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भाभी की चुदाई • पठन समय: 12 मिनट • पढ़ा गया: 379 बार

कामुक भाभी की चुदाई का सुख-1

समीर रॉक

07 Aug 2024 को प्रकाशित

कामुक भाभी की चुदाई का सुख-1
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हैलो फ़्रेंडस, मैं समीर आपको अपनीजिन्दगी की एक सच्ची चुदाईबताने जा रहा हूँ.

मैं गुजरात के जामनगर शहर से हूँ. कॉलेज ड्रॉप आउट हूँ. मेरी उम्र 23 साल है, दिखने में भी अच्छा हूँ. हाइट पांच फुट नौ इंच है, बॉडी एवरेज है. लंड ज्यादा बड़ा तो नहीं है, बस 7 इंच का ही है.

यह कहानी 3 साल पहले की है. मैं जामनगर में एक छोटा सा रूम ले कर रहता था. मेरे पेरेंट्स गांव में रहते हैं और हमारा परिवार बहुत गरीब है. मैं बचपन से ही अपने पापा से बहुत डरता हूँ.

यह कहानी बयान करेगी कि एक औरत की वासना कितनी हद तक बढ़ सकती है. एक औरत में कितनी कामुकता होती है और वो अपनी अनबुझी प्यास कामवासना बुझाने के लिए क्या क्या कर सकती है. मुझे उम्मीद है कि औरतें मेरी बात को समझेंगी.

यह खेल शुरू हुआ था 3 साल पहले… मुझे जुए की बहुत खराब लत पड़ गई थी और इसकी वजह से मुझ पर पचास हजार की उधारी हो गई थी.

जिन लोगों से मैंने पैसे लिए थे, वो लोग बहुत खतरनाक थे. काफी दिनों तक तो मैं उनको टालता रहा, पर फिर वो मुझे जान से मारने की धमकी देने लगे थे.

एक दिन मेरे रूम के दरवाजे पर दस्तक हुई, जैसे ही मैंने दरवाजा खोला तो 3 आदमी गन लिए हुए अन्दर घुस गए और मेरी कनपटी पे बंदूक रख दी. मेरी फट गई.

उनमें से एक बोला- तेरे को प्रिया हुआ टाइम खत्म हो गया, अब पैसे दे या मरने को तैयार हो जा.मैं- भाई दो दिन का वक्त और दे दो…“अब कोइ वक्त नहीं… तू बस पैसे दे.”

थोड़ी देर मैं उन लोगों के सामने ऐसे ही गिड़गिड़ाता रहा, पर उन लोगों पर मेरी बातों का कोई असर नहीं हुआ. उनमें से एक ने मेरा कॉलर पकड़ के दो थप्पड़ मेरे गाल पे जड़ दिए… और दूसरा मेरी बैट उठा के मेरी तरफ़ बढ़ने लगा.

इतने में “तुम लोगों की हिम्मत कैसे हुई कुत्तो…” कहते हुए सेजल भाभी रूम में आ गईं. सेजल भाभी मेरे सामने वाले बड़े से घर में रहती थी, काफी अमीर थी.उनको देख के वो लोग मुस्कुराने लगे… और उनमें से एक बोला- तू कौन है छमिया?

इसके बाद वे लोग मेरी तरफ देख कर बोले- ओये हीरो तेरी आईटम है क्या??उतने में सेजल भाभी बोलीं- तुम सबकी बाप हूँ मैं… क्यों परेशान कर रहे हो इसको?उनमें से एक आदमी बोला- ये तू अपने इमरान हाशमी से पूछ कुतिया.“बता हीरो इसको… हम कौन हैं और क्यों आए है यहां…?”

मैंने रोते हुए उनको पूरी बात बताई… तो उन्होंने उस आदमी को देख कर कहा- चलो मेरे पीछे.

