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माँ की चुदाई • पठन समय: 13 मिनट • पढ़ा गया: 359 बार

सेक्सी ब्लू फिल्म देख कर मां की चुत चुदाई-2

रामजी

21 Jun 2010 को प्रकाशित

सेक्सी ब्लू फिल्म देख कर मां की चुत चुदाई-2
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अब तक आपने पढ़ा..मैं रात को केबल पर प्रसारित होने वाली ब्लू-फिल्म को देखने लगा जिसे मॉम ने भी पीछे से देखा और बस हम दोनों साथ में सेक्सी ब्लू फिल्म का मजा लेने लगे। इसके बाद मेरा मां के साथ सेक्स का खेल शुरू हो गया।अब आगे..

क्या सेक्सी ब्रा पहनी हुई थी.. मॉम ने अपनी ब्रा खोल दी और उनके बड़े-बड़े मम्मे बाहर आ गए।

अह.. क्या हसीन मोटे-मोटे मम्मे थे, मेरे तो हाथ में ही नहीं आ रहे थे। मैंने मम्मों को पकड़ कर जोर-जोर से चूसना शुरू किया और बोला- इनको तो बचपन में चूसता था.. तब तो आप कुछ नहीं बोलती थीं.. आज क्यों नखरे दिखा रही हो.. मॉम आपकी चुत से तो मैं पूरा निकला हूँ.. अभी तो केवल मेरा यह 6 इंच का टूल ही आपकी चुत में अन्दर जाएगा.. आप सच में बहुत नखरे करती हो। डैड के साथ तो उछल-उछल कर चुदवाती हो। आपकी अल्मारी में सेक्सी फोटो और सेक्सी कहानियों की किताब है.. जिसमें चुदाई की कहानियां हैं, मैंने उस किताब में सब देखा है।

मैं अब मॉम के साथ पूरी तरह से खुल गया था।अब वो भी बोलीं- अच्छा यह बात है.. तो और जोर से कस के दबाओ.. आह्ह..

मैं भी काफी उत्तेजित हो गया और जोश में आकर उनकी रसीली चूचियों से जम कर खेलने लगा। क्या बड़ी-बड़ी चूचियां थीं और उन पर लम्बे एक-एक इंच के कड़क निप्पल थे।

मैं मॉम के चूचों को जोर-जोर से दबा कर चूसने लगा। उनके गुलाबी निप्पल काफी मोटे और बहुत रसीले लग रहे थे। मैं जीभ निकाल कर निप्पलों पर गोल-गोल घुमा कर उन्हें चाटते हुए चूसने लगा।

वो अपने निप्पल चुसवाने में ही बहुत गर्म हो गईं.. और सिसियाने लगीं- आअह्ह.. उह्ह.. उम्म्ह… अहह… हय… याह… ईईस्स.. मजा आ गया.. और पियो मेरे ये निप्पल.. आह्ह..

मैंने कस कर चूचों को दबा-दबा कर दोनों निप्पलों पर जीभ से खूब चाटा। फिर मैंने उनके होंठों को अपने होंठों में लेकर खूब जोर-जोर से चूसा.. उनको भी खूब मजा आ रहा था।

मॉम बोलीं- तू तो बड़ा ही तेज है।यह कहते हुए मॉम ने मेरे पजामा का नाड़ा खोल प्रिया। मैंने भी झट से पजामा और अंडरवियर दोनों एक साथ ही उतार दिए। मैंने भी उनके पेटीकोट का नाड़ा खींच प्रिया.. उन्होंने भी चुदास के चलते पेटीकोट और साड़ी उतार दी।

मॉम के कपड़े उतरते ही मुझे उनकी चुत के दीदार हो गए.. मैं चुत देख कर मस्त हो गया। मॉम का चुत क्षेत्र पूरा गोरा था और चुत पर काली झांटें उगी हुई थीं। मॉम के गोरे जिस्म पर काली झांटें बहुत खिल रही थीं। उन्होंने अपने पैर एक-दूसरे पर चढ़ा लिए थे.. जिससे नंगी होने पर भी मॉम की चुत छिप गई थी।

मैंने ताकत के साथ मॉम की चुत पर से उनके पैर हटाते हुए फैला दिए। आज मॉम की चुत पर बड़ी-बड़ी झांटें थीं और झांटों के अन्दर से झाँकता उनकी गोरी चुत की एक अलग ही छटा बिखेर रही थी। मैं तो बस उनकी गोरी चुत को देख कर बेकरार ही हो गया।

मॉम आपकी चुत बहुत सुन्दर है, आप बहुत सेक्सी हो।

ये कहते हुए मैं मॉम के ऊपर चढ़ गया। वो बोलीं- अरे मेरे बेटा इतनी जल्दी क्या है.. पहले मेरी चुत को जी भर के देख तो ले.. आज इसे तू मस्त कर देना.. ले चूस ले इसे!

