होम पर वापस जाएं
जवान लड़की पठन समय: 14 मिनट पढ़ा गया: 679 बार

मेरा गुप्त जीवन -73

यश देव

30 Nov 2025 को प्रकाशित

मेरा गुप्त जीवन -73
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

अगले दिन दोपहर को कॉलेज कैंटीन में शानू और बानो तो आ गई लेकिन उर्मि नहीं आई।हम तीनो कैंटीन में इंतज़ार कर रहे थे, कोई 10 मिन्ट की इंतज़ार के बाद उर्मि भी आ गई।

हम सब दो रिक्शा पर बैठ कर मेरी कोठी पहुँच गए।राम लाल चौकीदार ने हम सबको सलाम की और फिर मैं तीनों लड़कियों को लेकर बैठक में आ गया।कम्मो रानी ग्लासों में शरबत ले आई और मैंने उन सबको उससे मिलवाया और यह भी बताया कि ये लड़कियाँ तुमको एक बुढ़िया समझ रही थी।इस बात पर काफी हंसी मज़ाक चलता रहा।

खाना बहुत ही स्वादिष्ट बना था और अंत में हम सबने आइसक्रीम खाई।खाना समाप्त करके हम सब मेरे कमरे में आ गए जहाँ कम्मो ने पहले से ही मोटे गद्दे बिछा रखे थे।

शानू और बानो को मैं नैगीताल में चोद चुका था तो वो झट से मेरे पास आ गई और मुझको दोनों ने अपने बाहों में भर लिया। मैं भी एक एक कर के दोनों को चूमने लगा और वो भी खुल्लम खुल्ला मेरे लौड़े को पकड़ कर खेलने लगी।

उर्मि यह सब बड़ी ही हैरानी से देख रही थी।कम्मो उर्मि के पास गई और उसको लेकर मेरे पास आ गई।शानू और बानो ने हम दोनों का पहले हाथ मिलवाया और फिर दोनों ने उर्मि को मेरी तरफ धकेल प्रिया।

मैंने झट से उसको अपनी बाहों में ले लिया और कहा- वेरी सॉरी उर्मि जी, आप से नई मुलाकात है न… तो अभी एक दूसरे के साथ खुल नहीं पाये।उर्मि भी अपनी मीनूर आवाज़ में बोली- आपका ज़िक्र बहुत बार इन दोनों ने मेरे से किया था लेकिन आपको देखा तो आप बहुत ही अच्छे निकले।मैंने झट से उर्मि को अपने गले लगा लिया और उसके हल्के गुलाबी होंटों को चूम लिया।उसकी हाइट यही कोई 5 फ़ीट 5 इंच थी तो वो एकदम से मेरे साथ फिट बैठ गई।

जब उसके मोटे उरोज मेरी छाती से टकराये तो मुझको एक झनझनाहट सी हुई सारे शरीर में!मैंने फिर से उसको बाँहों में भर लिया और उसके होटों को बार बार चूमने लगा।कम्मो मुझको गुस्से में देख रही थी।

मैं समझ गया और मैंने झट से शानू को बाँहों में ले लिया और उसको गरम जोशी से भरी एक चुम्मी दे दी और फिर मैंने अपना ध्यान बानो की तरफ किया और जल्दी ही उसको भी जफ़्फ़ी डाली और चूमा चाटी शुरू कर दी।

अब कम्मो ने तीनों लड़कियों से कहा- छोटे मालिक अब बारी बारी से आपके कपड़े उतारेंगे जिसमें मैं उनकी मदद करूंगी।

सबसे पहले बानो सामने आ गई और मैंने उसकी सलवार कमीज धीरे से उतार दी और उसके मोटे और सॉलिड मम्मों को ब्रा में से उछल कर बाहर आते देखा, जल्दी से उसके मम्मों को एक चुम्मी दे दी और फिर मैंने शानू को सामने पाया और वैसे ही उसके कपड़े भी उतार दिए और वैसी ही एक चुम्मी उसके छोटे लेकिन सॉलिड मम्मों को दे दी।

