रोनी सलूजा
सत्यापित कहानीकार (Verified)@rana-salja
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
रोनी सलूजा की रचनाएं
बाथरूम का दर्पण-5
मैं रोनी सलूजा एक बार फिर आपसे मुखातिब हूँ। मेरी कहानी बाथरूम का दर्पण आप सभी ने पढ़ी।
बाथरूम का दर्पण-4
मैं आपको बता दूँ कि मैंने कभी किसी को मजबूर करके सेक्स नहीं किया। जिसके साथ सेक्स किया, हमेशा उसकी रजामंदी से! चाहे वह गृहिणी हो या कुंवारी लड़की, यदि सामने वाली चाहती है तो सेक्स करना बुरा नहीं है, न ही दोबारा सेक्स करने के लिए मजबूर किया जाना चाह...
बाथरूम का दर्पण-3
मेरे होंठ उसके गाल पर थे और हाथ चुची पर!मैंने पूछा- सच है या नहीं?अब उसने पूरी ताकत से खुद को छुड़ा लिया और… दौड़ कर बेडरूम में चली गई।
बाथरूम का दर्पण-2
मैंने सोचा कि बाथरूम में जाकर दर्पण का मुआयना करूँ और निकलूँ!बाथरूम में गया तो रोशनदान के नीचे दर्पण दीवार के सहारे रखा था, उसके ऊपर पानी व साबुन की बूंदें थी, कुछ सादे पानी की बूंदें थी, पूरा बाथरूम साबुन की महक से महक रहा था।
बाथरूम का दर्पण-1
अब मतलब की बात पर आते हैं! मेरे साथ हुई एक खूबसूरत घटना जो एकदम सत्य है, आपको लिख रहा हूँ।