मॉम के इतना कहते ही मेरे पूरे शरीर में सनसनी होने लगी और मेरा लंड तन कर खड़ा हो गया। मॉम ने मेरा लंड झपट कर अपने हाथ में पकड़ा और सहलाने लगीं।देखते ही देखते मेरा लंड मूसल की तरह फूल कर मोटा हो गया, मॉम बोलीं- बहुत मोटा है रे तेरा ये डंडा..!

अब मॉम मेरे लंड को अपने मम्मों के बीच में दबा कर मसलने लगीं। मैं लंड हाथ से पकड़ कर उनके मुँह के पास ले गया.. और बोला- लो चूसो ना इसको!मॉम ने मेरे लंड के सुपारे पर चुम्मी लेकर छोड़ प्रिया।मैंने कहा- मूवी की तरह इसको जोर-जोर से चूसो न मॉम.. जैसे वो लड़की चूस रही थी।मॉम बोलीं- आज तक मैंने कभी भी लंड नहीं चूसा है।

मैंने कहा- इसलिए तो आज ये भी मजा भी ले लीजिए ना।उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा- अच्छा ठीक है.. पर पहले इसको ठीक से पोंछ कर आओ।मैंने बाथरूम में जाकर उसको गीले तौलिए से पोंछा और लंड पर थोड़ा गुलाब जल छिड़क लिया।फिर मैं मॉम के पास आकर बोला- लो अब चूसो.. देरी मत करो!

मैं लंड हिलाता हुआ मॉम के मुँह के पास ले गया, मॉम को गुलाबजल की खुशबू आई.. तो उन्होंने थोड़ा सा लंड अपने मुँह में लिया।मैंने कहा- अन्दर तक लेकर चूसो ना.. नखरे मत करो..यह कहते हुए मैंने अपना मूसल लंड मॉम के मुँह में घुसेड़ प्रिया और बोला- चलो चूसो नाटक मत करो।

अब मॉम मेरा लंड चूसने लगीं।आअह.. ह्हह.. लंड चुसाने में क्या मजा आ रहा था।

हम दोनों के मुँह से तेज़ सिसकारियां निकलने लगीं।

मैं मॉम से बोला- मॉम मुझे बहुत मजा आ रहा है.. क्या आपको भी आ रहा है.. इसे लॉलीपॉप की तरह चूसो ना.. जोर जोर से!फिर मॉम अपने मुँह से मेरे लंड को निकाल कर हाथ से सहलाने लगीं।

मैं बोला- और कैसे आपको मजा आता है.. बोलो ना.. आपको चुदाई का ज्यादा अनुभव है।मॉम ने कुछ नहीं कहा, बस वे मेरे लंड से खेलती रहीं।

अब मैं मॉम के मम्मों को दबाने लगा, मॉम को भी अच्छा लग रहा था। जब मैं मॉम के मम्मों को दबाता था और उनकी चुत में उंगलियां डालता था तो उनके मुँह से कामुक आवाजें आ रही थीं।

‘अईई.. अब्ब बस भी कर.. मुझे ऐसा मत तरसाओ..अब डाल भी दो.. और कितना तरसाओगे.. आह्ह..’

मैंने कहा- मॉम क्या आपकी चुत बहुत बैचेन हो गई है?‘हाँ.. बेटा.. अब कुछ आगे भी कर..!’मैंने मॉम से पूछा- मॉम क्या मैं आपको चोद सकता हूँ?वो बोलीं- सब कुछ तो कर लिया.. और अब पूछता क्या है.. मुझसे नहीं रहा जा रहा है.. चल चोद दे मुझे!