अब कम्मो उर्मि को लेकर मेरे सामने आई और उसके कपड़े खुद ही उतारने लगी। जब मैंने उसको देखा तो उसने आँख से इशारा किया कि उसको वो काम करने दो।धीरे धीरे से कम्मो पहले उर्मि की साड़ी उतारने लगी और फिर उसके पेटीकोट को उतार प्रिया लेकिन उसने ऐसे तरीके से उर्मि के कपड़ों को उतारा कि मैं और बाकी दोनों लड़कियाँ उसके मम्मों और चूत की झलक नहीं पा सके।

और अंत में उसने उसके मोटे मम्मों के ऊपर से ब्रा भी उतार दी लेकिन हम तीनों बड़ी उत्सुकता से उसके मम्मों और चूत की झलक पाने के लिए बेकरार थे।कम्मो ने हमारी बेकरारी समझ ली थी, वो जानबूझ कर हम को तरसा रही थी और कुछ भी नहीं देखने दे रही थी।

उर्मि को भी सारे तमाशे से बड़ा आनन्द आ रहा था और वो भी भरसक कोशिश कर रही थी कि हम कुछ न देख पाएँ।इस ऊहापोह में हमने मिल कर कम्मो की साड़ी खींच दी।जैसे ही उसका ध्यान अपनी साड़ी की तरफ गया, हम तीनों ने उर्मि को खींच कर उसके पीछे से निकाल लिया।

अब उर्मि नंगी ही हम तीनों के सामने थी, मैं तो उसके मम्मों और काले बालों से ढकी चूत को देख कर मुग्ध हो गया, फिर उर्मि के गोल चूतड़ देखे तो मन एकदम पगला गया और मैंने आगे बढ़ कर उर्मि को फिर से गले लगा लिया।उर्मि भी आगे बढ़ कर मेरे कपड़े उतारने लगी।

तब कम्मो भी अपने कपड़े उतार कर उर्मि का साथ दे रही थी।दोनों ने मिल कर मुझ को जल्दी ही नंगा कर प्रिया और उर्मि ने पहली बार मेरे लम्बे और मोटे लंड को देखा।

वो झट से बैठ गई और मेरे लंड को अपने मुंह में डाल प्रिया और शानू और बानो भी मेरे दोनों और खड़ी हो गई और मेरी सफाचट छाती को चूमने लगी।मुझको ऐसा लगा कि मैं स्वर्ग में अप्सराओं के बीच में खड़ा हूँ।

कम्मो ने जल्दी से आगे बढ़ कर मुझसे पूछा- छोटे मालिक, आप ठीक तो हैं न?मैंने उसको आँख मारी- कम्मो डार्लिंग, यह सब होने के बाद मैं कैसे ठीक रह सकता हूँ, मेरा तो स्वर्गवास हो गया लगता है।तीनों लड़कियाँ यह सुन कर बहुत ज़ोर से हंसने लगी।

अब उर्मि बोली- इतने मोटे और लम्बे लंड वाला भूत मैंने पहले कभी नहीं देखा था।मैं भी बोला- इतनी सुंदर परियाँ मैंने पहले कभी नहीं देखी थीं।और मैंने झट से उर्मि के गोल मम्मों को झपट कर पकड़ लिया और उनको चूमने लगा। उसकी चूत में ऊँगली डाली तो वो एकदम गीली हुई थी और लंड के लिए बेकरार हो रही थी।

कम्मो ने कहा- अब उर्मि नीचे लेट जाए और छोटे मालिक उसको चोदना शुरू कर दें ताकि बाकी दोनों की भी बारी आ जाए। जब तक ये दोनों चुदाई में बिजी हैं, तब तक हम तीनों एक दूसरे से प्रेमालाप करेंगी। उर्मि के बाद शानू की बारी और आखिर में बानो और मेरी बारी है।

मैंने पहले उर्मि को होंटों पर चुम्बन किया और फिर उसके मम्मों को चूसता हुआ पेट पर उसकी नाभि में जीभ से चुसाई और फिर नीचे का सफर शुरू हुआ।