उनका घर मेरे घर के सामने ही है. हम सब वहां पहुँचे… तुरंत ही उन्होंने तिजोरी खोली, पचास हजार रुपए निकाले और उनको दे दिए- अब निकलो यहां से और कभी वापस मत आना!भाभी ने गुस्से में बोला.“तेरे जैसी को छोड़ कर नहीं चोद कर जाते मेरी जान… पर क्या करें भाई का पैसों का ऑर्डर है तो खैर… कभी तेरी अकड़ भी निकालेंगे रंडी.”

मेरे से रहा नहीं गया और मैं चिल्ला कर बोला- भेनचोद भाभी है मेरी… जुबान सम्भाल के बात कर.

वो गुस्से से मेरी तरफ़ बढ़ने लगा.सेजल भाभी बोलीं- निकलो यहां से, वरना पुलिस को फोन करती हूँ.

पुलिस का नाम सुन के उन लोगों की फटने लगी… उनमें से जो ज्यादा ऐंठ रहा था, वो बोला- हाँ अभी तो जा रहा हूँ, पर किसी दिन तेरी चूत चखने जरूर आऊंगा.

ऐसा बोल कर वो लोग वहां से निकल गए. सेजल भाभी ने मेरी तरफ़ नाराज़गी से देखा- शर्म नहीं आती ऐसी हरकत करते हुए?उन्होंने गुस्से में आकर कहा तो मैं डर गया.

भाभी अपना मोबाइल उठा के नम्बर डायल करने लगीं, मुझे समझने में देर ना लगी कि वो किसको फोन लगा रही हैं.सही सोचा आप लोगों ने, वो मेरे पापा को फोन कर रही थीं.

मैं सीधा उनके पैरों पे गिर के रोने लगा और मिन्नतें करने लगा- भाभी, प्लीज पापा को कुछ मत बताना, वो हार्ट के पेशेंट हैं.भाभी ने गुस्से में चिल्लाते हुए कहा- ये बात पहले याद नहीं आई बहन के लौड़े…

उनके मुँह से ये सुनकर मेरे को अजीब लगा, लेकिन अभी मुझे ये सब सोचने का वक्त सही नहीं लगा. मैं फ़िर गिड़गिड़ाने लगा- भाभी आप जो बोलोगी वो मैं करूँगा.वो थोड़ी देर मुझे घूरने के बाद बोलीं- सोच लो… जो मैं बोलूँगी वो तुम्हें करना पड़ेगा.मैं बोला- हाँ भाभी… जो भी आप बोलो.

फ़िर उन्होंने कहा- अभी तुम घर जाओ और शाम को ठीक 5 बजे जिम सूट में वापस यहां आना… क्या करना है वो तब बताऊंगी.

मैं वहां से शर्म के मारे जल्दी जल्दी निकल गया और घर जा कर सीधा बेड पर गिर गया. इसके बाद जो हुआ था, वो सब मेरे दिमाग में घूमने लगा.फ़िर सेजल भाभी की बातें याद आने लगीं. खास करके आज उनका व्यवहार मुझे ज्यादा खटकने लगा.

सेजल भाभी एक खूबसूरत चेहरे की मालकिन थीं, वो हमेशा ट्रेडिशनल कपड़े पहनती थीं तो उनके फिगर का अन्दाजा लगना बहुत मुश्किल था.

वो हमारे ही गांव से एक बहुत ही इज्जतदार परिवार से थीं. उनका और हमारा परिवार काफ़ी क्लोज्ड था. उनके पापा को कैंसर होने की वजह से छोटी उम्र में ही सेजल भाभी की शादी करवा दी गई थी.

सेजल भाभी के पति रमन भैया बड़ी कम्पनी में इंजीनियर हैं. उनका पूरा परिवार राजकोट में रहता है.

रमन भैया अक्सर काम के सिलसिले में टूर पर जाते रहते हैं. भाभी बहुत ही बहादुर औरत हैं, तो उनको अकेले रहेने में डर नहीं लगता है. उनके पास पैसों की तो कोई कमी नहीं है. उनको तो सब ऐशोआराम की चीजें मिल जाती हैं, बस कमी थी… तो संतान की.