ये सुनते ही मैंने मॉम की टांगें फ़ैलाईं और अपना मूसल सा लंड मॉम की हसीन चुत में एक धक्के के साथ ‘घच्छ..’ से घुसेड़ प्रिया।

मॉम की चुत चुदते-चुदते फ़ैल गई थी इसलिए मुझे लंड पेलने में कोई तकलीफ़ नहीं हुई.. पर वो चिल्ला पड़ीं- ऊऔऊउईईइ..रे मार प्रिया रे.. तूने!मैंने कहा- क्या हुआ?वो लंड खाते हुए बोलीं- कुछ नहीं.. मजा आ रहा है.. तूने एकदम से पेल प्रिया ना.. इसलिए.. पर अब तू पेलता जा!

मैं तेजी से अपना लंड मॉम के भोसड़े में अन्दर-बाहर करने लगा।

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मॉम भी नीचे से अपनी चुत उछाल उछाल कर मेरे लंड को अपने चुत में निगल रही थीं और पूरा मजा ले रही थीं।मैंने कहा- आज मूवी की तरह आपको पूरा चोदूँगा.. छोड़ूंगा नहीं..!मेरे अन्दर मानो तूफ़ान आ गया हो, मैं ज़ोरों के झटके दे रहा था और मॉम मस्ती में चिल्ला रही थीं ‘आआह.. ऊऊह.. आह.. धीरे.. मैं मर गई रे.. आआह मजा आ रहा है.. पेलता जा.. आह्ह..!’

मैं घचाघच अपने लंड को मॉम की चुत में पेल रहा था, इस वक्त मैं भी ब्लू-फिल्म के हीरो की तरह अपनी मॉम को अन्तर्राष्ट्रीय रंडी सन्नी लियोनी की तरह चोद रहा था।

मैंने चुदाई की रफ्तार बढ़ा दी।

मॉम मस्ती में बड़बड़ा रही थीं- ऊऊऊह्ह.. आआह.. बहुत मजा आ रहा है.. और चोद.. साले ज़ोर से चोद.. फाड़ दे अपनी मॉम की हसीन चुत को.. अपनी मॉम की मस्त चुत की कसम.. तूने मुझे मस्त कर प्रिया है.. आह..उई.. क्या मजा आया.. ऐसा आज तक नहीं आया.. तू तो अपने बाप का भी बाप निकला.. भोसड़ी के.. बड़ा तेज है रे तू.. ऊऊऊउईईई.. तूने तो मुझे जन्नत का मजा दे प्रिया.. मैं झड़ गईईइ रे..

और मॉम झड़ते हुए मुझसे लिपट कर बिस्तर पर निढाल होकर गिर गईं।

थोड़ी देर बाद मैंने अपनी एक उंगली मॉम की गांड में घुसेड़ते हुए कहा- मॉम मुझे आपको फिर से चोदना है.. अबकी बार मैं आपकी गांड में पेलूँगा।मॉम थकी सी आवाज में बोलीं- अब भी मन नहीं भरा क्या?मैं बोला- आज तो सारी रात हमारी ही है।

मॉम राजी हो गईं, मैंने मॉम को अपनी गोद में बिठा कर झुका प्रिया.. अब मॉम की गांड मेरे लंड के सामने खुली थी और वे अपने हाथ फैला कर बिस्तर पर लेटी थीं। मॉम की फैली हुई गांड में मैंने अपना मूसल घुसेड़ प्रिया।

अभी मेरा आधा लंड ही घुसा था कि एक पल के लिए तो मॉम छटपटा गईं- ऊऊओह्ह.. शह्हह्हह.. बड़ा दर्द हो रहा है.. तुम बड़े बेरहम हो.. आज ही मेरी चुत और गांड दोनों अन्दर से हिला दीं तूने।

फिर थोड़ा जोर लगते ही ‘घच्छ..’ से मेरा लंड उनकी गांड में अन्दर तक चला गया। इस बार मुझे भी कुछ तकलीफ हुई पर मजा आ गया।‘अह्हह्हह मेरी माँ.. मुझे बचा ले?’ मॉम की दर्द भरी आवाज निकली।मैं लंड पेलता रहा।

‘सीईईई अह.. अह्हह.. ऊऊओह्ह मेरी जान निकली जा रही है.. क्या करेगा.. क्या फाड़ कर ही मानेगा.. अह..!’

