यश देव
सत्यापित कहानीकार (Verified)@yasha-thava
18+ कामुक और रोमांस हिंदी कहानियों के आधिकारिक लेखक।
यश देव की रचनाएं
मेरा गुप्त जीवन -45
कम्मो काफ़ी देर चोदती रही मुझको… और जब उस का मन भर गया तो उसने मुझको कुछ इस तरीके से चोदा कि मेरा फव्वारा छूट गया।फिर हम एक दूसरे के बाहों में ही सो गए।
मेरा गुप्त जीवन-44
छवि और सोनाली दोनों चुपचाप मेरे कमरे में आई और आते ही मुझसे लिपट गई, दोनों बारी बारी से मुझको किस और आलिंगन करने में लगी रही, छवि ने मेरे लंड पर कब्ज़ा जमाया हुआ था और सोनू मुझको चूमने में लगी थी।
मेरा गुप्त जीवन-43
रात भर हम जागते, चोदते और सोते रहे। यही क्रम काफी रात चला और फिर हम तीनों थक कर सो गए।
मेरा गुप्त जीवन -42
प्रिय पाठको,मुझको जो ईमेल मिल रहीं हैं उनमें से कई लोगों ने सोमू के लंड के बारे में कई शंका की है कि कोई भी लंड का हर वक्त खड़ा नहीं रह सकता और इतनी देर तक चुदाई नहीं कर सकता। इसके विषय में काफी कुछ कहा है जैसे कि यह कोरी अर्चना है या मन का फ़ितूर ह...
मेरा गुप्त जीवन-41
मैं फिर अपने पलंग पर लेट गया और सोचने लगा कि एक और कुंवारी चूत के साथ मिलन होने जा रहा है।
मेरा गुप्त जीवन-40
परी को देखा वो अपना पेटीकोट पहन कर बैठी थी, उसके गोल मम्मे सफ़ेद संगमरमर की तरह लग रहे थे और उसका पेट भी एकदम सफ़ेद रंग का तराशा हुआ संगमरमर लग रहा था।
मेरा गुप्त जीवन -39
अगले दिन कम्मो ने बताया कि कल रात मैं कैसे पागल हो गया था उनकी चूतों के पीछे और दोनों को कम से कम 7-8 बार चोदा था मैंने।सुबह वो दोनों बहुत ही थक गई थी और मैं भी काफी थका हुआ था, हम बिस्तर पर ही लेटे रहे क्योंकि वो दिन इतवार का दिन था, कहीं जाना आन...
मेरा गुप्त जीवन -38
उस रात मैं और कम्मो घोड़े बेच कर एक दूसरे की बाहों में सोये थे इसलिए सुबह थोड़ी देर से उठे।मुख्यद्वार जब कम्मो ने खोला तो सामने पारो खड़ी थी, वो और कम्मो मुस्कराते हुए मेरी चाय के साथ मेरे कमरे में आईं।फिर मेरे सामने ही कम्मो ने पारो को रात की सारी क...
मेरा गुप्त जीवन-37
इन दिनों कालेज में बड़ी गहमा गहमी थी, एक तो इलेक्शन थे दूसरे कई प्रोग्रामों की तैयारी चल रही थी। कॉलेज की ड्रामा क्लब का मैं भी सदस्य था। हालांकि मुझ को नाटकों में कोई रोल नहीं मिला था लेकिन प्रबंध के काम इतने ज्यादा होते थे कि शाम तक मैं थक जाता था।
मेरा गुप्त जीवन-36
चंचल दो रात हमारे साथ रही और फिर उसका पति लौट आया तो वो वापस चली गई। इन दो रातों को मैंने चंचल को और कम्मो को कई बार चोदा।4-5 बार छूटने के बाद चंचल ने हथियार डाल दिए लेकिन कम्मो अभी तैयार थी चुदाई के लिए तो उसको मैंने कहा- मैं लेट जाता हूँ और जैसी...
मेरा गुप्त जीवन -35
कम्मो की दर्द भरी कहानी सुन कर हम बहुत द्रवित हो गए लेकिन जो हो चुका था उसको तो बदला नहीं जा सकता ना, मेरे कहने पर पारो लेमन वाली बोतल उठा लाई और सबने ठंडी बोतल पी, पीने के बाद मन में कुछ शांति आई।
मेरा गुप्त जीवन-34
अभी तक आपने पारो की कहानी पढ़ी, अब आपको कम्मो की कहानी सुनाने की कोशिश करता हूँ।कम्मो मेरे जीवन में मेरी यौन गुरु बन कर आई थी, उसी ने मुझको यौन ज्ञान के ढाई अक्षर सिखाये थे। उसका ढंग ख़ास था क्यूंकि वो सब काम स्वयं करके दिखाती थी ताकि मुझको शक की को...