उनकी शादी को 8 साल हो चुके थे, पर उनको कोई औलाद ना थी. इसी वजह से अक्सर उन दोनों पति पत्नी के बीच झगड़े होते थे. मैं अपने रूम से अक्सर उनके झगड़े सुनता रहता था.

लेकिन इतनी तमीज़दार औरत के मुँह से ऐसे शब्द सुन कर आज मैं हैरान था और मुझे डर भी लग रहा था कि पता नहीं भाभी शाम को क्या करने को बोलेंगी.

जैसे तैसे शाम के 5 बजे और मैं उनके घर के लिए अपने रूम से निकला. जैसे ही बाहर निकला, वो बाहर ही मेरा वेट कर रही थीं. मुझे देख के उनके चेहरे पर चमक आ गई.

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मेरे पहुंचते ही वो तुरंत बोलीं- आओ मेरे पीछे…

और इतना कह कर वो तुरंत अन्दर को चल दीं.

वो सीधा मुझे जिम में ले गईं, जो एक बड़ा सा हॉल जैसा था. वहां एक दीवार पे सामने बड़ा सा मिरर लगा हुआ था. और वहां हर तरह के एक्सर्साइज के इक्विप्मेंट थे.सेजल भाभी बोलीं- बैठो वहां कुर्सी पे.मैं चुपचाप बैठ गया

सेजल भाभी ने एक लैपटॉप में एक वीडियो चालू करके मेरे सामने रख प्रिया. उस वीडियो में जो सुबह मेरे रूम पे हुआ था, उसकी रिकॉर्डिंग थी, जो उन्होंने चुपके से रिकॉर्ड कर ली थी.

फ़िर वो वीडियो बंद करके बोलीं- अगर तुम चाहते हो कि मैं ये वीडियो अंकल को ना दिखाऊं, तो तुम वही करोगे जो मैं करने को कहूँगी, वो भी बिना कोई सवाल किए…मैंने डरते हुए बोला- जो आप कहोगी, मैं वो ही करूँगा, लेकिन प्लीज ये वीडियो डैड को मत दिखाना.

उनके चेहरे पे एक शैतानी मुस्कुराहट फैल गई और उन्होंने बोला- अपने सब कपड़े निकालो, एक भी कपड़ा तुम्हारी बॉडी पर नहीं होना चाहिये.यह सुन कर मैं एकदम अवाक रह गया.

उन्होंने चिल्लाते हुए बोला- मूव फास्ट…मैं डर गया और अपने कपड़े उतारने लगा, परमन में वासनाका कीड़ा रेंगने लगा. मैंने सोचा आज साली ये मुझसे चुदेगी, मजा आएगा आज.पर मुझे कहां पता था कि मुझे मेरी ज़िंदगी की भयानक सजा मिलने वाली है.

अब मैं उनके सामने बिल्कुल नंगा खड़ा था और धीरे धीरे मेरे लंड में जान आ रही थी. केवल 40 सेकंड के अन्दर ही मेरा लंड पूरी तरह खड़ा होकर भाभी को सलामी दे रहा था.

उनके चेहरे पे फ़िर से वही डेविल स्माइल आ गई, वो मेरे करीब आईं और मेरे लंड को घूर कर देखा. फिर वो अपने कमरे की तरफ़ तेज़ी से चल दीं. इधर मैं खुश हो रहा था कि ये तो सज़ा के बदले मज़ा मिल गया.

इतने में ही वो वापस आईं और उनके हाथ में 50 ग्राम का एक तोला(वजन तोलने वाला बाट) और एक सेलोटेप था.

वो मेरे करीब आईं और भाभी मेरे लंड को पकड़ कर उसमें सेलोटेप से 50 ग्राम का तोला बाँधने लगीं.

उफ्फ… उनके मुलायम हाथ का वो स्पर्श पाकर मेरा हथियार और फूलने लगा.