मैं उसकी टांगों में बैठा और अपने लोह समान लंड को चूत के निशाने पर बिठा कर एक हल्का धक्का मारा, उर्मि की चूत बहुत ही टाइट थी तो लौड़ा बाहर ही रुका हुआ था।

थोड़ी देर मैंने लंड को चूत के मुंह और भग पर रगड़ा और फिर प्रवेष के लिए अर्जी दी, इस बार शायद चूत ने इजाजत दे दी थी और लौड़ा आसानी से पूरा अंदर चला गया।जैसे ही लंड पूरा अंदर गया, उर्मि के मुंह से बहुत ज़ोर से हाय की आवाज़ निकली।

मैंने घबरा कर पूछा- अंदर जगह कम है तो थोड़ा निकाल लूँ क्या?उर्मि तो नहीं समझी इस लतीफ़े को, लेकिन शानू और बानो ज़ोर से हंस पड़ी।

मैं धीरे धीरे से चुदाई की स्पीड बढ़ाने लगा।उधर कम्मो भी दोनों सेहलियों को गर्म करने में लगी थी, एक की चूत में उंगली थी और दूसरी के मम्मों में मुंह था।बानो के मोटे मम्मे जबरन निगाहें अपनी तरफ खींच रहे थे और कम्मो भी उसके मम्मों को बहुत चूस चूस कर मज़ा ले रही थी।

शानू की चूत से बहुत रस टपक रहा था और बानो इस कोशिश में थी कि उसके खुशबूदार रस को पी जाए।

जैसे ही मैं उर्मि को फुल स्पीड से चोदने लगा, वैसे ही उसके मुंह से ‘हाय हाय…’ की मीनूर आवाज़ें निकलने लगी और मेरा लौड़ा यह कह रहा था कि फाड़ दूंगा इस साली को छोड़ूंगा नहीं।

एक ज़ोरदार धक्के के बाद उर्मि की कमर इतनी ऊपर उठी और अपने साथ मुझको भी ऊपर उठा प्रिया पूरा का पूरा।फिर इतने ज़ोर से नीचे हुई कि मेरी कमर उसकी मुलायम और संगमरमरी जांघों की कैद में आ गई।

फिर उर्मि की कंपकंपाहट इतने ज़ोर से शुरू हुई कि मेरे साथ बाकी तीनों चूतों को भी अपना कारोबार रोक कर सिर्फ उर्मि की खूबसूरत जांघों और कमर को देखना पड़ा।मैंने अपना मुंह उर्मि के मुंह से चिपका रखा था ताकि वो और न चिल्लाये।

धीरे धीरे से वो संयत हुई और मैं उसके ऊपर से उठा।मेरा लंड उर्मि की चूत से निकले रस में काफ़ी सराबोर हो गया था जिसको कम्मो ने तौलिये से साफ़ किया और फिर उर्मि को भी आये पसीने को साफ़ किया और हम सबको शरबत भी पिलाया।

उर्मि ऐसे लेट गई जैसे वो बड़ी लम्बी रेस के बाद लौटी हो।

अब शानू और बानो ने मुझको घेर लिया, दोनों मेरे दोनों तरफ खड़ी होकर मुझको चूमने और मेरी छाती के चुचूकों को चूसने लगी।कम्मो ने दोनों को पलंग पर लिटा प्रिया और फिर मुझको उन दोनों के बीच में लेटना पड़ा।

मैंने पहले शानू को चूमा और फिर बानो को, दोनों की चूत में हाथ डाला तो दोनों तपती हुई भट्टी बनी हुई थी क्यूंकि उर्मि की चुदाई और बाद में कम्मो के साथ खेल खिलवाड़ में दोनों बेहद सेक्सी हो गई थी।

