s party ki raat

Hi friends, aaj main ek new sex story ke sath aaya hu. Ye story mere ek reader ne send ki hai. Aasha karta hu ki aapko ye story pasand aaye.

8 मिनट 468

पाठकों की राय

3 टिप्पणियां

मनीष गोहल

1 week ago

सच में बहुत ही हॉट और उत्तेजक कहानी है भाई। मजा आ गया पढ़कर।

राजवीर वीरू दादा

3 weeks ago

बहुत ही गजब का लिखा है लेखक भाई। आपका लिखने का स्टाइल बहुत बढ़िया है।

रंजन चौधरी

4 weeks ago

कहानियों का ये संग्रह बहुत ही अच्छा है। आपका फैन हो गया हूँ।

🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।