होम पर वापस जाएं
लेस्बीयन सेक्स स्टोरीज पठन समय: 8 मिनट पढ़ा गया: 476 बार

एक भाई की वासना -30

जूजाजी

15 Aug 2018 को प्रकाशित

एक भाई की वासना -30
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

सम्पादक – जूजा जीहजरात आपने अभी तक पढ़ा..जाहिरा ने मुस्करा कर मेरी तरफ देखा.. तो मुझे उसकी आँखें सुर्ख होती हुई नज़र आईं। मैंने नीचे को झुक कर हिम्मत करते हुए अपने होंठ उसके होंठों पर रखे और एक बोसा ले लिया।जाहिरा मुस्कराई और बोली- भाभी क्या है.. आपको लगता है कि आपको भी इनकी तरह ही मज़ा करने का शौक चढ़ रहा है?मैं आहिस्ता आहिस्ता जाहिरा की नंगी जाँघों पर हाथ फेरते हुए उसके गालों को चूमते हुए बोली- हाँ.. तो क्या हर्ज है इसमें.. यह सब तो लड़कियां करती ही हैं ना?अब आगे लुत्फ़ लें..

जाहिरा- जी भाभी.. मुझे पता है कि यह सब कुछ होता है.. मेरी एक फ्रेंड है जो कि हॉस्टल में रहती है.. तो वो बताती है कि वहाँ गर्ल्स हॉस्टल में यह वाला प्यार बहुत कॉमन है।

जाहिरा के सिर के बालों में हाथ फेरते हुए मैंने झुक कर जाहिरा के होंठों को चूमा और उसकी निचले होंठ को अपने दाँतों की गिरफ्त में लेते हुए आहिस्ता आहिस्ता काटने लगी.. तो ‘इसस्स.. स्स्स्स्स.. स्स्स्स्स…’ की आवाज़ के साथ ही जाहिरा की आँखें भी बंद हो गईं।एक हाथ से जाहिरा के सिर को कंट्रोल करते हुए उसके होंठों को चूसते हुए.. मैंने अपना हाथ जाहिरा की शर्ट के नीचे डाला और उसकी नंगे गोरे पेट को सहलाते हुए अपना हाथ ऊपर को उसकी नंगी चूचियों की तरफ ले जाने लगी।

जाहिरा की साँसें तेज हो रही थीं और उसकी साँसों के साथ उसकी चूचियों भी ऊपर-नीचे हो रही थीं।जैसे ही मेरे हाथों ने सीधे जाहिरा की नंगी चूचियों को अपनी गिरफ्त में लिया.. तो जाहिरा का सीना एकदम से ऊपर को उठ गया, मैं फ़ौरन ही समझ गई कि जाहिरा भी मस्ती में आ रही है, मैंने बिल्कुल आहिस्ता आहिस्ता उसके एक निप्पल को अपनी उंगली और अँगूठे के दरम्यान लेकर दबाना और सहलाना शुरू कर प्रिया।

जाहिरा के मुँह से हल्की हल्की सिसकारियाँ निकलने लगी थीं।बारी-बारी से मैं उसके दोनों छोटे-छोटे अंगूरों जैसे निप्पलों को सहला रही थी और साथ-साथ जाहिरा के होंठों को भी चूम रही थी।जाहिरा की आँखें बिल्कुल बंद थीं.. बस उसके मुँह से गहरी-गहरी साँसें फूट रही थीं।

मैं उसकी चूचियों से उसकी शर्ट के नीचे से खोलती हुई उसकी गुलाबी और पतले-पतले रसीले होंठों पर अपनी ज़ुबान फेर रही थी।आहिस्ता आहिस्ता मैंने अपनी ज़ुबान को उसके होंठों के दरम्यान में धकेल प्रिया। अब मेरी ज़ुबान उसके होंठों को अन्दर से चाटने लगी और उसकी दाँतों से टकरा रही थी।

आहिस्ता आहिस्ता जाहिरा के दाँतों ने एक-दूसरे से जुदा होते हुए मेरी ज़ुबान को अन्दर आने की इजाज़त दी और अगले ही पल मेरी ज़ुबान जाहिरा की ज़ुबान से टकराने लगी.. साथ ही जाहिरा ने अपने होंठों को बंद किया और मेरी ज़ुबान को अपने होंठों में लेकर चूसने लगी।

मैंने अपना हाथ जाहिरा की उस छोटी सी शर्ट से बाहर निकाला और फिर उसकी शर्ट के ऊपर से उसकी चूचियों पर रख प्रिया।अब मैंने उसकी शर्ट के खुले गले के किनारे को पकड़ा और आहिस्ता-आहिस्ता उसको नीचे को खींचते हुए मैंने उसकी चूचियों को नंगा कर लिया।

एक लम्हे के लिए जाहिरा ने अपनी आँखें खोलीं.. लेकिन जैसे ही मैंने उसकी नंगी खुल्ला चूचियों को अपनी मुट्ठी में पकड़ा.. तो एक बार फिर से उसकी आँखें बंद हो गईं।