कम्मो ने सुझाया- छोटे मालिक, आप इन दोनों लड़कियों को एक साथ चोद डालो जैसे आप कई बार कर चुके हो।मैं बोला- क्यों शानू और बानो, मैं तुमको एक साथ चोद डालूँ या फिर एक एक कर के? बोलो क्या मर्ज़ी है?बानो बोली- अभी तो हम नहीं रुक सकती हैं अभी इतनी गर्मी चढ़ी हुई है। अभी तो साथ साथ कर दो हमारा काम, बाद में सिंगल एंट्री कर देना ओके?शानू भी बोली- हाँ हाँ, यही ठीक रहेगा।

कम्मो बोली- चलो, फिर तुम दोनों घोड़ी बन जाओ।

जब वो घोड़ी बन गई तो मैं पहले बानो के पीछे से चूत में खड़े लंड को धीरे से डालने की कोशिश करने लगा लेकिन बानो इतनी सेक्सी हो चुकी थी कि उसने ज़रा भी सब्र किये बगैर अपनी गांड को मेरे लंड के साथ जोड़ प्रिया और लंड पूरा का पूरा अंदर चला गया।बानो की चूत एकदम गीली और फूली हुई थी, वो स्वयं ही चूतड़ों को आगे पीछे कर रही थी और चुदाई का पूरा आनन्द ले रही थी। उसकी इस हालत को देख कर मैंने चुदाई की स्पीड तेज़ कर दी और उसके चूतड़ों को हाथ में पकड़ कर लम्बे और गहरे धक्के मारने लगा।थोड़ी देर में ही वो छूट गई और उसकी चूत खुलने और बंद होने लगी।

मैंने अपना लौड़ा उसकी चूत से निकाल कर शानू की चूत में डाल प्रिया और वैसे ही पूरी स्पीड से उसको भी चोदने लगा। वो इतनी गर्म नहीं थी तो उसकी चुदाई मैंने धीरे धीरे करनी शुरू की। धीरे चुदाई का मज़ा ही कुछ और है, वहाँ दोनों पक्ष अपना प्रेम व्यक्त कर सकते हैं।लेकिन अब शानू भी काफी हॉट हो चुकी थी तो मैंने फ़ास्ट और स्लो वाली स्पीड को अपनाया।मैं नीचे हाथ डाल कर उसकी चूत के भग को भी मसलने लगा जिससे उसका मज़ा दुगना हो गया और वो अब जल्दी जल्दी अपने चूतड़ आगे पीछे करने लगी।

दूसरी तरफ कम्मो उर्मि के साथ प्रेमालाप करने में मग्न थी, उसके गोल सॉलिड मम्मों को चूस रही थी और उर्मि भी अपने हाथ को कम्मो की चूत में डाल कर उसकी भग को मसल रही थी।जब मैंने महसूस किया कि शानू छूटने के कगार पर है तो मैंने अपनी स्पीड बहुत तेज़ कर दी और कुछ ही मिन्ट में शानू धराशायी हो गई।

मैं अपना लंड शानू की चूत से निकाल कर फर्श पर आ गया और ललकार भरी आवाज़ में बोला- और कोई है माई की लाडली जो मेरे सामने आकर खड़ी हो सके?कम्मो ने हँसते हुए कहा- अभी तो मैं बाकी हूँ लेकिन अपना हिसाब बाद में कर लूंगी। क्यों उर्मि और इच्छा है क्या?उसने इंकार में सर हिला प्रिया और बानो और शानू भी कुछ नहीं बोली।

मैं अभी भी उर्मि पर मर मिटा था तो मैंने उर्मि को आलिंगन में लिया और उसके कान में कहा- उर्मि डार्लिंग, तुम बड़ी सेक्सी और सुन्दर हो, तुम से जी नहीं भरा है अभी, क्या कल आना चाहोगी तुम अकेली ही?उसने हाँ में सर हिला प्रिया और मैंने वैसे ही उसके कान में कहा- फिर कॉलेज में बात कर लेंगे।