मैंने मॉम की गांड मारते हुए कहा- मॉम आज मैंने तेरे सुन्दर बदन.. सुन्दर चूचे, सुन्दर चुत, क्या गोल-गोल चूतड़ों के साथ मजे किए हैं.. तूने मुझे पहले क्यों नहीं दिखाया ये सब.. आज का मजा बहुत जोरदार रहा है.. आप तो सबसे ज्यादा सेक्सी हो.. उस मूवी की लड़की से भी ज्यादा हॉट हो।

मैं मॉम की गांड मारने के साथ उनकी चुत में भी उंगली किए जा रहा था। फ़िर कुछ देर के धक्कों के बाद मैं भी झड़ने के करीब आ चुका था और मॉम भी झड़ने वाली थीं।

हम दोनों एक साथ ही झड़ गए और मॉम और मैं थक कर वहीं बेड पर लेट गए।मॉम हाँफ़ते हुए कहने लगीं- आज बहुत दिन बाद ऐसा मजा आया है बेटा।

हम दोनों आपस में करीबन आधा घंटा लिपटे रहे.. मैं फिर उनके चूचे सहलाने लगा, तो मॉम बोलीं- क्या फिर से दूध पीने की इच्छा हो रही है?यह कहते हुए उन्होंने अपने एक थन को मेरे मुँह के आगे करते हुए कहा- रुको मत.. अब ये दूध और दूधवाली सब तुम्हारी ही है, जितना दूध पीना है पी लो!

मैं भी बिना रुके मॉम के मोटे-मोटे सेक्सी चूचे दबाने लगा.. उन्हें ज़ोरों से चूसने लगा।वो मस्ती में चीखने लगीं- अह.. चूसो और ज़ोरों से.. पी जाओ सारा.. बेटा आआअह.. दूध चूसो.. ऊऊ ऊह..

मैंने अपनी चूची चुसाई जारी रखी और वो फिर मेरे लंड से खेले जा रही थीं। मैंने उनके मम्मों और निप्पलों को चूस-चूस कर लाल कर दिए।

अब मेरा लंड फ़िर से खड़ा हो गया था, मैंने कहा- यह फिर से तुम्हारी चुत के अन्दर घूमना चाहता है।मॉम अपनी चुत खोलते हुए बोलीं- घुमाओ ना.. किसने मना किया है.. सारा जिस्म ही तुझे सौंप प्रिया है.. घुमा दे चुत के अन्दर.. लेले मजा।

बस फिर क्या था.. मैंने अपने लंड को उनकी चुत में जल्दी से घुसेड़ प्रिया। वो भी ‘ओह्ह अह्हह..’ करने लगीं।मॉम बोलीं- अन्दर तक पेल दे..मैं भी जोर से अन्दर-बाहर करने लगा।

मॉम बोलीं- मजा आ रहा है बेटा तुझे!‘हाँ मॉम बहुत रसीली चुत है आपकी..!‘अह.. पेल.. आह.. मजा आ गया आज.. बहुत दिन बाद जवानी का मजा पाया है.. कसम से आज तूने मुझे अपनी जवानी के दिन याद दिला दिए.. अयईई.. ईईस्स.. कितने लौंडे मेरी चुत मारने को मरते थे.. मैंने भी कई लंड खाए है पर तेरा लंड बड़ा मजा दे रहा है.. आह्ह..!

मैं भी बहुत जोश के साथ मॉम की चुदाई कर रहा था।

मैं बोला- आज आपकी चुत की धज्जियां उड़ा दूँगा.. अब आप डैड से चुदवाना भूल जाएंगी.. हर वक्त मेरा ही लण्ड अपनी चुत में डलवाने को तड़पा करेंगी.. ले..!मॉम- आआह्ह.. आआईई.. क्या मजा आ रहा है..

कुछ ही देर में हम दोनों झड़ गए।उन्होंने मुझे अलग करके अपने ऊपर ले लिया और मुझे चुम्बन किया।

मैंने भी मॉम के माथे पर, मम्मों पर, नभि पर चुम्बन किए और उनके बगल में ही लेट गया और सुबह तक एक साथ लिपट कर, चिपक कर सोये रहे।मैंने मॉम से उनकी जवानी के किस्से सुनाने के लिए कहा तो उन्होंने फिर कभी सुनाने का वायदा किया।

सुबह मॉम ने मुझे उठाया और वे मुस्कुराईं.. बोलीं- याद रखना इसको राज बनाए रखना है!

मैं भी बोला- आप भी ऐसे ही मजा देती रहना.. मेरा लंड बहुत फड़कता है।

हम दोनों हँस कर फिर से एक-दूसरे से लिपट गए और फिर से गुडमॉर्निंग चुदाई शुरू हो गई।support@mohakkisse.com

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सेक्सी ब्लू फिल्म देख कर मां की चुत चुदाई

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