होम पर वापस जाएं
भाभी की चुदाई • पठन समय: 6 मिनट • पढ़ा गया: 1,097 बार

भाभी की चूत का आशिक

रॉक प्लेब्वॉय

05 Dec 2024 को प्रकाशित

भाभी की चूत का आशिक
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

प्यासी चूतों को मेरे लंड की तरफ से चुदास भरा नमस्कार।

मेरा नाम रॉक है.. मैं जोधपुर का रहने वाला हूँ, मैं एक हैंडसम और स्मार्ट लड़का हूँ, मेरी उम्र 21 साल है।

यह घटना तब की है जब मैं अपने मौसी के लड़के से मिलने गया।

वहाँ मेरी ही उम्र के भाई और भाभी बैठे थे।तभी भाभी चाय बनाने लगी.. तो दूध नहीं था, भाई दूध लेने चला गया, तब तक भाभी मेरे से बात करने में लग गईं।

अचानक भाभी एकदम खुल कर बातें करने लग गईं। थोड़ी देर हमने बातें की.. फिर तक भाई दूध लेकर आ गया।थोड़ी देर में भाभी ने चाय बना दी, हम तीनों ने चाय पी, इसके बाद मैं अपने घर आ गया।

घर आने के बाद मैं सिर्फ भाभी के बारे में सोच रहा था।थोड़े दिन ऐसे ही बीत गए।

फिर एक दिन प्लान बनाया और दूसरे दिन स्कूल से सीधा भाई के घर चला गया। उस दिन मेरी किस्मत अच्छी थी कि भाभी के अलावा घर पर कोई नहीं था, भाभी घर का काम कर रही थी।

मेरे जाते ही उसने काम छोड़ प्रिया और चाय बनाने में लग गई, मैं कमरे में बैठ कर टीवी पर गाने सुनने लग गया।थोड़ी देर में भाभी चाय बना लाई और मेरे बगल में बैठ गई।

हम दोनों ने चाय पी फिर हम बातें करने लगे। बातों ही बातों में मैंने भाभी का हाथ पकड़ लिया, भाभी ने कुछ नहीं कहा.. तो इसे मुझे मौका मिल गया और मैं भाभी के और करीब होकर बैठ गया।

मैं भाभी के हाथ अपने हाथों में लेकर मसलने लग गया.. भाभी की सांसें तेज हो गई थीं।

देखते ही देखते मेरा हाथ भाभी के मम्मों पर चल गया और मैं उन्हें भर-भर के दबाने लग गया। इधर मेरा हाल भी बुरा हो रहा था मेरा लंड कड़क होकर पूरा लम्बा हो गया।

मैंने भाभी को बिस्तर पर लिटा प्रिया और उसके होंठों को किस करने लग गया, एक हाथ से मैं उसके मम्मे दबा रहा था और दूसरा हाथ उसके पैरों के बीच में चला गया।

अगले ही पल मैं उसकी साड़ी को ऊपर खींचने लगा। भाभी मेरे होंठों को जोर-जोर से काटने लगी थी।मैंने भाभी की पूरी साड़ी ऊपर कर दी और मेरा भाभी की चूत को छू लिया.. जिससे भाभी तड़प उठी और उसने मेरी गर्दन पर जोर से काट लिया, साथ ही उसने मुझे कसके पकड़ लिया।

दूसरी तरफ मेरे लंड महाराज अपने फन को जोर से हिला रहे थे, मेरे से काबू नहीं हो रहा था तो मैं ज्यादा देर न करते हुए भाभी की टांगों के बीच में आ गया, भाभी ने भी अपनी टाँगें फैला दीं।मैंने अपने लंड को भाभी चूत के ऊपर रगड़ रहा था।

भाभी अब बहुत गर्म हो गई थी.. और जोर-जोर से ‘अह्ह्ह्ह्ह.. उउहह..’ कर रही थी। वो कहने लगी- मेरे प्यारे देवर जी अब तड़पाओ मत और डाल दो अपना लम्बा सा लौड़ा.. और बना लो मुझे अपने लौड़े की दीवानी।

मैंने घुटनों के बल बैठ कर अपने लंड को भाभी की चूत पर रखा और जोर से एक धक्का मारा जिससे मेरी लंड भाभी की चूत के अन्दर 2 इंच घुस गया। भाभी एकदम से तड़प उठी और उसने मुझे कसके जकड़ लिया। उसकी तड़फ इतनी तेज थी कि एक बार फिर जोर से काट लिया।