कपड़े पहनने से पहले मैंने उर्मि और बानो के मम्मों को चूमा चाटा और शानू के चूतड़ों को हल्के से मसला।फिर तीनों ने कपड़े पहन लिए और हम सब फिर बैठक में आ गए।कम्मो सबके लिए शर्बत और चाय ले आई। मैंने और उर्मि ने चाय पी और बाकी दोनों ने शरबत पिया।

कम्मो ने तीनों को हमारे घर का फ़ोन नंबर दे प्रिया और कहा- कभी ज़रूरत हो तो फोन कर लेना।उर्मि मेरे साथ वाली क्लास में बैठती थी और शानू और बानो एक ही क्लास में बैठती थी।फिर मिलने का वायदा करके वो तीनों अपने अपने घर चली गई।कहानी के नीचे अपने कमेन्ट्स भी लिखिये !कहानी जारी रहेगी।support@mohakkisse.com

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

श्रृंखला

कहानी श्रृंखला (STORY SERIES)

मेरा गुप्त जीवन

कुल भाग: 189
भाग 1
भाग 1: पढ़ें
भाग 2
भाग 2: पढ़ें
भाग 3
भाग 3: पढ़ें
भाग 4
भाग 4: पढ़ें
भाग 5
भाग 5: पढ़ें
भाग 6
भाग 6: पढ़ें
भाग 7
भाग 7: पढ़ें
भाग 8
भाग 8: पढ़ें
भाग 9
भाग 9: पढ़ें
भाग 10
भाग 10: पढ़ें
भाग 12
भाग 12: पढ़ें
भाग 13
भाग 13: पढ़ें
भाग 14
भाग 14: पढ़ें
भाग 15
भाग 15: पढ़ें
भाग 16
भाग 16: पढ़ें
भाग 17
भाग 17: पढ़ें
भाग 18
भाग 18: पढ़ें
भाग 19
भाग 19: पढ़ें
भाग 20
भाग 20: पढ़ें
भाग 21
भाग 21: पढ़ें
भाग 22
भाग 22: पढ़ें
भाग 23
भाग 23: पढ़ें
भाग 24
भाग 24: पढ़ें
भाग 25
भाग 25: पढ़ें
भाग 26
भाग 26: पढ़ें
भाग 27
भाग 27: पढ़ें
भाग 28
भाग 28: पढ़ें
भाग 29
भाग 29: पढ़ें
भाग 30
भाग 30: पढ़ें
भाग 31
भाग 31: पढ़ें
भाग 32
भाग 32: पढ़ें
भाग 33
भाग 33: पढ़ें
भाग 34
भाग 34: पढ़ें
भाग 35
भाग 35: पढ़ें
भाग 36
भाग 36: पढ़ें
भाग 37
भाग 37: पढ़ें
भाग 38
भाग 38: पढ़ें
भाग 39
भाग 39: पढ़ें
भाग 40
भाग 40: पढ़ें
भाग 41
भाग 41: पढ़ें
भाग 42
भाग 42: पढ़ें
भाग 43
भाग 43: पढ़ें
भाग 44
भाग 44: पढ़ें
भाग 45
भाग 45: पढ़ें
भाग 46
भाग 46: पढ़ें
भाग 47
भाग 47: पढ़ें
भाग 48
भाग 48: पढ़ें
भाग 49
भाग 49: पढ़ें
भाग 50
भाग 50: पढ़ें
भाग 51
भाग 51: पढ़ें
भाग 52
भाग 52: पढ़ें
भाग 53
भाग 53: पढ़ें
भाग 54
भाग 54: पढ़ें
भाग 55
भाग 55: पढ़ें
भाग 56
भाग 56: पढ़ें
भाग 57
भाग 57: पढ़ें
भाग 58
भाग 58: पढ़ें
भाग 59
भाग 59: पढ़ें
भाग 60
भाग 60: पढ़ें
भाग 61
भाग 61: पढ़ें
भाग 62
भाग 62: पढ़ें
भाग 63
भाग 63: पढ़ें
भाग 64
भाग 64: पढ़ें
भाग 65
भाग 65: पढ़ें
भाग 66
भाग 66: पढ़ें
भाग 67
भाग 67: पढ़ें
भाग 68
भाग 68: पढ़ें
भाग 69
भाग 69: पढ़ें
भाग 70
भाग 70: पढ़ें
भाग 71
भाग 71: पढ़ें
भाग 72
भाग 72: पढ़ें
भाग 73
भाग 73: पढ़ें
भाग 74
भाग 74: पढ़ें
भाग 75
भाग 75: पढ़ें
भाग 76
भाग 76: पढ़ें
भाग 77
भाग 77: पढ़ें
भाग 78
भाग 78: पढ़ें
भाग 79
भाग 79: पढ़ें
भाग 80
भाग 80: पढ़ें
भाग 81
भाग 81: पढ़ें
भाग 82
भाग 82: पढ़ें
भाग 83
भाग 83: पढ़ें
भाग 84
भाग 84: पढ़ें
भाग 85
भाग 85: पढ़ें
भाग 86
भाग 86: पढ़ें