जाहिरा की खूबसूरत गोरी-गोरी चूचियाँ और उनकी ऊपर सजे हुए गुलाबी-गुलाबी छोटे-छोटे अंगूरी निप्पल मेरी नज़रों के सामने बिल्कुल नंगे हो चुके थे।

उसकी दाईं तरफ की चूची पर दरम्यान में एक छोटा सा काला तिल था.. जो कि उसकी गोरी स्किन पर बहुत ही प्यारा लग रहा था।

चंद बार उसके होंठों को दोबारा चूमने के बाद मैंने अपने होंठों को नीचे लाते हुए उसकी सीने को चूमा और फिर अपने होंठों को उसकी गुलाबी निप्पलों के पास ले आई.. और आहिस्ता आहिस्ता अपने होंठों से गर्म-गर्म साँसें निकाल कर उनको गर्म करने लगी।

जैसे ही मैंने अपने होंठों के हल्के से टच से उसके निप्पलों को छुआ और रगड़ा.. तो जाहिरा की जिस्म में तनाव सा पैदा हो गया और उसके जिस्म ने एक झुरझुरी सी ली।

धीरे-धीरे मैंने अपनी ज़ुबान को बाहर निकाला और उसकी एक निप्पल को अपनी ज़ुबान से सहलाने लगी। जैसे-जैसे मेरी ज़ुबान उसके नर्म निप्पल को सहला रही थी.. तो जाहिरा के जिस्म में बेचैनी सी बढ़ती ही जा रही थी।

ज़ाहिर है कि एक कुँवारी लड़की जिसके लिए यह सब कुछ पहली बार हो रहा हो.. उसका खुद पर कंट्रोल करना बहुत ही मुश्किल होता है।यही हाल जाहिरा का हो रहा था, अपने जिस्म के साथ हो रही इस नई छेड़-छाड़ को वो बर्दाश्त नहीं कर पा रही थी और उसके हाथ भी मेरी नंगी कमर को सहलाने लगे थे।

मेरा हाथ उसकी जाँघों और नंगी कमर और जिस्म पर रेंग रहे थे.. मुझे लग रहा था कि कुछ ही देर में ही बिना चुदे ही जाहिरा अपनी ज़िंदगी में पहली बार रस छोड़ने के मुकाम तक पहुँच जाने वाली है।मैं भी यही चाह रही थी कि अभी उसकी चूत को ना टच करूँ.. और ऐसे ही उसकी चूत का पहला पानी निकाल दूँ।

मेरे हाथ उसकी नंगी जाँघों पर उसके बरमूडा के अन्दर तक उसकी चूत के इर्द-गिर्द रेंग रहे थे.. लेकिन उसकी चूत को टच नहीं कर रहे थे।

जाहिरा से जब बर्दाश्त ना हो पाया तो उसने अपना हाथ अपनी बरमूडा के ऊपर से अपनी चूत पर रखा और उसे दबाने लगी.. साथ ही मैंने भी उसके निप्पलों पर अपने होंठों का दबाव बढ़ा प्रिया। बल्कि अब मैं उसके निप्पलों को अपने दाँतों से हौले-हौले काटने भी लगी थी।

तेज-तेज साँसों के साथ जाहिरा के मुँह से तेज-तेज सिसकारियाँ भी निकल रही थीं.. जो कि पूरे कमरे ही क्या.. पूरे घर में गूँज रही थीं।

चंद लम्हों के बाद ही जाहिरा के जिस्म ने जैसे ज़ोरदार झटका सा खाया। उसके चेहरे के हाव-भाव भी चेंज हो गए और पूरे का पूरा जिस्म उसका अकड़ गया।

मैं समझ गई कि जाहिरा की चूत पहली-पहली बार पानी छोड़ रही है। मैंने उसके जिस्म को अपने जिस्म के साथ भींच लिया और थोड़ी ही देर में ही उसका जिस्म मेरी बाँहों की गिरफ्त में बिल्कुल ढीला हो गया।

मैंने आहिस्ता आहिस्ता उसे चूमते हुए उसे रिलेक्स करना शुरू कर प्रिया। मैंने अपनी नज़र उसकी चूत पर डाली.. तो उसका बरमूडा उसकी चूत के ऊपर से गीला हो रहा था। मैंने उसकी बरमूडा को छुआ और फिर उसकी साइड से हाथ अन्दर ले जाकर उसकी चूत को छुआ.. तो जाहिरा की कुँवारी चूत का कुँवारा पहला-पहला पानी मेरे हाथ पर लग गया।

मैंने अपने हाथ को बाहर निकाला और उसकी चूत की पानी को अपनी नाक के पास ले जाकर सूंघा।

कभी ऐसा किसी के साथ ना करने के बावजूद भी मेरा दिल चाहा कि मैं उसे टेस्ट करके देखूँ.. जब मैं खुद को रोक ना पाई तो मैंने धीरे से अपनी गीली उंगलियों को चाट लिया।

जाहिरा ने अपनी आँखें खोलीं और मुझे अपनी उंगलयों को चाटते हुए देख कर बोली- भाभी.. क्या कर रही हैं यह?