मैंने एक झटका और मारा जिसे मेरा लंड पूरा भाभी की चूत की जड़ में घुस गया। कुछ पल के दर्द के बाद भाभी अपने हाथ मेरी पीठ पर घुमाने लगी.. जिससे मेरा उत्साह बढ़ने लगा। अब मैंने झटके मारने शुरू कर दिए और धीरे-धीरे झटके तेज कर दिए।

भाभी जोर-जोर से सीत्कार करने लगी ‘अह्ह्ह.. ओह.. ईस्स्स्सी..’थोड़ी देर में उसने मुझे कसके पकड़ लिया और उसका पूरा बदन अकड़ने लगा, भाभी जोर-जोर कहने लगी- च्..चोद दो.. मुझे.. अहह.. अह.. उइइ..वो अपने जिस्म को ऐठते हुए झड़ गई और मुझे कसके पकड़ कर अपने सीने से लगा लिया।

मैं भी थोड़ा रुक गया और भाभी के होंठों को किस करने लगा और मम्मे दबाने लगा। कुछ पल बाद मैं धीरे-धीरे झटके लगाने लगा.. जिससे भाभी एक बार फिर गर्म हो गई और अब भाभी अपनी कमर हिला कर मेरा लंड अन्दर तक लेने लगी। वो ऐसा झटका मार रही थी जैसे कोई शेरनी सालों से भूखी हो और शिकार हाथ में आते ही एकदम से उस पर झपट कर उसे एक ही बार में खा जाना चाहती हो।

भाभी जोर-जोर चिल्लाने लगी और कहने लगी- आह्ह.. आज मेरी पूरी प्यास बुझा दो जानू.. फाड़ डालो मेरी चूत को.. इसका भोसड़ा बना दो.. आपके भाई का लंड तो छोटा सा है.. जो चूत के मुँह के ऊपर से वापस आ जाता है।

मैंने अपने झटकों की रफ्तार बढ़ा दी। कुछ मिनट के बाद मुझे लगा कि मैं झड़ने वाला हूँ, मैंने भाभी को बताया तो कहने लगी- मेरा भी होने वाला है.. झटके जारी रखो और मेरे अन्दर ही झड़ जाओ।

मैंने जोर-जोर 10-15 झटके मारे और मैं और भाभी दोनों एक साथ झड़ गए।

मैं कुछ देर भाभी के ऊपर ही लेट गया। मैंने शैतानी करते हुए भाभी की चूत के दाने को उंगली से पकड़ कर जोर से खींच प्रिया.. जिससे भाभी तड़प उठी।

मैंने आंख मारते हुआ कहा- एक राउंड और हो जाए।भाभी ने यह कहते हुए ‘हाँ’ कर दी- क्यों नहीं मेरी चूत के आशिक।

आपको कैसी लगी मेरी कहानी.. मुझे मेल करके जरूर उतर दीजिएगा।support@mohakkisse.com

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

चचेरी भाभी ने मेरे लंड का मजा लिया
भाभी की चुदाई

चचेरी भाभी ने मेरे लंड का मजा लिया

यंग भाभी Xxx कहानी में मेरे संयुक्त परिवार में 4 भाभियां हैं. सबसे छोटी भाभी मेरे साथ चुहलबाजी करती थी. मैं भी समझता था कि भाभी को मेरे लंड की जरूरत है.

7 मिनट 380
Dost ki wife ke sath masti
भाभी की चुदाई

Dost ki wife ke sath masti

I am Fazil from hyderabad age 31 avg build brown color good looking and fit.. Big and thick, 7.5 big and thick 2.5. Agar aapko meri story pasand aaye toh please email me on – support@mohakkisse.com.

8 मिनट 811
देवर जी को ही पतिदेव मान लिया-1
भाभी की चुदाई

देवर जी को ही पतिदेव मान लिया-1

मेरा नाम अनीता है और मैं उत्तर प्रदेश के एक गांव से हूँ। ज्यादा पढ़ी-लिखी भी नहीं हूँ। मेरी लंबाई 5 फ़ीट 3 इंच है और शरीर पूरा भरा हुआ है। मेरे चूचे भी अच्छे खासी मोटाई वाले हैं क्योंकि मैंने जवानी में कदम रखते ही उनको दबवाना शुरू कर प्रिया था.

11 मिनट 872

पाठकों की राय

0 टिप्पणियां
इस कहानी पर अभी तक कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!
🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।