भाग 87
भाग 87: पढ़ें
भाग 88
भाग 88: पढ़ें
भाग 89
भाग 89: पढ़ें
भाग 90
भाग 90: पढ़ें
भाग 91
भाग 91: पढ़ें
भाग 92
भाग 92: पढ़ें
भाग 93
भाग 93: पढ़ें
भाग 94
भाग 94: पढ़ें
भाग 95
भाग 95: पढ़ें
भाग 96
भाग 96: पढ़ें
भाग 97
भाग 97: पढ़ें
भाग 98
भाग 98: पढ़ें
भाग 99
भाग 99: पढ़ें
भाग 100
भाग 100: पढ़ें
भाग 101
भाग 101: पढ़ें
भाग 102
भाग 102: पढ़ें
भाग 103
भाग 103: पढ़ें
भाग 104
भाग 104: पढ़ें
भाग 105
भाग 105: पढ़ें
भाग 106
भाग 106: पढ़ें
भाग 107
भाग 107: पढ़ें
भाग 108
भाग 108: पढ़ें
भाग 109
भाग 109: पढ़ें
भाग 110
भाग 110: पढ़ें
भाग 111
भाग 111: पढ़ें
भाग 112
भाग 112: पढ़ें
भाग 113
भाग 113: पढ़ें
भाग 114
भाग 114: पढ़ें
भाग 115
भाग 115: पढ़ें
भाग 116
भाग 116: पढ़ें
भाग 117
भाग 117: पढ़ें
भाग 118
भाग 118: पढ़ें
भाग 119
भाग 119: पढ़ें
भाग 120
भाग 120: पढ़ें
भाग 121
भाग 121: पढ़ें
भाग 122
भाग 122: पढ़ें
भाग 123
भाग 123: पढ़ें
भाग 124
भाग 124: पढ़ें
भाग 125
भाग 125: पढ़ें
भाग 126
भाग 126: पढ़ें
भाग 127
भाग 127: पढ़ें
भाग 128
भाग 128: पढ़ें
भाग 129
भाग 129: पढ़ें
भाग 130
भाग 130: पढ़ें
भाग 131
भाग 131: पढ़ें
भाग 132
भाग 132: पढ़ें
भाग 133
भाग 133: पढ़ें
भाग 134
भाग 134: पढ़ें
भाग 135
भाग 135: पढ़ें
भाग 136
भाग 136: पढ़ें
भाग 137
भाग 137: पढ़ें
भाग 138
भाग 138: पढ़ें
भाग 139
भाग 139: पढ़ें
भाग 140
भाग 140: पढ़ें
भाग 141
भाग 141: पढ़ें
भाग 142
भाग 142: पढ़ें
भाग 143
भाग 143: पढ़ें
भाग 144
भाग 144: पढ़ें
भाग 145
भाग 145: पढ़ें
भाग 146
भाग 146: पढ़ें
भाग 147
भाग 147: पढ़ें
भाग 148
भाग 148: पढ़ें
भाग 149
भाग 149: पढ़ें
भाग 150
भाग 150: पढ़ें
भाग 151
भाग 151: पढ़ें
भाग 152
भाग 152: पढ़ें
भाग 153
भाग 153: पढ़ें
भाग 154
भाग 154: पढ़ें
भाग 155
भाग 155: पढ़ें
भाग 156
भाग 156: पढ़ें
भाग 157
भाग 157: पढ़ें
भाग 158
भाग 158: पढ़ें
भाग 159
भाग 159: पढ़ें
भाग 160
भाग 160: पढ़ें
भाग 161
भाग 161: पढ़ें
भाग 162
भाग 162: पढ़ें
भाग 163
भाग 163: पढ़ें
भाग 164
भाग 164: पढ़ें
भाग 165
भाग 165: पढ़ें
भाग 166
भाग 166: पढ़ें
भाग 167
भाग 167: पढ़ें
भाग 168
भाग 168: पढ़ें
भाग 169
भाग 169: पढ़ें
भाग 170
भाग 170: पढ़ें
भाग 171
भाग 171: पढ़ें
भाग 172
भाग 172: पढ़ें
भाग 173
भाग 173: पढ़ें
भाग 174
भाग 174: पढ़ें
भाग 175
भाग 175: पढ़ें
भाग 176
भाग 176: पढ़ें
भाग 177
भाग 177: पढ़ें
भाग 178
भाग 178: पढ़ें
भाग 179
भाग 179: पढ़ें
भाग 180
भाग 180: पढ़ें
भाग 181
भाग 181: पढ़ें
भाग 182
भाग 182: पढ़ें
भाग 183
भाग 183: पढ़ें
भाग 184
भाग 184: पढ़ें
भाग 185
भाग 185: पढ़ें
भाग 186
भाग 186: पढ़ें
भाग 187
भाग 187: पढ़ें
भाग 188
भाग 188: पढ़ें
भाग 189
भाग 189: पढ़ें
भाग 190
भाग 190: पढ़ें
यह एक बहु-भाग कहानी है। अपनी पसंदीदा कड़ी पर जाने के लिए ऊपर क्लिक करें।