उन्होंने मेरे लंड पे तोला बाँध कर मुझे बोला- अब तू ट्रेडमिल पे जा स्पीड को 20 पर सैट करके दौड़ना स्टार्ट कर.मेरे सपने टूट गए थे और मैं उनको सवालिया नज़र से देखने लगा.वो चिल्लाईं- जो बोला है… वो कर…

मैं डर गया और मन मार के वो करने लगा जो उन्होंने बोला, क्योंकि आज उनका दिन था.इसके बाद उन्होंने मेरे सामने ब्लू फ़िल्म चालू करके लैपटॉप रख प्रिया.

दस मिनट तक उसी स्पीड में दौड़ने के बाद वो मेरे करीब आईं, मशीन को बंद किया और मुझको सहारा देकर चेयर पे बिठाकर बोलीं- बैठो यहां पे… मैं तुम्हारे लिए प्रोटीन शेक लाती हूँ.

इस बार उनकी आंखो में प्यार था. मैं उनको समझ नहीं पा रहा था कि वो क्या चाहती हैं. मेरी हालत बहुत खराब थी मेरी साँसें बहुत तेज चल रही थीं, पाँव सुन्न पड़ गए थे और लंड सिकुड़ के लटक गया था.

इतने में भाभी आईं और अपने हाथ से मुझे प्रोटीन शेक पिलाने लगीं.

दस मिनट के आराम के बाद फ़िर से एक्सर्साइज करवाने लगीं. तकरीबन 3 घंटे तक उन्होंने मुझे अलग अलग तरह की एक्सर्साइज करवाई. कभी वो बेरहम बन जातीं, कभी प्यार दिखातीं.

फ़िर भाभी बोलीं- जाकर नहा लो.मैं कपड़े उठा के धीरे धीरे बाथरूम की तरफ़ बढ़ने लगा. मैं इतना थक गया था कि मुझसे ठीक से चला भी नहीं जा रहा था.

बाथरूम में गीजर पहले से ही चालू था. जैसे ही मैंने शावर चालू किया, गर्म पानी मेरे जिस्म पे गिरने लगा, जो मुझे बहुत आराम पहुंचा रहा था. आधे घंटे तक मैं नहाता रहा और फ़िर नहा कर कपड़े पहन के जैसे ही बाहर निकला, सेजल भाभी दरवाज़े के पास ही खड़ी थीं.

मुझे देखते ही बोलीं- चल मेरे शेर खाना खा ले, आज तूने बहुत मेहनत की है.उनके मुँह से इतने प्यार भरे लफ्ज सुन के दिल को खुशी मिली.

फ़िर हम दोनों ने खाना खाया और फ़िर वो मुझे सहारा देकर मेरे रूम तक ले गईं. मेरे बिस्तर पर लेटा प्रिया और मेरे अस्त व्यस्त रूम को ठीक करने लगीं.

थोड़ी देर में मुझे नींद आ गई, पता नहीं भाभी वहां से कब चली गईं.

सुबह आंख खुली तो 10 बज गए थे और मैं कॉलेज के लिए लेट हो गया था. जैसे तैसे बिस्तर से उठा, मेरा पूरा जिस्म दर्द से टूटा जा रहा था.

मैं गीजर ऑन करके ब्रश करने लगा और फ़िर गर्म पानी से 1 घंटे तक नहाने के बाद कुछ राहत मिली.

इतने में डोरबेल बजी…

दोस्तो, मेरी इस हिंदी सेक्स स्टोरी में मजा आ रहा हो तो मुझे ईमेल जरूर कीजिएगाsupport@mohakkisse.comकहानी जारी है.

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कामुक भाभी की चुदाई का सुख

कुल भाग: 6
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Ab tak aapne padha maine bhaiya ko bangalore jane ke liye mana liya tha.

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Mujhe mumbai aaye hue kayi din ho gye the, kayi bhabiyon ke aunties aur even kuwari ladkiyon ke mails aa rahe the, sab mere chuadyi ke tariko se bahut impress the pr abi tak koi bhi khud sex karne ke liye tayaar nahi ho rahi thi.

12 मिनट 1,169

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