नेहा वर्मा
सत्यापित कहानीकार (Verified)@naha-varama
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
नेहा वर्मा की रचनाएं
सब्र का फ़ल-1
मेरी शादी गांव की रीति-रिवाज के हिसाब से कम उमर में ही हो गई थी. जिस घर में मैं ब्याही थी उसमें बस दो भाई ही थे, करोड़पति घर था, शहर में कई मकान थे. वे स्वयं भी चार्टेड अकाऊँटेन्ट थे. छोटा भाई यानि देवर जी जिसे हम बॉबी कहते थे उसका काम अपनी जमीन जा...
चूत पर चोदने वाले का नाम नहीं लिखा जाता-3
पूजा वर्मादस मिनट बाद मैंने उनकी चूत में गरम-गरम रस डाल प्रिया और इस दौरान वो भी दोबारा झड गई थीं। मेरा लंड अभी तक उनकी चूत के अन्दर था, थोड़ी देर बाद हम अलग हुए।मैंने कहा- भाभी मन नहीं भरा है..!वो बोलीं- तो करते रहो।मैंने कहा- पहले तुम्हें इस लंड म...
चूत पर चोदने वाले का नाम नहीं लिखा जाता-2
पूजा वर्मामैं चाय लेकर चुपचाप उसके पीछे खड़ी होकर देखने लगी। वो भी हॉट सेक्सी सीन्स का मज़ा ले रहा था।
चूत पर चोदने वाले का नाम नहीं लिखा जाता-1
पूजा वर्माकुछ दिन पहले हमारे रिश्ते में एक शादी में हम सभी गए थे।बहुत सारे रिश्तेदार आए हुए थे। मैं भी बहुत उत्साह से इसमें शामिल हुई थी।मेरे रिश्ते का एक देवर शिशिर खूब जवान और खूबसूरत था, उससे मेरी खूब ठिठोली और मजाक चला करती थी, वो भी वहाँ आया ...
ससुराल गेंदा फ़ूल-2
सवेरे मैं सुस्ती में उठी… अलसाई सी बाहर बरामदे में आ गई और कसमसाते हुए दोनों हाथों को ऊपर उठाते हुए अपने बोबे को पूरा बाहर उभारते हुए अंगड़ाई ली… कि पीछे से एक सिसकारी सुनाई दी- किरण जी… ऐसी अंगड़ाई से तो मेरे दिल के टांके टूट जायेंगे…! गुड मॉर्निंग...
ससुराल गेंदा फ़ूल-1
मेरा नाम किरण है। मेरी शादी बड़ौदा में एक साधारण परिवार में हुई थी। मैं स्वयं एक दुबली पतली, दूध जैसी गोरी, और शर्मीले स्वभाव की पुराने संस्कारों वाली लड़की हूँ। घर का काम काज ही मेरे लिये लिये सब कुछ है। पर काम से निपटने के बाद मुझे सजना संवरना अच्...