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

घर में ही मिला चुदाई का रास्ता- 2
जवान लड़की

घर में ही मिला चुदाई का रास्ता- 2

Xxx माउथ फक स्टोरी में मेरे पापा के दोस्त ने मुझे नंगी देखा तो वे मुझे चोदना चाहते थे, मैं भी उनसे चुदना चाहती थी. एक दिन अंकल ने मुझे नंगी करके मेरी चूत चाटी और लंड चुसवाया.

17 मिनट 1,001
जवान लड़की ने सहेली की चूत गांड चुदवाई
जवान लड़की

जवान लड़की ने सहेली की चूत गांड चुदवाई

सेक्स सेक्स सेक्स हिंदी कहानी में एक लड़की ने अपनी कामुक सहेली से बदला लेने के लिए उसे मेरे बड़े लंड के हवाले कर प्रिया. मैंने 2 दिन रात में उसकी दसियों बार आगे पीछे से चोदा.

15 मिनट 910
अपनी चूत की जलन का उपचार करवाया-1
जवान लड़की

अपनी चूत की जलन का उपचार करवाया-1

अनेक लेखक एवं लेखिकाओं द्वारा लिखी गई उनकी सच्ची अथवा काल्पनिक कहानियाँ पढ़ने के बाद मेरी सोई हुई कामइवासना जागृत होने के साथ साथ उसमें वृद्धि भी हुई! उन्ही रचनाओं से प्रेरित ही कर मैं भी अपने इस छोटे से जीवनकाल में घटी एक घटना को कुछ अनुच्छेदों मे...

12 मिनट 1,151

पाठकों की राय

2 टिप्पणियां

दीपक xxx

1 month ago

बहुत ही गजब का लिखा है लेखक भाई। आपका लिखने का स्टाइल बहुत बढ़िया है।

देव कुमार

2 months ago

सच में बहुत ही हॉट और उत्तेजक कहानी है भाई। मजा आ गया पढ़कर।

🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।