प्रेम गुरु
सत्यापित कहानीकार (Verified)@parama-gara
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
प्रेम गुरु की रचनाएं
तीन पत्ती गुलाब-23
मैंने अपनी जेब से वह सोने की अंगूठी निकाली और गौरी के दायें हाथ की अनामिका में पहना दी। मैंने गौरी के हाथ को अपने हाथ में लेकर उस पर एक चुम्बन ले लिया। गौरी लाज से सिमट गई।“गौरी मेरी प्रियतमा! आज की रात हम दोनों के लिए सुनहरे सपनों की रात है। आओ ह...
तीन पत्ती गुलाब-22
जिन पाठकों को यह कहानी पसंद नहीं आ रही है, जो भद्दे मेल या कमेंट्स कर रहे हैं, वे कृपया इस कहानी को मत पढ़ें. किसी दूसरी कहानी पर चले जाएँ.
तीन पत्ती गुलाब-21
अगले दिन सुबह जब मीनूर स्कूल चली गई तो गौरी नाज-ओ-अंदाज़ से चलती हुई हॉल में आ गई। उसने आँखें मटकाते हुए इशारों में पूछा- चाय या कॉफ़ी?“गौरी मैं तुम्हारे लिए लीची और मैंगो फ्रूटी के पाउच और इम्पोर्टेड चॉकलेट लाया था वो तुमने टेस्ट की या नहीं?”“किच्च!...
तीन पत्ती गुलाब-20
आज पूरे दिन बार-बार गौरी का ही ख़याल आता रहा। एकबार तो सोचा गौरी से फ़ोन पर ही बात कर लूं पर फिर मैंने अपना इरादा बदल लिया। अब मैं आगे के प्लान के बारे में सोच रहा था। गौरी शारीरिक रूप से तो पहले ही चुग्गा देने लायक हो गयी है और अब तो वह मानसिक रूप ...
तीन पत्ती गुलाब-19
“वो … चाय … ठंडी हो जायेगी?” गौरी ने अस्फुट से शब्दों में कहा तो सही पर उसने मेरे बाहुपाश से हटने की बिलकुल भी कोशिश नहीं की थी। उसकी साँसें बहुत तेज़ चल रही थी और आँखें अभी भी बंद थी। मैं उसके सिर, पीठ, कमर और नितम्बों पर हाथ फिराता जा रहा था और स...
तीन पत्ती गुलाब-18
आइए अब योनि दर्शन और चूषण सोपान शुरू करते हैं…लोग सच कहते हैं भगवान जब देता है तो छप्पर फाड़ कर देता है। आज सुबह-सुबह गौरी ने लिंगपान किया और ऑफिस जाते ही एक और खुशखबर मिली।मैंने आपको बताया था ना कि मेरे प्रमोशन की बात चल रही थी। इस सम्बन्ध में मेल...
तीन पत्ती गुलाब-17
गौरी ने एक नज़र मेरे अर्ध उत्तेजित लंड पर डाली और फिर अपनी मुंडी झुका ली। अब मैंने अपने लंड को एक हाथ की मुट्ठी में पकड़ा और उसे थोड़ा हिलाते हुए ऊपर नीचे किया। पप्पू महाराज अब अपनी निद्रा से जागने लगे थे।“गौरी अब तुम इसे अपने हाथों में पकड़ कर इसी तर...
तीन पत्ती गुलाब-16
प्रिय पाठको और पाठिकाओ! आइए अब लिंग दर्शन और चूसन के इस सोपान की अंतिम आहुति डालते हैं…
तीन पत्ती गुलाब-15
रात्रि भोजन (डिनर) निपटाने के बाद मीनूर ने मेरी ओर इशारा करते हुए गौरी को समझाया- आज से सर तुम्हें नियमित रूप से रात को अंग्रेजी पढ़ाया करेंगे। मैं रसोई में तुम्हारी मदद कर प्रिया करुँगी. काम को जल्दी निपटा लिया करना ताकि ठीक से पढ़ाई हो सके।“हओ …” अब ...
तीन पत्ती गुलाब-14
मुझे ध्यान आता है पिछले 15-20 दिनों में तो मीनूर से ज्यादा कोई बात ही नहीं हो पाती है। ऐसा लगता है जैसे उसके पास मेरे लिए समय ही नहीं है। सुबह वह स्कूल में जल्दी चली जाती है और साम को या तो मंदिर में नेहा पाठ में लगी रहती है या फिर गौरी के साथ रसोई...
तीन पत्ती गुलाब-12
“जिन खूबसूरत लड़कियों की ठोड़ी या होंठों के ऊपर तिल होता है उनके गुप्तांगों के आस-पास या जांघ पर भी तिल जरूर होता है।” मैंने हंसते हुए कहा।कोई और मौक़ा होता तो गौरी जरूर शर्मा कर रसोई या अपने कमरे में भाग जाती पर आज वो थोड़ा शर्माते हुए भी वही बैठी रही।