नेहा रानी
सत्यापित कहानीकार (Verified)@naha-rana
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
नेहा रानी की रचनाएं
मैं अपने जेठ की पत्नी बन कर चुदी -6
पति मेरे मुँह में झड़ने के बाद बेड पर सोकर अपनी सांसों को नियंत्रित करने लगे, मैंने पति के वीर्य की एक बूंद को भी बर्बाद नहीं की, सब चाट कर साफ करके पति से चिपक कर सोने लगी।कुछ देर बाद मैं एक बार फिर पति के लण्ड से खेलने लगी पर पति मेरी पहली चुदाई ...
मैं अपने जेठ की पत्नी बन कर चुदी -5
मैं चूत में लण्ड लिए हुए अभी लेटी थी और जेठ जी बड़े प्यार से मेरी पीठ सहला रहे थे, जेठ के चेहरे पर भी एक असीम आनन्द और संतुष्टि के भाव थे।वासना का एक दौर तो खत्म था पर हमेशा के लिए जेठ से सेक्स का खेल शुरू हो चुका था और मैं भी जेठ जी से चुदा कर खुश...
मैं अपने जेठ की पत्नी बन कर चुदी -4
मैं अपनी प्यारी चूत को अपने हाथों से मसकते हुए ‘आहसीईई..’ कह कर उठी और बाथरूम चली गई। मैं फ्रेश होकर आई तो मैं अपनी पैन्टी खोजने लगी.. लेकिन मेरी पैन्टी कहीं दिख ही नहीं रही थी।आखिर मेरी पैन्टी गई कहाँ.. यहीं तो पति ने निकाल कर फेंकी थी।काफी खोजने...
मैं अपने जेठ की पत्नी बन कर चुदी -3
मैं जैसे ही जेठ के बाहुपाश से छूटी.. सीधे अपने कमरे की तरफ भागी और अन्दर जाकर मैंने दरवाजा बंद कर लिया।जेठ जी मेन गेट खोलने चले गए.. मैंने अन्दर पहुँच कर कपड़े और चेहरे को ठीक किया.. फिर बाहर की आहट लेने लगी।
मैं अपने जेठ की पत्नी बन कर चुदी -2
तभी मेरी निगाह दरवाजे पर पड़ी.. जेठ जी का लण्ड वीर्य उगलने लगा था। जेठ जी सिसिया रहे थे- आहह.. सी.. पूजा.. आह.. चुद जा मेरे लौड़े से.. आह.. सीई.. आह.. पूजा..वे झड़ रहे थे.. जबकि उनकी आवाज मुझे सुनाई दे रही थी। वह सब भूल कर बस अपना पूरा वीर्य दरवाजे प...
मैं अपने जेठ की पत्नी बन कर चुदी -1
बीवी के न रहने से उनकी सेक्स की भूख बढ़ गई थी। वह हमेशा मुझे घूरते रहते और वह अपने कमरे में मुठ्ठ मार कर वीर्य अपने अंडरवियर गिरा कर छोड़ देते थे।यह उनका हमेशा का काम हो गया था। जब भी मैं उनके कमरे की साफ सफाई करती.. तो अक्सर उनकी गीली चड्डी मिलती औ...
आज दिल खोल कर चुदूँगी-21
अब तक आपने पढ़ा..मेरा पानी निकलने वाला था और संजय ‘गपगप.. खचखच..’ लण्ड मेरी चूत में पेले जा रहा था।मैं इस मस्त चुदाई की मस्ती में अपनी गाण्ड उठा कर चरम पर आ गई ‘आहहह.. सीसीसीईई.. आह.. उउउउइ.. आह.. धीमे आह.. मैं गई राजा.. आह.. म्म्म्ममी.. आहसीईई..’म...
आज दिल खोल कर चुदूँगी -20
अब तक आपने पढ़ा..संजय अनगिनत बार मेरी बुर से लण्ड को खींचता और बुर में डाल देता..तभी एकाएक उसने चुदाई की रफ़्तार बढ़ा दी.. ठाप पर ठाप लगाते हुए अपने वीर्य से बुर को भरकर मुझे कस कर जकड़ कर झड़ने लगा।उधर महमूद मेरी बुर और संजय के लण्ड को चाट रहे थे और द...
आज दिल खोल कर चुदूँगी- 18
अब तक आपने पढ़ा..मैं महमूद से लिपट कर बुर का पानी निकालने लगी.. पर महमूद अभी भी शॉट लगा रहा था और झड़ती बुर पर शॉट पाकर मेरी बुर का पूरा पानी निकल गया। मेरी पकड़ ढीली पड़ गई।इधर महमूद अभी भी धक्के लगाए जा रहा था। मेरे झड़ने के 5 मिनट की चुदाई के बाद मह...
आज दिल खोल कर चुदूँगी-17
अब तक आपने पढ़ा..मैं बिस्तर पर बैठे हुए ही झुककर महमूद का लण्ड ‘गपागप’ चूस रही थी। महमूद पीछे से मेरी चूत मलकर मेरी प्यासी चूत की प्यास बढ़ाते हुए लण्ड चुसाई करवाता रहा।एकाएक तभी महमूद के मुँह से सिसकारी के साथ वो अनाप-शनाप भी बोलने लगा- ले साली चाट...
आज दिल खोल कर चुदूँगी-16
अब तक आपने पढ़ा..फिर विनय ने धीरे से अपने लंड का सुपारा चूत में घुसा प्रिया और अपने जिस्म से मेरे जिस्म पर पड़े वीर्य को रगड़ते हुए चूमता रहा।थकान के बाद फिर थकान चढ़ती जा रही थी पर मेरी चूत की चुदास कम होने का नाम नहीं ले रही थी।अब आगे..