मैं मुस्कराई और उसकी चूत के पानी से चमकती हुई अपनी उंगलियाँ उसके चेहरे के पास ले जाती हुई बोली- देखो तुम्हारी चूत का पहला-पहला पानी निकला है.. उसे ही टेस्ट कर रही हूँ।

मेरी बात सुन कर जाहिरा के चेहरे पर शर्मीली सी मुस्कराहट फैल गई और उसने दोबारा से अपनी आँखें बंद कर लीं। मैंने भी आहिस्ता आहिस्ता उसी गीली उंगली से उसके होंठों को सहलाना शुरू कर प्रिया और जाहिरा को खुद उसकी अपनी चूत का पानी टेस्ट करवाने लगी।

आप सब इस कहानी के बारे में अपने ख्यालात इस कहानी के सम्पादक की ईमेल तक भेज सकते हैं।अभी वाकिया बदस्तूर है।support@mohakkisse.com

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

श्रृंखला

कहानी श्रृंखला (STORY SERIES)

एक भाई की वासना

कुल भाग: 49
भाग 1
भाग 1: पढ़ें
भाग 2
भाग 2: पढ़ें
भाग 3
भाग 3: पढ़ें
भाग 4
भाग 4: पढ़ें
भाग 5
भाग 5: पढ़ें
भाग 6
भाग 6: पढ़ें
भाग 7
भाग 7: पढ़ें
भाग 8
भाग 8: पढ़ें
भाग 9
भाग 9: पढ़ें
भाग 10
भाग 10: पढ़ें
भाग 11
भाग 11: पढ़ें
भाग 12
भाग 12: पढ़ें
भाग 13
भाग 13: पढ़ें
भाग 14
भाग 14: पढ़ें
भाग 15
भाग 15: पढ़ें
भाग 17
भाग 17: पढ़ें
भाग 18
भाग 18: पढ़ें
भाग 19
भाग 19: पढ़ें
भाग 20
भाग 20: पढ़ें
भाग 21
भाग 21: पढ़ें
भाग 22
भाग 22: पढ़ें
भाग 23
भाग 23: पढ़ें
भाग 24
भाग 24: पढ़ें
भाग 25
भाग 25: पढ़ें
भाग 26
भाग 26: पढ़ें
भाग 27
भाग 27: पढ़ें
भाग 28
भाग 28: पढ़ें
भाग 29
भाग 29: पढ़ें
भाग 30
भाग 30: पढ़ें
भाग 31
भाग 31: पढ़ें
भाग 32
भाग 32: पढ़ें
भाग 33
भाग 33: पढ़ें
भाग 34
भाग 34: पढ़ें
भाग 35
भाग 35: पढ़ें
भाग 36
भाग 36: पढ़ें
भाग 37
भाग 37: पढ़ें
भाग 38
भाग 38: पढ़ें
भाग 39
भाग 39: पढ़ें
भाग 40
भाग 40: पढ़ें
भाग 41
भाग 41: पढ़ें
भाग 42
भाग 42: पढ़ें
भाग 43
भाग 43: पढ़ें
भाग 44
भाग 44: पढ़ें
भाग 45
भाग 45: पढ़ें
भाग 46
भाग 46: पढ़ें
भाग 47
भाग 47: पढ़ें
भाग 48
भाग 48: पढ़ें
भाग 49
भाग 49: पढ़ें
भाग 50
भाग 50: पढ़ें
यह एक बहु-भाग कहानी है। अपनी पसंदीदा कड़ी पर जाने के लिए ऊपर क्लिक करें।

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

गर्लफ्रेंड की सहेलियों संग रासलीला- 2
लेस्बीयन सेक्स स्टोरीज

गर्लफ्रेंड की सहेलियों संग रासलीला- 2

गर्म लड़की की वासना की कहानी में पढ़ें कि कॉलेज की दो लड़कियाँ सेक्स की बातें कर रही थी. एक चुदाई के लिए तरस रही थी और दूसरी उसे चुदाई के मजे के बारे में बता रही थी.

17 मिनट 1,265
मेरी बेवफाई-2
लेस्बीयन सेक्स स्टोरीज

मेरी बेवफाई-2

मेरे प्यारे दोस्तो,

8 मिनट 608
हस्तमैथुन से चूत ढीली हो गई है
लेस्बीयन सेक्स स्टोरीज

हस्तमैथुन से चूत ढीली हो गई है

हस्तमैथुन masturbation के कारण मेरा यौन जीवन शुरू होने से पूर्व ही बर्बादी की कगार पर है।

2 मिनट 684

पाठकों की राय

0 टिप्पणियां
इस कहानी पर अभी तक कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!
🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।